Web News

www.upwebnews.com

हाथरस में मेडिकल कॉलेज निर्माण को मिली रफ्तार, जल्द शुरू होने की उम्मीद

March 31, 2026

हाथरस में मेडिकल कॉलेज निर्माण को मिली रफ्तार, जल्द शुरू होने की उम्मीद

Anjula Singh Mahore MLA Hathras

-सदर विधायक अंजुला सिंह माहौर

हाथरस। जनपद में लंबे समय से लंबित मेडिकल कॉलेज निर्माण की मांग अब पूरी होने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ती नजर आ रही है। शासन स्तर पर सकारात्मक पहल शुरू होने से जल्द ही निर्माण कार्य प्रारंभ होने की उम्मीद जताई जा रही है।बताया जाता है कि सदर विधायक अंजुला सिंह माहौर द्वारा कई बार मुख्यमंत्री से मुलाकात कर हाथरस में मेडिकल कॉलेज स्थापना की मांग उठाई गई थी। साथ ही निर्माण प्रक्रिया में आ रही बाधाओं को दूर कराने का भी आग्रह किया गया था, ताकि कार्य शीघ्र शुरू हो सके।इसी क्रम में जिलाधिकारी हाथरस द्वारा मार्च माह में भूमि हस्तांतरण के संबंध में शासन को पत्र भेजा गया था। अब इस संबंध में शासन से पत्र प्राप्त हो चुका है, जिससे प्रक्रिया में तेजी आने के संकेत मिले हैं।इस पहल को लेकर क्षेत्र में खुशी का माहौल है। जनसमुदाय ने विधायक के प्रयासों की सराहना करते हुए आभार व्यक्त किया है। समय-समय पर विधानसभा और पत्राचार के माध्यम से जनपद में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए मेडिकल कॉलेज की आवश्यकता उठाई जाती रही है।जनपदवासियों को उम्मीद है कि जल्द ही मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य शुरू होगा, जिससे स्थानीय लोगों को उच्च स्तरीय चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी।

मैनपुरी में बंटेगा कैरोसिन, जलेंगे स्टोव

मैनपुरी। गैस सिलिंडर के लिए एजेंसी पर लाइन लगाकर घंटों इंतजार करने वाले लोगों को सरकार की ओर से राहत दी गई है। सरकार ने केरोसिन की सप्लाई के निर्देश जारी किए हैं। जनपद के दो पंप से लोगों को मिट्टी का तेल मिलेगा। एलपीजी की सप्लाई पर बढ़ते दबाव के चलते सरकार ने वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर यह निर्णय लिया है। हालांकि अभी तक जिला पूर्ति विभाग के पास लिखित आदेश नहीं आया है, लेकिन वहीं विभाग का कहना है कि निर्देश आने के बाद इसके लिए तैयारी शुरू की जाएगी।
विगत सालों पहले जिले की राशन की दुकानों पर राशन कार्ड पर लोगों को मिट्टी का तेल मिलता था। पहले जहां लोगों को पांच लीटर मिट्टी का तेल मिलता था। वहीं 2018 तक से मात्रा 1 लीटर प्रति राशन कार्ड तक रह गई थी। इसके बाद राशन की दुकानों पर मिट्टी का तेल मिलना बंद हो गया। जिले में मौजूद कैरोसिन के 5 डिपो भी बंद हो गए और सालों से शुरू नहीं हुए हैं। मिट्टी का तेल मिलना बंद हुआ तो लोगों ने अपने घरों से मिट्टी के तेल के उपकरण जिसमें स्टोव, लैंप व अन्य सामान को हटा दिया। अमेरिका-इस्राइल और ईरान की बीच छिड़े युद्ध के बाद से एलपीजी की सप्लाई प्रभावित हो रही है। ऐसे में कई दिनों से जनपद में अधिकतर गैस एजेंसी पर लोगों की भीड़ गैस सिलिंडर लेने के लिए उमड़ती दिख रही है। लोगों की सुविधा के लिए और एलपीजी के अलावा वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर मिट्टी के तेल का वितरण शुरू करने के निर्देश दिए हैं। जिसके अनुसार जनपद के दो पेट्रोल पंप चिन्हित किए जाएंगे। दोनों पेट्रोल पंप पर 5-5 हजार मिट्टी का तेल का स्टॉक किया जाएगा और लोगों को वितरित किया जाएगा।
अभी हमारे पास ऐसा कोई भी आदेश लिखित में नहीं आया है। ऐसा आदेश आने पर जानकारी मिलेगी कि किस तरह से वितरण करना है और कितना तेल जिले को मिलेगा।

चोटी वाला ढाबा पर पुलिस का छापा, देह व्यापार गिरोह का भंडाफोड़,  9 गिरफ्तार

मथुरा (छाता)। जनपद के छाता क्षेत्र में पुलिस ने अनैतिक देह व्यापार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है। कोतवाली छाता के अंतर्गत चौकी दौताना क्षेत्र में नेशनल हाईवे-19 स्थित “चोटी वाला ढाबा” पर छापेमारी कर पुलिस ने पांच युवतियों और चार युवकों को आपत्तिजनक स्थिति में गिरफ्तार किया। मौके से आपत्तिजनक सामग्री भी बरामद की गई है।
पुलिस के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से उक्त ढाबे पर देह व्यापार संचालित होने की गुप्त सूचनाएं मिल रही थीं। सूचना की पुष्टि के बाद क्षेत्राधिकारी छाता भूषण वर्मा के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। कार्रवाई को सफल बनाने के लिए पुलिस ने पहले एक फर्जी ग्राहक को भेजकर पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटाई। पुष्टि होते ही बाहर तैनात पुलिस टीम ने तत्काल दबिश दे दी।
छापेमारी के दौरान मौके पर अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने सभी आरोपियों को हिरासत में लेकर कोतवाली छाता पहुंचाया, जहां उनसे गहन पूछताछ की जा रही है। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि गिरोह का मुख्य सरगना फराह क्षेत्र का रहने वाला एक दलाल है, जिसकी तलाश में पुलिस टीमें जुटी हुई हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में अनैतिक देह व्यापार (निवारण) अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। साथ ही, गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने के प्रयास तेज कर दिए गए हैं।

युवक का शव मिला, गले पर चोट के निशान

फिरोजाबाद। थाना रामगढ़ क्षेत्र अन्तर्गत मंगलवार को एक युवक का शव मिला है। गले पर चोट के निशान है। युवक की संदिग्धावस्था में मौत हुई है। पुलिस घटना की जांच कर रही है।
थाना रामगढ़ क्षेत्र अन्तर्गत सांती रोड गांव मिलक के सामने भट्ठे के समीप मंगलवार को एक युवक का शव लोगों ने पड़ा देखा तो वह हैरान रह गए। मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही थाना पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने मृतक के शव को कब्जे में लेकर पहचान कराई। मृतक की पहचान थाना रामगढ़ क्षेत्र के सैलई निवासी चन्दन पुत्र महेश के रूप में हुई है। मृतक के गले पर चोट के निशान है। पुलिस मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल लेकर आई है और घटना की जांच में जुट गई है।
इस सम्बन्ध में अपर पुलिस अधीक्षक रवि शंकर प्रसाद का कहना है कि एक युवक का शव मिला है। जिसके गले पर चोट के निशान है। युवक की संदिग्ध मौत हुई है। मृत्यु का सही कारण व समय जानने के लिए शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया है। फोरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए है। घटना की जांच कर कार्यवाही की जा रही है।

Gorakhpur दुष्कर्म के आरोपी को 16 दिन में सजा

Santosh Kumar Singh Gorakhpur
31/03/2026

16 कार्य दिवस में कठोर सजा: 6 वर्षीय मासूम से दुष्कर्म के आरोपी को उम्रकैद

गोरखपुर पुलिस की त्वरित कार्रवाई बना नजीर, साक्ष्य छिपाने पर महिला को भी 4 साल की कठोर सजा

गोरखपुर। मासूम बच्ची से दुष्कर्म अपराध के मामले में त्वरित न्याय की मिसाल सामने आई है। थाना पीपीगंज में 21 फरवरी 2026 को 6 साल की मासूम बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म के मामले में महज 16 दिन के भीतर न्यायालय ने आरोपी को उम्रकैद की सजा सुना दी।
मा० न्यायालय विशेष पॉक्सो-01 गोरखपुर ने अभियुक्त अशोक निषाद पुत्र टुनटुन निषाद, निवासी साखी उर्फ मेंहदरिया, थाना पीपीगंज को दोषी पाते हुए शेष प्राकृतिक जीवनकाल तक आजीवन कारावास तथा 55,000 के अर्थदंड से दंडित किया। वहीं, साक्ष्य छिपाने के आरोप में उसकी माँ सुनीता देवी को 4 वर्ष का कठोर कारावास और 5,000 रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई गई।
घटना 20/21 फरवरी 2026 की रात की है, जब एक शादी समारोह के दौरान आरोपी ने मासूम के साथ दरिंदगी की। पीड़ित पक्ष की तहरीर पर पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर आरोपी और उसकी मां को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया।
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए मात्र 5 दिनों में साक्ष्य एकत्र कर आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। इसके बाद न्यायालय ने लगातार सुनवाई करते हुए 16 दिन में गवाहों के बयान और बहस पूरी कर कठोर सजा सुनाई।
इस केस में एडीजीसी राघवेन्द्र राम त्रिपाठी और एडीजीसी अरविन्द्र कुमार श्रीवास्तव की प्रभावी पैरवी अहम रही।
गोरखपुर पुलिस की यह कार्रवाई ऑपरेशन कनविक्शन अभियान के तहत त्वरित न्याय की एक बड़ी नजीर मानी जा रही है। पुलिस का कहना है कि इस तरह की सख्त और त्वरित कार्रवाई से अपराधियों में भय और आमजन में कानून के प्रति विश्वास मजबूत होगा।

« Newer PostsOlder Posts »