मैनपुरी। जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने संपूर्ण समाधान दिवस के अवसर पर तहसील करहल में जन-शिकायतें सुनने के दौरान कहा कि एक बार कब्जा हटवाने के बाद पुनः कब्जा करने की जो शिकायतें प्राप्त हुई है उन्हें ’’मिशन समाधान’’ में प्राथमिकता पर निस्तारित किया जाए, मौके पर यदि शिकायत सही पाई जाए तो दोबारा कब्जा करने वालों को भू-माफिया में चिन्हित कर सुसंगत धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कराई जाए, जिन ग्रामों में भूमि विवाद से संबंधित ज्यादा शिकायतें प्राप्त हुयीं है, उन्हें ’’विशेष मिशन समाधान’’ दिवस के दिन गांव में चौपाल आयोजित कर निस्तारित किया जाए, विशेष मिशन समाधान में गांव में कम से कम 10 लेखपालों के साथ उप जिलाधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार में से कोई एक राजस्व अधिकारी, पर्याप्त मात्रा में पुलिस बल मौजूद रहे, प्राप्त शिकायतों में दोनों पक्षों की मौजूदगी में शिकायत का निराकरण किया जाए यदि किसी पक्ष द्वारा कार्यवाही में अवरोध, व्यवधान उत्पन्न किया जाए तो उसे 151 में भारी मचलके में पाबंद किया जाए। उन्होंने कहा कि भूमि संबंधी विवादों का निस्तारण गुणवत्ता के साथ किया जाए, भूमि संबंधी जो प्रकरण किसी भी न्यायालय में विचाराधीन है, उन पर मौके पर निर्णय न होने तक यथा स्थिति रखी जाए।
श्री त्रिपाठी ने सार्वजनिक भूमि, चक-मार्गों पर अवैध कब्जे, जल निकासी न होने के कारण जल-भराव की स्थिति उत्पन्न होने से संबंधित प्राप्त शिकायतों पर संबंधित राजस्व निरीक्षक, लेखपाल को निर्देशित करते हुए कहा कि तत्काल मौके पर जाकर प्रभावी कार्यवाही करें, चकमार्गों की पैमाइश कर जहां भी अनाधिकृत कब्जे हो, उन्हें हटवाकर संबंधित सचिव के माध्यम से मिट्टी का कार्य करायें साथ ही जहां जल-भराव की समस्या है, वहां स्थाई-अस्थाई नाली बनाकर जल निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने विरासत दर्ज करने संबंधी शिकायतों पर कहा कि जनपद में ’’मिशन संवेदना’’ के अंतर्गत मृत्यु के पश्चात तेरहवीं से पूर्व संबंधित लेखपाल द्वारा अविवादित फौती के प्रकरण दर्ज कर उसके वारिसान को खतौनी की नकल, संवेदना पत्र एवं एक फलदार पौधा उपलब्ध कराया जा रहा है, नई फौती दर्ज होने के प्रकरण कहीं लंबित नहीं है, जिन लोगों की पूर्व में फौती दर्ज नहीं हो सकी है, उनकी फौती अभिवादित होने की दशा में प्राथमिकता पर दर्ज कराई जा रही है। उन्होंने लेखपालों से कहा कि फौती दर्ज के जो भी पुराने प्रकरण लंबित हैं, उन्हें अविवादित होने की दशा में तत्काल दर्ज करना सुनिश्चित करें, फौती दर्ज होने में किसी भी स्तर पर विलंब न हो सुनिश्चित किया जाए।
संपूर्ण समाधान दिवस के अवसर पर पुलिस अधीक्षक गणेश प्रसाद शाहा ने पुलिस से संबंधित शिकायतों को सुन अधीनस्थों को निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्ता के साथ प्राप्त शिकायतों के निस्तारण के निर्देश दिए। आज संपूर्ण समाधान दिवस में तहसील करहल क्षेत्र के ग्राम बुझिया नि. राजेन्द्र सिंह ने विक्रेता द्वारा बैनामा की गयी भूमि पर अवैध निर्माण कर कब्जा किये जाने, अहलादपुर नि. अनिल कुमार ने अनियमित दुकान के ऊपर बने तीन मंजिला मकान को सील करने, तखरऊ नि. अवधेश सिंह ने चकरोड संख्या-752 को खुलवाये जाने, सराय भटोला नि. प्रमोद कुमारी ने गलत विद्युत बिल को ठीक कराने, नगला उरथान नि. बालकराम शाक्य ने ग्राम के पुराने तालाब में उपलब्ध मगरमच्छ को पकड़वाकर किसी सुरक्षित स्थान पर छुड़वाये जाने, नगला नगू नि. मीरा देवी ने पट्टे की भूमि को संक्रमणीय कराने, मो. बाग वृन्दावन नि. गीता देवी ने विपक्षी द्वारा गाली-गलौच कर मारपीट किये जाने, नगला दौलत नि. सोनकली ने पुलिस, राजस्व टीम की मौजूदगी में चकरोड़ की पुनः पैमाइश कराये जाने की मांग अपने शिकायती प्रार्थना पत्रों के माध्यम से की, जिन्हें सम्बन्धित अधिकारियों को पृष्ठाकिंत कर निस्तारण हेतु उपलब्ध कराया।
