मैनपुरी(20 मई उप्रससे)। जनपद न्यायाधीश द्वारा गठित समिति के अध्यक्ष अपर जनपद न्यायाधीश/अतिरिक्त रेप एण्ड पॉक्सो अध्यक्ष समिति तालेवर सिंह अन्य सदस्यगण अपर जनपद न्यायाधीश/त्वरित न्यायालय-1 सदस्य समिति कुलदीप सिंह-तृतीय एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्रीमती नूतन चौहान द्वारा वृद्धा आश्रम का आकस्मिक निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान संचालिका श्रीमती कमलेश कुमारी, केयर टेकर श्रीमती रीतिका, श्रीमती रोजी, संदीप सिंह व पीएलवी वीरेन्द्र विक्रम सिंह उपस्थित मिले। निरीक्षण के दौरान संचालिका द्वारा बताया गया कि आश्रम में कुल 114 वृद्ध आश्रित हैं, जिसमें 55 पुरूष व 59 महिला आश्रित हैं। निरीक्षण के दौरान संचालिका द्वारा बताया गया कि पाकशाला में सिलेण्डर का पाइप लीकेज होने के कारण आग लग गई तथा केयर टेकर श्रीमती रीतिका झुलस गई, जिसे त्वरित उपचार हेतु जिला अस्पताल रेफर किया गया। निरीक्षण के दौरान संचालिका द्वारा बताया गया कि अग्निशमन यंत्र चलाने हेतु किसी को कोई प्रशिक्षण नहीं दिया गया है, जिसके कारण यह घटना घटित हो गई। इस सम्बन्ध में संचालिका को निर्देश दिए गए कि अग्निशमन यंत्र चलाने हेतु समस्ट स्टाफ को प्रशिक्षण प्रदान किया जाना सुनिश्चित करें। निरीक्षण के दौरान वृद्धों के लिये लगाये गये कुछ कूलर खराब पाये गये एवं कुछ कूलर की पम्प खराब पाई गई तथा कुछ वृद्धों द्वारा बताया गया कि उनको मच्छरदानी नहीं दी गयी है। इस सम्बन्ध में संचालिका को निर्देश दिए गए कि वह कूलर ठीक कराना सुनिश्चित करें एवं मच्छरदानी उपलब्ध करायें। निरीक्षण के दौरान आश्रम के मुख्य द्वार पर लगे वाटर डिस्पेन्सर में पानी उपलब्ध नहीं पाया गया। निरीक्षण के समय एक वृद्ध द्वारा बताया गया कि उन्हें सॉस लेने में दिक्कत होती है। इस सम्बन्ध में संचालिका को निर्देश दिए गए कि वह उक्त महिला का त्वरित उपचार कराया जाए। समिति द्वारा आश्रितों से खाने के बारे में पूछा गया तो उनके द्वारा बताया गया कि आश्रम में नाश्ते में खिचड़ी दी गयी थी। निरीक्षण के दौरान सम्बन्धित पीएलवी को निर्देश दिए गए कि वह जिन वृद्धों की पेंशन नहीं बनी है उनके प्रपत्र लेकर आवेदन ऑनलाइन कराकर सूचना कार्यालय को भेजना सुनिश्चित करें। विधिक साक्षरता शिविर में वृद्धजनों को सीनियर सिटीजन एक्ट-2007 के बारे में बताया गया।
मैनपुरी(20 मई उप्रससे)। थाना भोगांव क्षेत्र में 29 जनवरी 2018 को रोडवेज बस की टक्कर से कार सवार युवक की हुई मौत के बाद परिवहन निगम मृतक के आश्रितों को 13 लाख 55 हजार 200 रुपये का मुआवजा देगा। इस धनराशि पर याचिका दायर करने की तिथि से 7.5 प्रतिशत ब्याज भी दिया जाएगा। यह आदेश मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के पीठासीन अधिकारी इंतेखाब आलम ने दिया है।
थाना भोगांव क्षेत्र के गांव हमीरपुर के रहने वाले प्रमोद कुमार 31 वर्ष मजदूरी करते थे। 29 जनवरी 2018 को सुबह आठ बजे वह कार से दिल्ली से गांव जा रहे थे। थाना भोगांव क्षेत्र में जीटी रोड पर गिंगौरा के पास बेवर डिपो की रोडवेज बस की टक्कर से वह घायल हो गए। सैफई अस्पताल में उपचार के दौरान प्रमोद की 30 जनवरी 2018 को मृत्यु हो गई। मृतक की पत्नी रेनू, पुत्र शिवा, पुत्री शालिनी, सलोनी ने मुआवजा पाने के लिए परिवहन निगम के आरएम इटावा तथा बस के चालक अकील खां के खिलाफ याचिका दायर की।
याचिका की सुनवाई मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के पीठासीन अधिकारी इंतेखाब आलम के न्यायालय में हई। मृतक आश्रितों द्वारा अधिकरण में पेश किए गए तथ्यों तथा प्रमाणों के आधार पर परिवहन निगम को मुआवजा देने के लिए जिम्मेदार माना गया। पीठासीन अधिकारी ने आदेश दिया कि परिवहन निगम मृतक के आश्रितों को 13 लाख 55 हजार 200 रुपये का मुआवजा देगा। इस धनराशि पर याचिका दायर करने की तिथि से 7.5 प्रतिशत ब्याज भी मृतक आश्रितों को दिया जाएगा।
पीठासीन अधिकारी ने आदेश में लिखा कि मृतक आश्रितों को मुआवजा तय किए गए अंश के आधार पर ही दिया जाएगा। मृतक की मां गुड्डीदेवी, पुत्र शिवा, पुत्री शालिनी, सलोनी को दो-दो लाख रुपये का मुआवजा दिया जाएगा। मृतक की पत्नी रेनू को पांच लाख 55 हजार 200 रुपये मुआवजा दिया जाएगा। सभी को याचिका दायर करने की तिथि से ही 7.5 प्रतिशत ब्याज भी दिया जाएगा। मुकदमे में पैरवी संदीप तिवारी और डॉक्टर एसी तिवारी ने की