Web News

www.upwebnews.com

खामनेई की मृत्यु के बाद लखनऊ में प्रदर्शन

March 1, 2026

खामनेई की मृत्यु के बाद लखनऊ में प्रदर्शन

लखनऊ 01 मार्च 2026,अमेरिकाआऔर इजरायल के संयुक्त हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह खामनेई के मारे जाने के बाद यहां शिया मुसलमानों मे भरी आक्रोश है।

अमेरिका के खिलाफ प्रदर्शन शुरू हो गए है। लोग सड़कों पर उतर कर अमेरिका और इजरायल के खिलाफ नारेबाजी कर रहे है।

अयातुल्लाह ख़ामनाई की शहादत के सिलसिले में मौलाना कल्बे जववाद नकवी ने जानकारी देते हुए गहरा अफसोस जताते हुए कहा कि आज रात 8 बजे सभी लोग छोटे इमामबाड़े पहुंचे हो सके तो सियाह कपड़े पहने साथ ही अपने घरों में भी काले झंडे लगाए 3दिन ये शोक मनाया जाएगा.

Lucknow 01 March 2026, There is widespread anger among Shia Muslims here after Iran’s Supreme Leader Ayatollah Khamenei was killed in a joint US-Israeli attack. Protests against the US have begun. People took to the streets shouting slogans against the US and Israel. In connection with the martyrdom of Ayatollah Khamenei, Maulana Kalbe Jawwad Naqvi expressed deep regret and said that if everyone could reach the small Imambara at 8 o’clock tonight, then this mourning would be observed for 3 days by wearing black clothes as well as putting black flags in their homes.

لکھنؤ 1 مارچ 2026، ایران کے سپریم لیڈر آیت اللہ خامنہ ای کے امریکہ اور اسرائیل کے مشترکہ حملے میں مارے جانے کے بعد یہاں کے شیعہ مسلمانوں میں بڑے پیمانے پر غصہ پایا جاتا ہے۔ امریکہ کے خلاف مظاہرے شروع ہو گئے ہیں۔ لوگ سڑکوں پر نکل آئے اور امریکہ اور اسرائیل کے خلاف نعرے بازی کی۔ آیت اللہ خامنہ ای کی شہادت کے حوالے سے مولانا کالبے جواد نقوی نے گہرے افسوس کا اظہار کرتے ہوئے کہا کہ اگر ہر کوئی آج رات 8 بجے چھوٹے سے امامہ تک پہنچ سکے تو یہ سوگ 3 دن تک سیاہ کپڑے پہن کر اور اپنے گھروں میں سیاہ جھنڈے لگا کر منایا جائے گا۔

भारत का युवा अब समाज को नई दिशा दिखाने वाला बना: देवदत्त जोशी

Savishkar Startsup Seminar in AKTU Lucknow by ABVP

Posted on 01.03.2026 Sunday Time 07.27 PM, Lucknow, UP NEws

लखनऊ, 1 मार्च 2026, एपीजे अब्दुल कलाम टेक्निकल यूनिवर्सिटी में ‘सविष्कार स्टार्टअप संगम 2026’ हुआ। संगम में  युवाओं को स्वावलंबन और राष्ट्र पुनर्निर्माण का मंत्र मिला।

सविष्कार’ का दो दिवसीय अखिल भारतीय सम्मेलन ‘सविष्कार स्टार्टअप संगम 2026’ का आज डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय (AKTU), में हुआ। नवाचार और उद्यमिता के इस महाकुंभ के दूसरे और अंतिम दिन युवाओं को अपने विचारों के माध्यम से आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को सिद्ध करने के लिए प्रेरित किया गया।

Devdatt Joshi, Sah Sangathan Mantri ABVP

आज के दिवस के मुख्य वक्ता के रूप में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) के राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री श्री देवदत्त जोशी उपस्थित रहे जिन्होंने युवाओं का मार्गदर्शन किया। वहीं समारोप सत्र में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, पूर्वी उत्तर प्रदेश क्षेत्र के क्षेत्रीय संगठन मंत्री श्री घनश्याम शाही एवं सविष्कार के राष्ट्रीय संयोजक श्री निसर्ग राठौड़ ने प्रतिभागियों को संबोधित किया।

Ghanshyam Shahi, kshetriya Sangathan Mantri ABVP

इस दो दिवसीय स्टार्टअप सम्मेलन में मेटा, एड्यूबुक, हाउस एस्थेटिक्स, बमशम, वॉक्सऑरा लैब्स, रेशनल एआई, एएम स्किल्स ई-एकेडमी प्राइवेट लिमिटेड, डेक्सटोरा एआई एजुकेशन प्राइवेट लिमिटेड, राइट लेफ्ट एआई, फिजिक्स वाला, ड्रोन लैब, आईआईएम लखनऊ इनक्यूबेशन सेंटर तथा आई-हब यूपी AKTU जैसे प्रमुख कंपनियों एवं संस्थानों के प्रतिनिधि पैनल संवाद में भाग लिया।

आज के दिवस के मुख्य वक्ता एवं अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री श्री देवदत्त जोशी ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा, “भारत का युवा अब केवल नौकरी की कतार में खड़ा रहने वाला नहीं बल्कि समाज को नई दिशा और रोजगार देने वाला बन रहा है। हमारे युवाओं में असीम ऊर्जा और विश्वस्तरीय विचार हैं; आवश्यकता है तो बस उन्हें सही मंच और मार्गदर्शन देने की। विद्यार्थी परिषद हमेशा से छात्र शक्ति को राष्ट्र शक्ति में बदलने का कार्य करती रही है। हमारा मानना है कि सविष्कार जैसे मंचों से निकलने वाले स्टार्टअप्स का उद्देश्य केवल आर्थिक लाभ कमाना नहीं होना चाहिए बल्कि उनका मूल लक्ष्य समाज की अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति की समस्याओं का तकनीकी और सुलभ समाधान खोजना होना चाहिए। यही सच्चे अर्थों में राष्ट्र निर्माण है।”

समारोप सत्र को संबोधित करते हुए अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, पूर्वी उत्तर प्रदेश क्षेत्र के क्षेत्रीय संगठन मंत्री श्री घनश्याम शाही ने कहा, “आज देश का युवा नवाचार के क्षेत्र में अपनी असीम संभावनाओं का प्रदर्शन कर रहा है। इस दो दिवसीय संगम में देशभर से आए लगभग 250 प्रतिनिधियों ने सहभागिता की है और हमने देखा कि छोटे शहरों और ग्रामीण परिवेश से आने वाले छात्रों के पास भी अत्यंत व्यावहारिक और परिवर्तनकारी स्टार्टअप आइडिया हैं। विद्यार्थी परिषद और सविष्कार का यह संयुक्त प्रयास इन विचारों को कागजों से निकालकर धरातल पर उतारने का एक अनुष्ठान है। हमारा लक्ष्य है कि हमारे शैक्षणिक परिसर केवल डिग्रियां बांटने के केंद्र न रहें बल्कि वे नवाचार और उद्यम के जीवंत इकोसिस्टम बनें।”

समारोप सत्र में इस आयोजन का सारांश प्रस्तुत करते हुए सविष्कार के राष्ट्रीय संयोजक श्री निसर्ग राठौड़ ने कहा, “इन दो दिनों में देशभर से आए छात्र प्रतिनिधियों, निवेशकों और उद्योग जगत के विशेषज्ञों के बीच जो ऊर्जावान संवाद हुआ है वह अद्वितीय है। ‘सविष्कार स्टार्टअप संगम 2026’ केवल एक आयोजन नहीं बल्कि एक वैचारिक क्रांति की शुरुआत है। युवाओं के भीतर ‘जॉब सीकर’ से ‘जॉब क्रिएटर’ बनने की जो आग हमने इन दो दिनों में देखी है वह हमें पूर्ण विश्वास दिलाती है कि हम इन बेहतरीन विचारों को आगे ले जाने और उन्हें उचित इनक्यूबेशन दिलाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। यहाँ से निकलने वाला हर युवा भारत की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा।”

कार्यक्रम के अंत में आयोजन समिति द्वारा सभी अतिथियों, वक्ताओं, मेंटर्स और देश के कोने-कोने से आए छात्र प्रतिनिधियों का आभार व्यक्त किया गया। वंदे मातरम के गान के साथ नवाचार और उद्यमिता के इस दो दिवसीय आयोजन का सफलतापूर्वक समापन हुआ।

योगी के विदेशी दौरों में सनातन धर्म और विकसित भारत की झलक

CM YOGI ADITYANATH
मृत्युंजय दीक्षित
प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ देश के ऐसे प्रथम मुख्यमंत्री हैं जिन्होंने भगवा वस्त्र धारण कर सिंगापुर और जापान की सफल विदेश यात्रा की और सनातन की धर्म ध्वजा फहराकर एक नया कीर्तिमान स्थापित करने में सफल रहे। मुख्यमंत्री योगी सिंगापुर और जापान से प्रदेश के विकास के लिए अनेक निवेश प्रस्ताव लेकर आए हैं और कई समझौतों पर हस्ताक्षर भी किए हैं, स्वाभाविक है इससे प्रदेश के विकास को एक नया बल मिलेगा।
गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में नरेंद्र मोदी की पहली विदेश यात्रा जापान की थी और मुख्यमंत्री योगी भी अपनी विदेश यात्रा में सिंगापुर होते हुए जापान पहुंचे यानी कहा जा सकता है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी अब प्रदेश के विकास को गति देने के लिए प्रधानमंत्री मोदी के पदचिह्नों का अनुगमन कर रहे हैं। दोनों ही देशों में मुख्यमंत्री के कार्यक्रमों में जय श्रीराम की गूंज रही, अयोध्या में दिव्य व भव्य राम मंदिर से लेकर काशी विश्वनाथ धाम कॉरिडोर के निर्माण का उल्लास सिंगापुर और जापान में भी दिखाई दिया। साथ ही मुख्यमंत्री सिंगापुर और जापान में जो बोल रहे थे उसका प्रभाव यूपी व देश की राजनीति पर भी दिखाई दे रहा था। योगी जी के वक्तव्यों पर वार पलटवार खूब हुए किंतु इन विदेश यात्राओं से यह तय हो गया कि अब यूपी का विकास थमने वाला नहीं है । पीडीए वाले हों या फिर बहुजन समाजवादी अब कोई भी यूपी में योगी जी को नहीं रोक सकता।
सिंगापुर व जापान के दौरे पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 60 से अधिक संवाद कार्यक्रमों में भाग लिया और राज्य में निवेश को लेकर 500 से अधिक निवेशकों के साथ संपर्क करके निवेश का आमंत्रण दिया। योगी जी की यात्रा के दौरान 1.5लाख करोड़ रुपए के निवेश को लेकर विभिन्न कंपनियों के साथ समझौते हुए और 2.5 लाख करोड़ रुपए के निवेश के प्रस्ताव राज्य सरकार के प्रतिनिधिमंडल को मिले हैं। यह निवेश धरातल पर उतरने के बाद राज्य के पांच लाख युवाओं को कौशल विकास रोजगार के अवसर मिलेंगे।
मुख्यमंत्री की सिंगापुर और जापान यात्रा के दौरान सिंगापुर टोक्यो और यामानाशी में तीन बड़े निवेश रोड शो भी आयोजित किए गए । इनमें करीब 500 निवेशकों और वित्तीय संसाधनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। जापान में मुख्यमंत्री योगी ने भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए कहा कि हम सूर्यपुत्र हैं ओैर हमें सूर्य जैसी रोशनी चाहिए। उन्होंने निवेशकों को बताया कि यूपी में अब कोई दंगा नहीं होता है, सब चंगा है। उन्होंने पूर्ववर्ती सरकारों पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि जिनकी प्रवृत्ति डकैती की थी उन्होंने यूपी को अंधेरे में रखा। अंधेरे मे काम करने वालों को उजाला रास नहीं आता। उन्होंने दावा किया कि उनकी सरकार ने प्रदेश को भय और भ्रष्टाचार से मुक्त कर उजाले की ओर अग्रसर किया है। उन्होंने बताया कि पहले जहां प्रदेश को दंगों और कर्फ्यू की खबरों से पहचाना जाता था वहीं अब दीपोत्सव, महाकुंभ और वैश्विक निवेश उसकी नई पहचान बन रहे हैं। अयोध्या में दीपोत्सव, काशी में देव दीपावली और मथुरा -वृन्दावन में रंगोत्सव सकारात्मक परिवर्तन के प्रतीक हैं। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 156 करोड़ से अधिक पर्यटक आए।
निवेश और औद्योगिक साझेदारियों के साथ सिंगापुर और जापान का दौरा यूपी की सांस्कृतिक विरासत के प्रसार के लिए भी महत्वपूर्ण सिद्ध हुआ है। अपनी यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री योगी ने प्रमुख नेताओं और कॉर्पोरेट जगत के प्रतिनिधियों और बच्चों को यूपी के पारंपरिक शिल्प से तैयार 500 से अधिक विशिष्ट स्मृति चिह्न भेंट कर प्रदेश की कारीगरी को वैश्विक मंच पर नई पहचान दिलाई। यह पहल वोकल फॉर लोकल तथा आत्मनिर्भर भारत की सोच को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थापित करने का अहम हिस्सा रही। निवेश वार्ताओं के समानांतर सांस्कृतिक प्रतीकों के माध्यम से मुख्यमंत्री ने यह संदेश देने का भी प्रयास किया कि यूपी केवल निवेश का गंतव्य नहीं अपितु समृद्ध परंपरा और शिल्प कौशल की धरती भी है। मुख्यमंत्री ने सिंगापुर और जापान के बच्चों के लिए मंडला आर्ट से बनी 300 कलाकृतियां तैयार करवाई थीं।
विदेशियों ने यूपी की बारीक शिल्पकला की खुले मन से प्रशंसा की। उपहारों में फिरोजाबाद के रंगीन कांच से बनी भगवान श्रीराम, शिव ,राधा -कृष्ण और बुद्ध की प्रतिमाएं विशेष आकर्षण का केंद्र रही। मुरादाबाद से ब्रास की शिव व बुद्ध प्रतिमाएं, वाराणसी की गुलाबी मीनाकरी से सुसज्जित काशी विश्वनाथ मंदिर का मॉडल, बुद्ध और मोर की कलाकृतियां तथा सहारनपुर की लकड़ी से तैयार शिव और राधा कृष्ण की प्रतिमाएं भेट कीं। इन उपहारों को पाकर बच्चों और निवेशकों के चेहरे खिल उठे। बनारस की मीनाकरी ने विदेशी प्रतिनिधियों को प्रभावित किया। मुख्यमंत्री ने सिंगापुर की धरती से जेवर एयरपोर्ट का जल्द संचालन प्रारंभ होने की घोषणा की और बताया कि अब प्रदेश का विकास रुकने वाला नहीं है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने विदेशी दौरे में हिंदी भाषा में संवाद स्थापित कर सभी हिंदी प्रेमियों का भी दिल जीत लिया।
सिंगापुर और जापान दोनों ही देशों में मुख्यमंत्री योगी को अपने बीच देखकर भारतीय समुदाय में उत्साह छा गया और लगभग हर कार्यक्रम में “योगी -योगी“ और जयश्रीराम के नारे लगे। मुख्यमंत्री ने निवेशकों को राज्य की औद्योगिक नीतियों, इन्फ्रास्ट्रक्चर और बड़े उपभेक्ता बाजार को निवेश के अनुकूल बताया। ग्रीन हाइड्रोजन, सेमीकंडक्टरइलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण, डाटा सेंटर, लाजिस्टिक, डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग और स्किल डेवलपमेंट जैसे क्षेत्रों में सहयोग की सहमति बनी। मुख्यमंत्री ने यामानाशी में ग्रीन हाइड्रोजन के प्लांट का भी भ्रमण किया। उल्लेखनीय है कि गोरखपुर के खानीपुर गांव में प्रदेश का पहला ग्रीन हाइड्रोजन प्लांट आरंभ हो चुका है।
एक ओर जहां प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सिंगापुर और जापान में उत्तर प्रदेश का झंडा गाड़ रहे थे वही दूसरी ओर प्रदेश के उपमुख्यंत्री केशव प्रसाद मौर्य जर्मनी में प्रदेश की ध्वजा लहरा रहे थे । उप मुख्यमंत्री भी प्रदेश के विकास के लिए निवेशकों को आकर्षित करने में सफल रहे। इन निवेश प्रस्तावों के धरातल पर उतरते ही प्रदेश में आर्थिक बदलाव का अनुभव होगा।

Mratunjay Dixit, Journalist lucknow

प्रेषक – मृत्युंजय दीक्षित
फोन नं. – 9198571540

गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में निकलेगी भक्त प्रहलाद की भव्य शोभायात्रा

Santosh Kumar Singh
Gorakhpur
01//03/2026

पाण्डेहाता में होलिका दहन उत्सव को लेकर तैयारियां पूरी, पुष्प वर्षा व शंखनाद से होगा स्वागत*

गोरखपुर। श्री श्री होलिका दहन उत्सव समिति, पाण्डेहाता महानगर गोरखपुर द्वारा होली पर्व के अवसर पर दिनांक 02 मार्च 2026 को सायंकाल 3 बजे भक्त प्रहलाद की भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी। इस शोभायात्रा में मुख्य अतिथि के रूप में गोरक्षपीठाधीश्वर एवं उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री महंत योगी आदित्यनाथ शामिल होंगे।
समिति के संरक्षक आशीष गुप्ता एवं अध्यक्ष रामप्रकाश गुप्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि इस वर्ष शोभायात्रा को विशेष रूप से भव्य एवं आकर्षक स्वरूप दिया जा रहा है। विरासत गलियारे में विस्थापित व्यापारियों को पुनः स्थापित किए जाने को लेकर व्यापारी वर्ग द्वारा गोरक्षपीठाधीश्वर का गुलाब की पंखुड़ियों से पुष्प वर्षा एवं शंखनाद के साथ भव्य स्वागत किया जाएगा।
समिति के महामंत्री शिवम पटवा एवं कोषाध्यक्ष राहुल गुप्ता ने बताया कि इस बार कानपुर से आने वाली आकर्षक झांकियां शोभायात्रा का प्रमुख आकर्षण होंगी, जिनमें भक्त प्रहलाद एवं भगवान विष्णु से जुड़ी धार्मिक झलकियां प्रस्तुत की जाएंगी। शोभायात्रा का शुभारंभ गोरक्षपीठाधीश्वर महंत योगी आदित्यनाथ महाराज द्वारा भक्त प्रहलाद की विधिवत आरती कर तथा फूलों एवं अबीर-गुलाल के साथ होली खेलकर किया जाएगा।
शोभायात्रा पाण्डेहाता क्षेत्र से प्रारंभ होकर महानगर के विभिन्न प्रमुख मार्गों से होते हुए पारंपरिक धार्मिक एवं सांस्कृतिक वातावरण के बीच सम्पन्न होगी। आयोजन को लेकर समिति एवं स्थानीय नागरिकों में विशेष उत्साह देखा जा रहा है तथा सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं को लेकर भी व्यापक तैयारियां की गई हैं।
समिति के मीडिया प्रभारी हिमांशु गुप्ता ने बताया कि होलिका दहन उत्सव को सफल बनाने हेतु समिति के पदाधिकारी एवं क्षेत्रीय व्यापारी सक्रिय रूप से तैयारियों में जुटे हुए हैं।

द्वितीय चरण का आंदोलन 09 मार्च से होगा प्रारंभ – जिलाध्यक्ष विनोद निरंजन

उप्रससे,अजय बरया

ललितपुर- अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ की बैठक का आयोजन उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ (सम्बद्ध- अखिल भारतीय प्राथमिक शिक्षक संघ नई दिल्ली) के जिलाध्यक्ष विनोद निरंजन की अध्यक्षता में बीआरसी जखौरा कार्यालय के सभागार में आयोजित की गई।बैठक में अतिथि के रूप में एस सी/एस टी बेसिक टीचर वैलफेयर एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष श्याम बिहारी, पूर्व माध्यमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष मुहम्मद मुनीर,टीएससीटी के जिला संयोजक आदर्श रावत,अटेवा जिलाध्यक्ष रामेंद्र सिंह यादव प्रमुख रूप से मौजूद रहे।इस दौरान जिलाध्यक्ष विनोद निरंजन ने कहा कि उच्चतम न्यायालय के निर्णय के अनुसार समस्त शिक्षकों को टीईटी अनिवार्यता के फलस्वरूप उत्पन्न स्थिति पर विचार विमर्श किया गया।उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय कार्यकारिणी द्वारा शिक्षकों के हितों को ध्यान में रखकर आरटीई एक्ट के पहले नियुक्त शिक्षकों को टीईटी से छूट हेतु उच्च स्तरीय अधिवक्ताओं से संपर्क कर टीईटी अनिवार्यता को समाप्त करने की रणनीति बनाई जा रही है। उन्होंने संगठन की ओर से आगामी रणनीति के लिए शिक्षकों को तैयार रहने का आह्वान किया।इस दौरान विभिन्न संगठनों के अध्यक्ष,मंत्री ने अपने विचार व्यक्त किये।इस दौरान जिलाध्यक्ष विनोद निरंजन,जिलामंत्री अनिल त्रिपाठी,ब्लॉक अध्यक्ष जखौरा सत्येंद्र जैन,लखन लाल सेन,हरिश्चंद्र
नामदेव,संजीव टडैया,हरिनारायण चौबे,इंदर सिंह पटेल,रामरक्षपाल सिंह,अरविंद सिंह राजपूत,राजेश साध,बाबू सिंह राठौर,आदर्श रावत,मुo असलम,मो0 मुनीर,रामेंद्र सिंह यादव,
ब्रजेश चौरसिया,राममिलन रजक,गौरीशंकर सेन
जितेंद्र जैन,स्वदेश भूषण,दयाशंकर रजक,रामेंद्र सिंह यादव,पुष्पेंद्र जैन,संतोष कुशवाहा, महेंद्र पंथ,संदीप नामदेव,नीतेश निरंजन, अवधेश कुशवाहा, राजेश कुमार,राजेंद्र सिंह परमार मौजूद रहे।बैठक का संचालन रामरक्षपाल सिंह ने किया।

● आंदोलन के प्रमुख चरण हैं यह ●

बैठक के दौरान जिलाध्यक्ष विनोद निरंजन ने बताया कि राष्ट्रीय स्तर पर अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ के तत्वावधान में टीईटी अनिवार्यता के विरूद्ध आंदोलन के प्रमुख चरण के रूप में आयोजित होंगे।

● प्रथम चरण में शिक्षक की पाती के नाम से पत्र व ई-मेल भेजने का अभियान 09 मार्च से 15 मार्च 2026 तक राष्ट्रपति,प्रधानमंत्री,मुख्य न्यायाधीश, मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश एवं नेता प्रतिपक्ष राज्य व केंद्र को टेट अनिवार्यता को समाप्त करने हेतु ई-मेल/ पोस्टकार्ड भेजने का कार्यक्रम निर्धारित किया गया है।

● द्वितीय चरण में 13 अप्रैल 2026 को जनपद मुख्यालय पर एक जगह एकत्र होकर जनपद मुख्यालय के मुख्य मार्ग से होते हुए सायंकाल मसाल जुलूस निकाला जाएगा।

● तृतीय चरण में 3 मई 2026 को प्रदेश की राजधानी लखनऊ के इको गार्डन पार्क में धरना प्रदर्शन रैली करते हुए विधानसभा तक मार्च किया जाएगा।
यदि इतने के बाद भी सरकार ने हमारी मांगों को पूरा नही किया तो

●चौथे चरण में मानसून सत्र में देश के शिक्षक मिलकर संसद भवन का घेराव करेंगे।

« Newer PostsOlder Posts »