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सीएम योगी नोएडा में अंबर इंटरप्राइजेज इंडिया लिमिटेड के शिलान्यास में शामिल हुए

June 27, 2026

सीएम योगी नोएडा में अंबर इंटरप्राइजेज इंडिया लिमिटेड के शिलान्यास में शामिल हुए

Posted on 27.06.2026, Time 08.52 PM Saturday, Noida, Yogi Adityanath

गौतमबुद्धनगर, 27 जून 2026, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज यमुना एक्सप्रेस-वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) क्षेत्र में अंबर इंटरप्राइजेज इंडिया लिमिटेड तथा एसेंट-के सर्किट्स के इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग प्लांट के शिलान्यास कार्यक्रम में सम्मिलित हुए। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव जी एवं श्री भूपेंद्र यादव जी भी उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री जी ने कहा कि डबल इंजन सरकार की उद्योगोन्मुखी नीतियों, बेहतर आधारभूत अवसंरचना और निवेशक-अनुकूल वातावरण के परिणामस्वरूप उत्तर प्रदेश आज इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण का प्रमुख केंद्र बन रहा है। यह निवेश रोजगार सृजन, औद्योगिक विकास और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को नई गति प्रदान करेगा।

श्रीराम मंदिर ट्रस्ट की बैठक 11 जुलाई को

Posted on 27 06.2026 Time 08.26, Saturday, Ayodhya,

अयोध्या, 27 जून 2026, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चम्पत राय व सदस्य डॉक्टर अनिल मिश्रा के त्यागपत्र के बाद 11 जुलाई को अयोध्या में ट्रस्ट की बैठक होगी।

श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के ट्रस्टी स्वामी विश्वप्रसन्न तीर्थ ने कहा- 11 जुलाई को ट्रस्ट की बैठक होगी… हम जांच करेंगे… गलतियों के लिए हम खेद व्यक्त करते हैं…जो लोग अपराध में शामिल हैं, उन्हें हम दंडित करेंगे, कर्नाटक के उडुपी में रहते हैं विश्व प्रसन्न तीर्थ स्वामी।

मंदिर ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष ने की चंपतराय और अनिल मिश्रा के त्यागपत्रों की पुष्टि

Champat Rai anil Mishra

Posted on 27.06.2026 Saturday Time 08.12 PM, Ayodhya, Ram Janmbhumi Mandir, Champatrai, Dr Anil Mishra

लखनऊ, 27 जून 2026, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपतराय और सदस्य ट्रस्ट डा अनिल मिश्रा के त्यागपत्र की पुष्टि हो गई है। ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरी जी ने त्यागपत्र की पुष्टि की है।

स्वामी गिरी जी ने बताया है कि दोनों के त्यागपत्र ट्रस्ट को प्राप्त हो गए हैं। इनपर आगामी बैठक में विचार किया जाएगा। अर्थात त्यागपत्र स्वीकृत होंगे या अस्वीकृत यह निर्णय ट्रस्ट लेगा। स्वामी जी का लिखित वक्तव्य जारी हुआ है।

Lucknow News पुलिस मुठभेड़ में मारा गया एक लाख का इनामी संजीव

Posted on 27.06.2026 Time 10.57 AM, Saturday, Lucknow, UP News

Lucknow, 27 जून 2026, पीजीआई थाना क्षेत्र के चर्चित संदीप सिंह हत्याकांड के मुख्य आरोपी संजय उर्फ संजीव STF के साथ मुठभेड़ में घायल हो गया, लोहिया अस्पताल में डॉक्टरों ने मृत घोषित किया।

पीजीआई थाना क्षेत्र के चर्चित संदीप सिंह हत्याकांड के मुख्य शूटर और ₹1 लाख के इनामी बदमाश संजय उर्फ संजीव की पुलिस मुठभेड़ में मौत हो गई। यूपी एसटीएफ और बदमाश के बीच मुठभेड़ के दौरान संजय उर्फ संजीव घायल हो गया। उसे तत्काल उपचार के लिए लोहिया अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
संजय उर्फ संजीव पर हत्या समेत कई जघन्य अपराध दर्ज थे और वह लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से फरार चल रहा था। पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी पर ₹1 लाख का इनाम घोषित किया था।
संदीप सिंह हत्याकांड में उसकी भूमिका मुख्य शूटर के रूप में सामने आई थी। आरोपी की मौत के बाद पुलिस अब उसके अन्य साथियों और पूरे गैंग के नेटवर्क की जांच में जुट गई है।

श्रीराम को नकारने वाले अयोध्या का बदनाम ना करें: योगी आदित्यनाथ

CM Yogi Adityanath in Mathura
  • आस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं: मुख्यमंत्री
  • श्रीराम मंदिर तीर्थ क्षेत्र दान प्रकरण में पहली एफआईआर के बाद सीएम योगी ने कहा- एसआईटी रिपोर्ट आते ही शुरू हो गई कार्रवाई
  • मुख्यमंत्री ने दोहराया- मैंने कहा था कि दूध का दूध और पानी का पानी होकर रहेगा, एसआईटी की संस्तुतियों के अनुरूप कार्रवाई को आगे बढ़ा रही सरकार
  • रामभक्तों से सीएम योगी की अपील- अयोध्या पर आक्षेप मत करें, श्रीराम की मर्यादा का पालन करें
  • श्रीराम के अस्तित्व को नकारने और रामभक्तों पर गोली चलाने वाले लोग कर रहे हैं आस्था की बात: सीएम

Posted on 26.06.2026, Deoria, CM Yogi Adityanath, UP News

देवरिया, 26 जून, 2026,  श्रीराम मंदिर तीर्थ क्षेत्र दान प्रकरण में पहली एफआईआर दर्ज होने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि आस्था के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। एसआईटी की रिपोर्ट आते ही तत्काल कार्रवाई प्रारंभ हो गई। मैं आश्वस्त करता हूं और मैंने कहा भी था कि हम दूध का दूध और पानी का पानी करके रहेंगे। जन आस्था के साथ जो भी खिलवाड़ करेगा, वह उसका भुक्तभोगी होगा। यह छूट किसी को भी नहीं दी जा सकती।

देवरिया में शुक्रवार को विकास परियोजनाओं के शिलान्यास/लोकार्पण अवसर पर जनसमूह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मैं 19 जून को अयोध्या दौरे पर था। मैंने तब भी कहा था कि अयोध्या हम सबकी आस्था की प्रतीक है, भारत के सनातन धर्म की प्रतीक है। अयोध्या पर आक्षेप न करो, प्रभु श्रीराम की मर्यादा का पालन करना सीखो। अयोध्या के बारे में जो समाचार मिल रहे थे, उस पर मैंने कहा था कि एसआईटी की रिपोर्ट आने के साथ ही हमारी कार्रवाई भी प्रारंभ हो जाएगी।

*आक्षेप लगाने वालों की मंशा अच्छी नहीं*
मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों व रामभक्तों से कहा कि जो लोग आज आक्षेप लगाने का प्रयास कर रहे हैं, उनकी मंशा अच्छी नहीं है। ये वो लोग हैं जो भगवान राम को नकार चुके थे, भगवान राम के अस्तित्व पर प्रश्नचिह्न खड़ा कर चुके थे। कांग्रेस व सपा को आड़े हाथ लेते हुए सीएम ने कहा कि एक पार्टी कहती थी कि राम हुए ही नहीं, यानी वे लोग अयोध्या को भी नहीं मानना चाहते थे। वे लगातार न्यायालय में मुकदमा लड़ते रहे, वकीलों की फौज खड़ी करते रहे। श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन और मंदिर निर्माण के खिलाफ खड़े रहे। वहीं दूसरा पक्ष उन लोगों का है, जो भगवान राम का नाम लेने वालों पर गोली चलाता था और आज वही लोग कहते हैं कि आस्था के साथ खिलवाड़ हो रहा है। ये लोग बताएंगे हमें आस्था ! रामनवमी पर दंगा करवाते थे, श्रीकृष्ण जन्मोत्सव को बैन करते थे, कांवड़ यात्रा नहीं निकलने देते थे, दुर्गा पूजा में दंगा करवाते थे। लार का दंगा तो सबको याद ही है। और, ये लोग कहते हैं कि आस्था के साथ खिलवाड़ हो रहा है !

*एसआईटी की सिफारिश के अनुरूप कार्रवाई को आगे बढ़ा रही सरकार*
मुख्यमंत्री ने कहा कि इन दलों के काले कारनामों का काला चिट्ठा है। कांग्रेस ने देश को लूटा ही नहीं, बल्कि बेईमानी व भ्रष्टाचार के कीर्तिमान स्थापित किए थे। वही लोग आज अयोध्या पर आक्षेप लगा रहे हैं। डबल इंजन सरकार ने सपा की डकैती रोकी इसीलिए वह छटपटाहट रही है। जब उसे कुछ नहीं मिला तो जन आस्था के साथ खिलवाड़, रामभक्तों पर आक्षेप और अयोध्या को बदनाम करने में जुट गई। यह स्वीकार्य नहीं है। सरकार की मंशा पहले दिन से स्पष्ट है। मैं फिर अपील करूंगा कि रामभक्तों की अग्निपरीक्षा मत लो। रामभक्तों और उनकी आस्था के साथ खिलवाड़ करना बंद करो। अगर पुष्ट प्रमाण नहीं हैं तो आरोप-प्रत्यारोप बंद करो और अगर प्रमाण हैं तो प्रस्तुत करो, एसआईटी का सहयोग करो। एसआईटी की सिफारिश के अनुरूप सरकार कार्रवाई को आगे बढ़ा रही है। जब वरिष्ठ अधिकारियों की टीम काम कर रही है तो फिर राजनीतिक बयानबाजी बंद होनी चाहिए।

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