उप्रससे 29 जुलाई
बस्ती ।आगामी पवित्र कांवड़ यात्रा को सुरक्षित और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के दृष्टिगत पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा भदेश्वरनाथ मंदिर परिसर एवं आसपास के श्रद्धालुओं के आवागमन मार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया गया। निरीक्षण की अगुवाई उपजिलाधिकारी सदर एवं क्षेत्राधिकारी सदर ने पुलिस व प्रशासनिक टीम के साथ मौके पर भ्रमण कर तैयारियों की समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए । निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने श्रद्धालुओं की भारी भीड़ की संभावना को देखते हुए मुख्य मंदिर परिसर, गर्भगृह, प्रवेश व निकास द्वार, कांवड़ मार्ग, बैरिकेडिंग, पार्किंग स्थल तथा स्वच्छता व्यवस्था का बारीकी से जायजा लिया । निरीक्षण के दौरान दिए गए मुख्य रूप से मंदिर परिसर एवं संवेदनशील स्थलों पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की जाए। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए सुदृढ़ बैरिकेडिंग की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए ताकि श्रद्धालुओं को दर्शन-पूजन में किसी प्रकार की असुविधा न हो । कांवड़ यात्रा मार्ग पर यातायात का सुगम संचालन बनाए रखने तथा श्रद्धालुओं की सुरक्षा हेतु आवश्यकतानुसार ट्रैफिक डायवर्जन प्लान लागू करने के निर्देश दिए गए । पूरे मंदिर परिसर एवं प्रमुख मार्गों पर सीसीटीवी कैमरों तथा ड्रोन के माध्यम से असामाजिक तत्वों एवं व्यवस्थाओं पर सतर्क दृष्टि बनाए रखने के निर्देश दिए गए । नगर पालिका/पंचायती राज विभाग को मंदिर क्षेत्र व कांवड़ मार्ग पर निरंतर साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था (स्ट्रीट लाइट) तथा शुद्ध पेयजल के समुचित प्रबंध सुनिश्चित करने को कहा गया । आपातकालीन स्थिति से निपटने हेतु कांवड़ मार्ग व मंदिर परिसर के समीप मेडिकल टीम, एम्बुलेंस आदि की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश स्वास्थ्य विभाग को दिया गया ।

आपको बताते चले कि भगवान शिव की आराधना का पवित्र श्रावण मास कल वृहस्पतिवार से प्रारंभ हो रहा है। श्रावण मास के पहले दिन से ही बस्ती जनपद के प्रसिद्ध बाबा भदेश्वरनाथ धाम, कर्ण व तिलकपुर सहित जनपद के अन्य शिव मंदिरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ने की संभावना है। शिवभक्त जलाभिषेक, दुग्धाभिषेक, रुद्राभिषेक और विशेष पूजन-अर्चन कर भगवान भोलेनाथ का आशीर्वाद प्राप्त करेंगे। भदेश्वरनाथ मन्दिर पर श्रावण मास में प्रतिदिन हजारों की संख्या में श्रद्धालु जलाभिषेक करेंगे। जनपद में आस्था का केंद्र बाबा भदेश्वर नाथ सावन में विशेष पूजा अर्चना का महत्व है पौराणिक रूप से भी इस मंदिर का विशेष महत्व है पौराणिक मान्यताओं की माने तो यहां पर प्रभु श्री राम के गुरु वशिष्ठ वी महाभारत काल में पांचो पांडव ने यहां पूजा अर्चना किया था मंदिर के पुजारी राकेश गिरी ने बताया की श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मन्दिर समिति द्वारा इंतजाम किए गए है।
शिवरात्रि के अवसर पर 10 अगस्त की रात्रि से अयोध्या से 10 लाखों कांवरिया भक्ति पवित्र सरयू नदी का जल लाकर भगवान शिव का जलाभिषेक करेंगे जिसको लेकर जिला प्रशासन में मंदिर समिति द्वारा तैयारियां की जा रही है। तैयारियों की जानकारी देते हुए क्षेत्राधिकारी सदर सत्येंद्र भूषण तिवारी ने बताया कि इस बार कावड़ यात्रा को लेकर विशेष तैयारी की जा रही है आगामी मेले में लगभग 10 लाख श्रद्धालुओं के पहुंचने की आशा है जिसको लेकर रोड ड्राइवर्जन के साथ जगह-जगह पर बैरिकेटिंग किया जायेगा। श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की सुविधा न हो इसका विशेष ध्यान दिया जाएगा।
जयन्त कुमार मिश्रा संवाददाता
