मथुरा। थाना मगोर्रा क्षेत्र में हुए चर्चित भोहरेलाल हत्याकांड का पुलिस ने कुछ ही दिनों में खुलासा कर दिया है। इस मामले में चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है कि हत्या की साजिश मृतक के अपने ही परिवार ने रची थी। पुलिस ने मृतक की पत्नी, उसके तीन बेटों और एक पड़ोसी समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
सीओ गोवर्धन अनिल कुमार सिंह ने बताया कि भोहरेलाल शराब पीने का आदी था और आए दिन नशे की हालत में घर आकर पत्नी व बच्चों के साथ मारपीट और गाली-गलौज करता था। लंबे समय से चल रही इस घरेलू हिंसा से परिवार बेहद परेशान था। घटना वाले दिन भी वह अपनी पत्नी के साथ बेरहमी से मारपीट कर रहा था।
पुलिस जांच के अनुसार, जब भोहरेलाल अपनी पत्नी को पीट रहा था, तभी उसके तीनों बेटों ने बीच-बचाव किया। इस दौरान हुई हाथापाई में उसके गले में पड़ी साफी (अंगोछा) कस गई, जिससे दम घुटने के कारण उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद घबराए परिजनों ने कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए साक्ष्य मिटाने की साजिश रची। उन्होंने पड़ोसी की मदद से शव को गांव के पास स्थित तालाब किनारे फेंक दिया, ताकि इसे दुर्घटना का रूप दिया जा सके।
पुलिस को शुरुआत से ही परिवार के बयान पर संदेह था। मुखबिर की सूचना और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मगोर्रा पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए राहुल, रोहित, सौरभ (तीनों पुत्र), मृतक की पत्नी और पड़ोसी बृजेश को सोन चौराहे के पास से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ हत्या और साक्ष्य मिटाने की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है। इस घटना ने पूरे क्षेत्र में सनसनी फैला दी है और घरेलू कलह के गंभीर परिणामों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
हाथरस। आगरा-अलीगढ़ नेशनल हाईवे पर देर रात हुए सड़क हादसे में एक युवक की मौके पर मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। थाना चंदपा क्षेत्र के कुंवरपुर पुलिया के पास बलेनो कार अनियंत्रित होकर पलट गई।हादसे में नगला भोपा, खैर (अलीगढ़) निवासी 35 वर्षीय नीरज पुत्र गजराज सिंह की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं कार में सवार 32 वर्षीय योगेंद्र पुत्र कुंवरपाल और 30 वर्षीय रवि पुत्र राम सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए।बताया जा रहा है कि तीनों युवक आगरा के खंदौली क्षेत्र में एक शादी समारोह से लौट रहे थे। इसी दौरान चालक को नींद का झोंका आने से कार अनियंत्रित होकर पलट गई।सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायलों को जिला अस्पताल भिजवाया, जहां हालत गंभीर होने पर उन्हें अलीगढ़ रेफर कर दिया गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।मृतक नीरज खैर की मंडी समिति में निजी कार्य करता था। घटना के बाद परिजनों में शोक की लहर दौड़ गई है।
अखिल भारतीय प्रधान संगठन के सदस्य ज्ञापन देते हुए
हाथरस। अखिल भारतीय प्रधान संगठन के बैनर तले सोमवार को हाथरस में ग्राम प्रधानों ने जोरदार हंगामा किया। प्रधानों ने अपने कार्यकाल में विस्तार की मांग को लेकर ज्ञापन हाथरस सांसद अनूप प्रधान वाल्मीकि को मुख्यमंत्री के नाम सौंपा। संगठन का कहना है कि अगर पंचायत चुनाव समय पर नहीं होते हैं तो प्रशासकों की नियुक्ति से बेहतर होगा कि मौजूदा प्रधानों का कार्यकाल बढ़ा दिया जाए।
अखिल भारतीय प्रधान संगठन के जिला अध्यक्ष राजकुमार सिंह ने बताया कि सभी ग्राम प्रधान लोकतांत्रिक प्रक्रिया से चुने गए जनप्रतिनिधि हैं और अपने-अपने गांव की हर समस्या से भलीभांति वाकिफ हैं। वर्तमान प्रधानों का कार्यकाल 26 मई 2026 को समाप्त हो रहा है, लेकिन आशंका है कि पंचायत चुनाव करीब एक साल विलंब से होंगे। ऐसे में अगर प्रशासक लगाए गए तो विकास कार्य ठप हो जाएंगे। पूर्व में प्रशासकों के समय भ्रष्टाचार की शिकायतें भी सामने आई थीं। मौजूदा प्रधान अधिक जवाबदेह और प्रतिबद्ध हैं।
प्रधानों का तर्क है कि जनहित और सुचारु विकास कार्यों को देखते हुए उनका कार्यकाल बढ़ाया जाए। संगठन ने मुख्यमंत्री से इस मामले में सकारात्मक निर्णय लेने की गुहार लगाई है। ज्ञापन सौंपने वालों में तामसी प्रधान धर्मेन्द्र कुमार, प्रधान राकेश कुमार, जितेंद्र कुमार, धर्मेंद्र सिंह, महाराज सिंह, धर्मपाल सिंह, योगेश कुमार सहित कई अन्य प्रधान मौजूद रहे।