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Lakhimpur ऑपरेशन सिवाजरा’ के तहत 8 शातिर साइबर ठग गिरफ्तार

August 1, 2026

Lakhimpur ऑपरेशन सिवाजरा’ के तहत 8 शातिर साइबर ठग गिरफ्तार

साइबर क्राइम पुलिस को बड़ी कामयाबी

भारी मात्रा में सिम और उपकरण बरामद

एपी सिंह
लखीमपुर खीरी 01 अगस्त 2026, जनपद में साइबर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन सिवाजरा’ के तहत थाना साइबर क्राइम पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने अंतरजनपदीय साइबर ठग गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 8 शातिर अभियुक्तों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक खीरी डॉ. ख्याति गर्ग के कुशल निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक के पर्यवेक्षण और सहायक पुलिस अधीक्षक क्षेत्राधिकारी सदर के नेतृत्व में अमल में लाई गई।थाना साइबर क्राइम टीम ने कोतवाली सदर क्षेत्र के अंतर्गत लखनऊ-बहराइच मुख्य मार्ग पर अमृतागंज नहर पुलिया के पास स्थित यात्री भवन से इन सभी 8 अभियुक्तों को दबोचा। पुलिस ने इनके कब्जे से साइबर ठगी में इस्तेमाल होने वाले भारी मात्रा में सिम कार्ड, फिंगरप्रिंट स्कैनर और मोबाइल फोन बरामद किए हैं।इस बड़ी कार्रवाई के बाद थाना साइबर क्राइम खीरी पर मु.अ.सं. 37/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4), 317(2) और आईटी एक्ट की धारा 66(डी) के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया है। पुलिस आरोपियों को अग्रिम विधिक कार्रवाई के लिए माननीय न्यायालय के समक्ष पेश कर रही है।कैसे जालसाजी करता था यह गिरोह (मोडस ऑपेरंडी)पुलिस पूछताछ और जांच में इस गिरोह के अपराध करने के चौंकाने वाले तरीके का खुलासा हुआ है,भोले-भाले लोग बनते थे निशाना,गिरोह के सदस्य गरीब और सीधे-साधे ग्रामीणों को निशाना बनाते थे। उन्हें सिम कार्ड पोर्ट कराने का झांसा दिया जाता था।फर्जी सिम कार्ड एक्टिवेशन,सिम पोर्ट करने के बहाने ग्राहकों का बायोमेट्रिक (अंगूठा) लगवाया जाता था। इसके बाद उनके नाम पर अन्य टेलीकॉम कंपनियों के फर्जी सिम कार्ड अवैध रूप से जारी करा लिए जाते थे।फर्जी यूपीआई खातों का निर्माण, इन अवैध सिम कार्ड्स का इस्तेमाल करके बैंक खाते और फर्जी यूपीआई आईडी तैयार की जाती थी।कमीशन का खेल, इन फर्जी खातों को ‘बिग विनर ऐप’ पर अपलोड किया जाता था। देश भर में होने वाले साइबर फ्रॉड की रकम को इन्हीं खातों में ट्रांसफर किया जाता था। इस अवैध लेन-देन के बदले अभियुक्तों को हर खाते पर मोटा कमीशन मिलता था।पुलिस को छकाने की साजिश: ठगी की वारदात में आरोपी कभी भी अपने खुद के सिम कार्ड या बैंक खातों का इस्तेमाल नहीं करते थे। इससे यदि किसी भी राज्य की पुलिस जांच शुरू करे, तो वह असली अपराधियों तक न पहुंच सके।लखीमपुर खीरी पुलिस की इस त्वरित और सटीक कार्रवाई से क्षेत्र के आम जनमानस में सुरक्षा का एक सकारात्मक संदेश गया है। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य नेटवर्क और बैंक खातों की डिटेल खंगालने में जुटी है।

July 30, 2026

नाला निर्माण में भ्रष्टाचार देख भड़के विधायक योगेश वर्मा, खुद फीता लेकर नाले में उतरे

लखीमपुर खीरी।आवास विकास नहर पट्टी पर पिछले एक साल से लटके नाला निर्माण कार्य और उसमें बढ़ती जा रही घोर लापरवाही को लेकर सदर विधायक योगेश वर्मा का गुस्सा फूट पड़ा। लगातार मिल रही जनशिकायतों का संज्ञान लेते हुए विधायक योगेश वर्मा और नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. इरा श्रीवास्तव अचानक औचक निरीक्षण करने मौके पर पहुंच गए।
निर्माण कार्य की बेहद खराब गुणवत्ता को देखकर विधायक खुद को रोक नहीं पाए। वे हाथ में फीता लेकर खुद ही नाले के भीतर उतर गए और उसकी नपाई शुरू कर दी। जांच में नाले का आकार और निर्माण सामग्री पूरी तरह मानक के विपरीत पाई गई। जल निगम द्वारा कराए जा रहे इस काम में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और लापरवाही देखकर विधायक ने भारी नाराजगी जाहिर की।

अधिकारियों की लगाई क्लास, जांच के आदेश

सदर विधायक योगेश वर्मा ने मौके से ही फोन पर संबंधित अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। उन्होंने निर्माण कार्य में हुए भ्रष्टाचार की कड़ाई से जांच करने के आदेश दिए हैं। साथ ही उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि नाला निर्माण का काम तुरंत गुणवत्ता के साथ शुरू किया जाए और बंद पड़ी नहर पट्टी के रास्ते को आम जनता के लिए जल्द से जल्द सुचारु बनाया जाए।

साल भर से परेशान हैं मोहल्लेवासी

आवास विकास नहर पट्टी से लगा यह नाला पिछले एक वर्ष से अधिक समय से अधूरा पड़ा है। इसके कारण एक तरफ का पूरा रास्ता बंद है, जिससे स्थानीय निवासियों और राहगीरों को आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। विधायक के इस कड़े रुख और त्वरित ऐक्शन को देखकर अब स्थानीय जनता में जल्द राहत मिलने की उम्मीद जगी है।

जिला अस्पताल ओयल में स्वास्थ्य सेवाएं बेपटरी, डॉक्टर के अवकाश से बिना इलाज लौट रहे मरीज

करीब एक माह से खराब चल रही अस्पताल कि लिफ्ट तीन मंजिल जीने के सहारे मरीज

लखीमपुर खीरी।स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय के जिला अस्पताल मोतीपुर ओयल में इस समय स्वास्थ्य व्यवस्थाएं पूरी तरह चरमरा गई हैं।अस्पताल के डॉक्टर लगातार लंबी छुट्टी पर चल रहे हैं, जिससे दूर-दराज से आने वाले गरीब मरीजों को बिना इलाज के ही बैरंग वापस लौटना पड़ रहा है।मिली जानकारी के अनुसार, जिला अस्पताल में तैनात डॉ. शिशिर पांडे लगातार अवकाश पर हैं। इससे पहले भी वह एक लंबी छुट्टी पर गए थे, जिससे मरीजों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा था। अब उनके दोबारा बीमार होने के कारण स्वास्थ्य सेवाएं ठप सी हो गई हैं। जब इस संबंध में अस्पताल स्टाफ से डॉ. पांडे की वापसी को लेकर पूछताछ की गई, तो उन्होंने कोई भी स्पष्ट जानकारी होने से साफ इनकार कर दिया।

गरीबों पर दोहरी मार: समय और पैसे दोनों की बर्बादी

उत्तर प्रदेश सरकार जहां एक तरफ बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के बड़े-बड़े दावे कर रही है, वहीं जमीनी हकीकत इसके बिल्कुल उलट है। डॉक्टरों के इस तरह लंबी छुट्टी पर चले जाने से मरीजों को भारी मानसिक और आर्थिक परेशानी उठानी पड़ रही है। अस्पताल आने वाले गरीब मरीजों का न सिर्फ पूरा दिन बर्बाद हो रहा है, बल्कि आने-जाने में उनका कीमती पैसा भी खर्च हो रहा है।

पड़ोसी जिलों से भी आ रहे मरीज परेशान

ओयल जिला अस्पताल की बदहाली का असर सिर्फ स्थानीय लोगों पर ही नहीं, बल्कि पड़ोसी जिलों के मरीजों पर भी पड़ रहा है।सीतापुर जनपद के हरगांव और लहरपुर जैसे सीमावर्ती इलाकों से बड़ी संख्या में मरीज इलाज की उम्मीद लेकर लखीमपुर आ रहे हैं।अस्पताल में इलाज के लिए पहुंचे मरीज अब्दुल खान (लखीमपुर), शारिया बानो (लखीमपुर) और रीता सिंह (हरगांव) ने अपना दर्द बयां करते हुए कहा कि वे डॉक्टर को दिखाने आए थे। लेकिन डॉ. शिशिर पांडे के न मिलने और कोई वैकल्पिक व्यवस्था न होने के कारण उन्हें बिना दवा लिए ही मजबूरन वापस लौटना पड़ रहा है।स्थानीय निवासियों और मरीजों ने जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि अस्पताल में डॉक्टरों की उपस्थिति सुनिश्चित की जाए ताकि गरीबों को समय पर इलाज मिल सके।जिला अस्पताल में करीब एक महीने से लिफ्ट खराब है और अन्य व्यवस्थाएं खराब है लेकिन उनको सही कराने के लिए विभागीय अधिकारी रूचि नहीं ले रहे हैं जिससे तीन मंजिल पर जाने के लिए जीने का सहारा मरीज और परिजनों को लेना पड़ रहा है हालंकि जिला अस्पताल के सीएमएस का कहना है कि समस्याओं को शीघ्र दुरुस्त कराया जाएगा और कुछ अन्य समस्याओं को सही करा दिया गया है।

बक्सा मार्केट में अतिक्रमण हटाने पहुंचा बुलडोजर, भारी हंगामे के बाद प्रशासन ने दी दो दिन की मोहलत

लखीमपुर खीरी। शहर के संकटा देवी मोहल्ला स्थित बक्सा मार्केट में गुरुवार को उस समय भारी अफरा-तफरी और हंगामे की स्थिति बन गई, जब नगर पालिका की टीम पुलिस बल के साथ अवैध अतिक्रमण हटाने पहुंच गई। हाईकोर्ट के आदेश के अनुपालन में शुरू हुई इस कार्रवाई के दौरान प्रभावित दुकानदारों और निवासियों में हड़कंप मच गया।

रो-रोकर महिला ने मांगी मोहलत, कोर्ट में केस पेंडिंग होने का दावा

जैसे ही योगी सरकार का बुलडोजर बक्सा मार्केट पहुंचा, वहां पिछले 40 सालों से रह रही एक महिला प्रशासनिक अधिकारियों के सामने फूट-फूटकर रोने लगी। महिला ने रोते हुए गुहार लगाई, “हम यहां 40 साल से रह रहे हैं, हमें कुछ दिनों की मोहलत दी जाए।” महिला का दावा है कि इस मामले का केस अभी भी कोर्ट में पेंडिंग (लंबित) है, इसके बावजूद नगर पालिका प्रशासन जबरन अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई कर रहा है।

अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए तैनात रहा भारी बल

कार्रवाई की शुरुआत में ही स्थानीय लोगों के विरोध को देखते हुए नगर पालिका के अधिकारियों ने पुलिस बल के पूरी तरह मौके पर पहुंचने का इंतजार किया, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति या कानून-व्यवस्था बिगड़ने से बचा जा सके। मौके पर नगर पालिका के आला अधिकारी और पुलिस बल की मौजूदगी से पूरे संकटा देवी क्षेत्र में भारी हलचल और तनाव का माहौल बना रहा।

भारी बवाल के बाद प्रशासन बैकफुट पर, मिली 2 दिन की राहत

बक्सा मार्केट में अवैध अतिक्रमण हटाने की इस कार्रवाई का स्थानीय व्यापारियों और निवासियों ने पुरजोर विरोध किया। मौके पर हुए भारी बवाल और हंगामे को देखते हुए नगर पालिका लखीमपुर प्रशासन को आखिरकार कदम पीछे खींचने पड़े। अधिकारियों ने मानवीय संवेदनाओं और कानून-व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए प्रभावित लोगों को अपनी दुकानें और मकान खाली करने के लिए दो दिन की मोहलत दे दी है। इस राहत के बाद फिलहाल टीम वापस लौट गई है, लेकिन क्षेत्र में तनाव अभी भी बना हुआ है।

बाबा साहब को साक्षी मानकर दंपति ने रचाया गंधर्व विवाह, बौद्ध भिक्षु ने दिया आशीर्वाद

मितौली खीरी। तहसील क्षेत्र के मैगलगंज थाना अंतर्गत लालपुर स्थित यशोधरा बौद्ध विहार में गुरुवार को एक दंपति ने बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर को साक्षी मानते हुए गंधर्व विवाह किया। विवाह के उपरांत दोनों ने बौद्ध भिक्षु का आशीर्वाद प्राप्त कर दाम्पत्य जीवन की नई शुरुआत की।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, हरदोई जनपद के पिहानी क्षेत्र स्थित ग्राम निजामपुर निवासी सालिक राम (पुत्र बाबू राम) की पहली पत्नी लगभग 12 वर्ष पूर्व छोड़ कर कहीं चली गई थी।पत्नी के चले जाने के बाद शाहजहांपुर जनपद के थाना सेरामऊ क्षेत्र के ग्राम दादऊ निवासी रंजना देवी (पुत्री रामदीन) उनके परिवार के साथ रहकर बच्चों की देखभाल करती थीं।
बताया गया कि दोनों के साथ रहने को लेकर गांव एवं समाज के कुछ लोग आपत्तिजनक टिप्पणियां करते थे। इसी को देखते हुए दोनों ने अपने संबंध को सामाजिक मान्यता देने का निर्णय लिया। गुरुवार, 30 जुलाई 2026 को लालपुर स्थित यशोधरा बौद्ध विहार में बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा को साक्षी मानकर एक-दूसरे को जयमाला पहनाई और गंधर्व विवाह रचाया।
विवाह के बाद दोनों ने बौद्ध भिक्षु का आशीर्वाद लिया तथा पति-पत्नी के रूप में अपने घर के लिए रवाना हो गए। इस विवाह की क्षेत्र में व्यापक चर्चा रही और कई लोगों ने नवदंपति को शुभकामनाएं दीं।

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