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जिम्मेदार विपक्ष की भूमिका निभा रही कांग्रेस-रवि बहादुर

March 16, 2026

जिम्मेदार विपक्ष की भूमिका निभा रही कांग्रेस-रवि बहादुर


हरिद्वार, 16 मार्च। ज्वालापुर विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस विधायक रवि बहादुर ने कहा कि कांग्रेस प्रदेश में जिम्मेदार विपक्ष की भूमिका निभा रही है। हाल ही में गैरसैंण में संपन्न हुए विधानसभा के बजट सत्र में कांग्रेस ने जनहित के तमाम मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। कांग्रेस नेताओं के साथ प्रैस क्लब में पत्रकारों से वार्ता करते हुए विधायक रवि बहादुर ने कहा कि कांग्रेस के दबाव के चलते विधानसभा सत्र पूरे पांच दिन चला और कांग्रेस विधायक सदन में सरकार को घेरने में कामयाब रहे। एकजुट विपक्ष ने सत्ता पक्ष को जनहित से जुड़े मुद्दों पर जवाब देने के लिए मजबूर किया। बजट को निराशाजनक बताते हुए उन्होंने कहा कि बजट में युवा, महिलाओं, बेरोजगार, किसानों की समस्याओं को नजरअंदाज किया गया है। पलायन जैसी समस्या का भी कोई समाधान बजट में दिखाई नहीं देता है। अगले वर्ष हरिद्वार में कुंभ मेला होना है। लेकिन राज्यपाल के अभिभाषण में कुंभ मेले की चर्चा के दौरान हरिद्वार का नाम तक नहीं लिया गया। वरिष्ठ कांग्रेस नेता अशोक शर्मा ने कहा कि बजट सत्र में कांग्रेस विधायकों ने जनता से जुड़े तमाम मुद्दे और सरकार की विफलता को उजागर करने में कामयाब रहे। मनोज सैनी ने कहा कि विपक्ष को दुश्मन के रूप में देख रही सरकार का रूख जनभावनाओं के अनुरूप नहीं है। जनता गैस की किल्लत से जूझ रही है। सरकार और प्रशासन के तमाम दावों के बावजूद गैस एजेंसियों पर रोजाना लंबी लाईनें लग रही हैं। सोम त्यागी ने कहा कि भाजपा के पास हिंदू मुसलमान के अलावा कोई मुद्दा नहीं है। लेकिन प्रदेश की जनता अब भाजपा के बहकावे में आने वाली नहीं है। वरिष्ठ कांग्रेस नेत्री पूनम भगत ने कहा कि कांग्रेस जनता से जुड़े मुद्दों को लेकर संघर्ष करती रहेगी। प्रैसवार्ता में वरिष्ठ कांग्रेस नेता संजय सैनी, विकास चंद्रा, विभाषा सिन्हा, विशाल प्रधान, आशु, राजीव चैधरी, समर्थ अग्रवाल, समीर त्यागी, महरूफ सलमानी सहित कई कांग्रेस नेता व कार्यकर्ता मौजूद रहे।

पंचायत में नाराज युवक ने सास और साले की कर दी हत्या

बरेली, 16 मार्च 26, इज्जतनगर थाना क्षेत्र का गांव रहपुरा चौधरी दोहरे हत्याकांड से दहल गया। पारिवारिक विवाद सुलझाने के लिए चल रही पंचायत के दौरान दामाद ने चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर अपनी सास और साले की हत्या कर दी। हमले भी घायल हो गई। घटना के बाद से पूरे गांव में दहशत का माहौल है।

बताया जा रहा है कि अफसर खान का अपनी 24 वर्षीय पत्नी सायमा से विवाद चल रहा था। इसी विवाद को सुलझाने के लिए दोनों पक्षों के लोग गांव में पंचायत कर रहे थे। पंचायत के दौरान ही अचानक अफसर खान ने चाकू निकाल लिया और वहां मौजूद लोगों पर हमला कर दिया। हमले में उसकी 45 वर्षीय सास आसमा और 19 वर्षीय साला आदिल गंभीर रूप से घायल हो गए। परिजन और ग्रामीण उन्हें तुरंत अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया।आरोपी ने अपनी पत्नी सायमा पर भी हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। उसे गंभीर हालत में एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका उपचार चल रहा है। घटना की सूचना मिलते ही इज्जतनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंच गई और घटनास्थल का निरीक्षण किया।

संघ के विस्तार का अर्थ राष्ट्रीय विचार का विस्तार- दत्तात्रेय होसबाले,

  • देश के नागरिकों का औपनिवेशिक मानसिकता से मुक्त होना आवश्यक
  • भारतीय विमर्श समस्त विश्व के कल्याण का विचार
  • महापुरुष हम सबके हैं उनके योगदान और मार्गदर्शन पर हो बात
  • संघ में सबका स्वागत, राष्ट्र और समाज के लिए अच्छा काम करने वाले सभी लोगों को संघ का ही मानते हैं

किसी के विरोध के लिए संघ की स्थापना नहीं
कार्य विस्तार के कारण से होगा विकेंद्रीकरण

समालखा(पानीपत) 15 मार्च 26, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ RSS की तीन दिवसीय अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा की बैठक संगठन कार्य में विस्तार, राष्ट्रहित में समाज की सज्जन शक्ति की अधिक सक्रियता और सामाजिक समरसता के संकल्प के साथ सम्पन्न हो गई। बैठक के अंतिम दिन संघ के सरकार्यवाह श्री दत्तात्रेय होसबाले ने पत्रकारों से संवाद किया। श्री होसबाले ने बताया कि पिछले वर्ष में संगठन कार्य का उल्लेखनीय विस्तार हुआ है। संघ की शाखाएं पहले लगभग छह हजार की वृद्धि के साथ 88 हजार से अधिक हो गई है तथा स्थान भी बढ़कर 55 हजार से अधिक हो गए हैं। इसके साथ ही साप्ताहिक मिलन और मंडली की संख्या भी बढ़ी है। संगठन कार्य में विस्तार को इस प्रकार देखना भी आवश्यक है कि अंडमान, अरुणाचल प्रदेश, लेह और दुर्गम जनजातीय क्षेत्रों में भी संघ की शाखाएं संचालित हो रही हैं। संघ के शताब्दी वर्ष के कार्यक्रमों में भी इस सांगठनिक विस्तार को स्पष्टता से देखा जा सकता है। अंडमान में हिंदू सम्मेलन में 9 द्वीपों से 13 हजार से अधिक लोग सम्मिलित हुए जिसमें सरसंघचालक जी की उपस्थिति रही। इसी प्रकार अरुणाचल प्रदेश जैसे कम जनसंख्या घनत्व वाले प्रदेश में भी 21 स्वधर्म सम्मेलनों में 37 हजार से अधिक लोगों ने सहभागिता की।

श्री दत्तात्रेय होसबाले के अनुसार सांगठनिक विस्तार के साथ संघ समाज में गुणवत्ता संवर्धन के लिए भी निरंतर कार्य कर रहा है। पंच परिवर्तन के माध्यम से समाज को सकारात्मक परिवर्तन के लिए प्रेरित करना महत्वपूर्ण है। भारतीय अथवा हिंदुत्व केवल एक विचार नहीं बल्कि जीवन शैली है और इसके माध्यम से समाज में गुणवत्ता का विस्तार होना चाहिए। इसी उद्देश्य से समाज की सज्जन शक्ति को एकत्र करना और Power of Good का राष्ट्रहित में प्रवृत्त होना आवश्यक है।

सरकार्यवाह श्री दत्तात्रेय ने कहा कि समाज में महापुरुषों के कार्यों को जाति, पंथ के भेद से ऊपर उठकर स्वीकार करना चाहिए और उनके माध्यम से समाज को सकारात्मक परिवर्तन के लिए आगे बढ़ना चाहिए। संघ के स्वयंसेवकों ने इसी दिशा में नवम गुरु श्री तेग बहादुर जी के बलिदान के 350 वें वर्ष के अवसर पर देशभर में 2 हजार से अधिक कार्यक्रम किए जिनमें 7 लाख से अधिक लोग सम्मिलित हुए। इसी प्रकार राष्ट्रगीत वंदेमातरम की 150 वर्षगांठ भी उत्साहपूर्वक मनाई गई। उन्होने कहा कि आगामी वर्ष में संत शिरोमणि रविदास जी महाराज के 650 वें प्राकट्य वर्ष पर कार्यक्रमों की योजना बनी है।

संघ के आगामी वर्ष के नियमित प्रशिक्षण वर्गों की जानकारी देते हुए दत्तात्रेय जी ने बताया कि 11 क्षेत्र के वर्ग तथा एक नागपुर के वर्ग को मिलाकर कुल 96 प्रशिक्षण वर्ग संचालित किए जाएंगे। इस प्रतिनिधि सभा में गौसेवा और ग्रामविकास की भी योजनाओं पर विचार किया गया है। नागरिकों को प्रेरित किया जाएगा कि वे घर की छत पर सब्जी गार्डन बनाएं उसमें देसी गोबर और गौमूत्र की खाद का उपयोग करें जिससे गौसंवर्धन में सभी सहयोग कर सकते हैं। इसी तरह हरित घर बनाने का भी संकल्प नागरिक ले सकते हैं जिससे घर में पॉलीथीन न्यूनतम उपयोग, जल संरक्षण आदि प्रयास किए जा सकते हैं।

संघ की संगठनात्मक संरचना में परिवर्तन संबंधित प्रश्न का उत्तर देते हुए श्री होसबाले ने कहा कि संरचना में विकेन्द्रीकरण पर विचार हुआ है जिसमें प्रांत के स्थान पर छोटी इकाई संभाग बनाने का प्रस्ताव है जिसके लागू होने पर 46 प्रांत के स्थान पर 80 से अधिक संभाग होंगे।

एक प्रश्न के उत्तर में सरकार्यवाह जी ने कहा कि समाज में जातिगत आधार पर विभेद को समाप्त करने के लिए मीडिया को भी आगे आना चाहिए और किसी भी चुनाव में मतदाताओं की संख्या का जाति आधारित आकलन बंद करना चाहिए। उन्होने वर्तमान अंतर्राष्ट्रीय परिस्थितियों में देश की सरकार द्वारा राष्ट्रहित में किए जा रहे कूटनीतिक प्रयासों की सराहना की और कहा कि संघ विश्व में शांति और विकास का पक्षधर है। एक अन्य प्रश्न के उत्तर में श्री दत्तात्रेय होसबाले ने कहा कि डॉ. हेडगेवार ने किसी समुदाय और पंथ-पूजा पद्धति के विरोध के लिए संघ की स्थापना नहीं की। संघ के दूसरे सरसंघचालक श्री गुरुजी ने भी कहा कि हम सबके पूर्वज एक हैं और पूजा-पाठ की पद्धति की भिन्नता से कोई अंतर नहीं आता, इसमें डीएनए शब्द नहीं था किंतु अभिप्राय यही था। तीसरे सरसंघचालक बालासाहब देवरस ने भी कहा कि भारत को अपनी मातृभूमि व अपना राष्ट्र मानने वाले और भारतीयता को जीने वाले सभी हिंदू हैं। संघ में सबका स्वागत है, जो भी समाज के लिए अच्छा कार्य कर रहा है हम उसको संघ का स्वयंसेवक ही मानते हैं।

अंडमान, अरुणाचल सहित पूरे देश में संघ के लिए समाज में उत्साह

अंडमान में प्रमुख 9 द्वीपों से 13 हजार से अधिक लोग सरसंघचालक जी की उपस्थिति में हुए हिंदू सम्मेलन में सम्मिलित हुए। इसी प्रकार अरुणाचल प्रदेश जैसे कम जनसंख्या घनत्व वाले प्रदेश में भी 21 स्वधर्म सम्मेलनों में 37 हजार से अधिक लोगों ने सहभागिता की।

जाति-पंथ के भेद से ऊपर उठकर हो महापुरुषों का सम्मान एवं अनुकरण

समाज में महापुरुषों के कार्यों को जाति, पंथ के भेद से ऊपर उठकर स्वीकार करना चाहिए और उनके माध्यम से समाज को सकारात्मक परिवर्तन के लिए आगे बढ़ना चाहिए। संघ के स्वयंसेवकों ने इसी दिशा में नवम गुरु श्री तेगबहादुर जी के बलिदान के 350 वें वर्ष पर देशभर में 2 हजार से अधिक कार्यक्रम किए जिनमें 7 लाख से अधिक लोग सम्मिलित हुए।

संघ की संगठनात्मक संरचना में विकेन्द्रीकरण की योजना

अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा की बैठक में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विस्तार के साथ-साथ कार्य में गुणवत्ता तथा सुगमता की दृष्टि से संगठनात्मक संरचना के विकेन्द्रीकरण पर भी चर्चा हुई। आने वाली प्रतिनिधि सभा की बैठक तक प्रांत के स्थान पर संभाग बनाने का विचार हुआ है। इसके क्रियान्वयन के बाद वर्तमान में जो 46 प्रांत हैं उनके स्थान पर 80 से अधिक संभाग बनने की संभावना है।

कानपुर में निरंकारी संत संगम 22 से

Nirankari Sant Sudhiksha

एटा के हजारो अनुयाई उत्तर प्रदेश के कानपुर में राज्य स्तरीय निरंकारी संत समागम में संदेशों का करेंगे श्रवण

एटा 16 मार्च उप्रससे। सतगुरु माता सुदीक्षा एवं निरंकारी राजपिता रमित की दिव्य एवं करुणामयी छत्रछाया में 22 मार्च को कानपुर के निराला नगर स्थित रेलवे ग्राउंड (पराग डेयरी के समीप) में उत्तर प्रदेश का भव्य राज्य स्तरीय निरंकारी संत समागम श्रद्धा, समरसता और आध्यात्मिक उल्लास के साथ आयोजित किया जाएगा। यह पावन आयोजन मानवता, विश्वबंधुत्व और आध्यात्मिक जागृति का प्रेरणास्रोत बनेगा।

मीडिया सहायक अमित कुमार ने बताया कि प्रातः 11:00 बजे से दोपहर 4:00 बजे तक चलने वाले इस दिव्य समागम में उत्तर प्रदेश के इस राज्य स्तरीय संत समागम में जिला एटा के अवागढ़, कलियान पुर, जलेसर, धुमरी जैथरा अलीगंज, निधौली कला आदि विभिन्न क्षेत्रों से हजारों श्रद्धालु भक्त एकत्रित होकर सतगुरु के अमृतमय संदेशों का श्रवण करेंगे। सत्संग की इस पावन वाणी से मानव जीवन में प्रेम, सहअस्तित्व, करुणा और वैश्विक भाईचारे की भावना को नया आलोक प्राप्त होगा। समागम स्थल पर श्रद्धालुओं की सुविधा को सर्वोपरि रखते हुए लंगर, प्याऊ, चिकित्सा सेवा, पार्किंग तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाएँ अत्यंत सुव्यवस्थित रूप से सुनिश्चित की जा रही हैं। सभी भक्तजन सेवा-भाव, अनुशासन और समर्पण के साथ स्थल को स्वच्छ, सुंदर और भक्तिमय वातावरण से परिपूर्ण बनाने में निरंतर सक्रिय हैं। आयोजन की सफलता हेतु स्थानीय प्रशासन भी सहयोग प्रदान कर रहा है।

इस दिव्य समागम की पूर्व बेला में युवाओं की ऊर्जा को सकारात्मक और रचनात्मक दिशा प्रदान करने के उद्देश्य से 20 एवं 21 मार्च को ‘निरंकारी यूथ सिम्पोजियम’ का आयोजन किया जाएगा, जिसका मुख्य विषय ‘द सिक्स एलीमेंट्स’- छः तत्व रहेगा। इस प्रेरणादायी मंच पर लघु नाटक, भक्ति-गीत, पैनल चर्चा और संवादात्मक गतिविधियों के माध्यम से युवाओं को आध्यात्मिकता, अनुशासन, आत्मिक संतुलन, मानवीय मूल्यों, सकारात्मक चिंतन तथा रचनात्मक नेतृत्व के प्रति प्रेरित किया जाएगा।
निसंदेह, प्रेम, एकता, सहअस्तित्व और विश्वबंधुत्व के दिव्य संदेश से ओत-प्रोत यह संत समागम श्रद्धालुओं के जीवन में नई प्रेरणा, आत्मिक शांति और आनंद का आलोक प्रस्फुटित करेगा। इस पावन अवसर पर सभी श्रद्धालु भक्तों, नगरवासियों, बुद्धिजीवियों तथा प्रभुप्रेमी जनों को सादर आमंत्रित किया गया है कि वे इस आध्यात्मिक संगम में सहभागी बनकर सतगुरु कृपा का लाभ प्राप्त करें।

तेज रफ्तार से अनियंत्रित हुई स्कूल बस गड्ढे में उतरी,

Santosh Kumar Singh
Gorakhpur
16/03/2026

*बाल-बाल बचे बच्चे; अभिभावकों में आक्रोश*

*गोरखपुर।* गगहा थाना क्षेत्र में सोमवार को बच्चों को घर छोड़ने जा रही एक स्कूल बस हादसे का शिकार होते-होते बच गई। भैसहा और नेवादा के बीच तेज रफ्तार के कारण चालक का बस पर से नियंत्रण बिगड़ गया और बस सड़क किनारे बने गड्ढे में उतर गई।

बस के गड्ढे में उतरते ही उसमें सवार बच्चों में चीख-पुकार मच गई।
गनीमत रही कि बस पलटी नहीं, अन्यथा बच्चों से भरी बस में बड़ा हादसा हो सकता था। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोग और अभिभावक मौके पर पहुंच गए और बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला।

बताया जाता है कि स्कूल की छुट्टी के बाद बस बच्चों को घर छोड़ने निकली थी। निर्धारित समय से करीब 40 मिनट तक बस नहीं पहुंचने पर अभिभावक चिंतित हो उठे और बच्चों के बारे में जानकारी लेने लगे। इसी दौरान पता चला कि बस सड़क से नीचे खेत की तरफ बने गड्ढे में उतर गई है।

घटना की सूचना मिलते ही अभिभावकों में नाराजगी फैल गई। अभिभावकों का आरोप है कि वे हर महीने बच्चों की फीस देते हैं, इसके बावजूद स्कूल प्रबंधन सुरक्षा मानकों की अनदेखी कर रहा है और अप्रशिक्षित चालकों से बस चलवाई जा रही है।

अभिभावकों ने कड़ी नाराजगी जताते हुए कहा कि यदि बच्चों के साथ कोई बड़ा हादसा हो जाता तो इसकी जिम्मेदारी कौन लेता। उन्होंने स्कूल प्रबंधन से बसों की सुरक्षा व्यवस्था और चालक की योग्यता सुनिश्चित करने की मांग की है।

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