Posted on 27/05/2026
Time 14:55 P.M
Gorakhpur
Santosh Kumar Singh
अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत, प्रधानमंत्री को सौंपा जाएगा ज्ञापन
गोरखपुर: 27 मई 2026 ( उप्र समाचार सेवा) अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत, गोरक्ष प्रांत ने आज एक प्रेस वार्ता के दौरान एमआरपी (MRP) व्यवस्था में विसंगतियों के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद की। पंचायत के सचिव कुमुद कांत ने स्पष्ट किया कि देश में वस्तुओं के मूल्य निर्धारण में एकरूपता न होने से उपभोक्ताओं के अधिकारों का व्यापक हनन हो रहा है।
प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए सचिव कुमुद कांत ने ‘चलो जंतर-मंतर, दिल्ली’ अभियान की घोषणा की। उन्होंने बताया कि एमआरपी में मनमानी और पारदर्शिता की कमी के कारण आम उपभोक्ता को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। इस व्यवस्था को दुरुस्त करने और उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा के लिए संगठन ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने का निर्णय लिया है।
कुमुद कांत ने जानकारी दी कि इस आंदोलन के माध्यम से संगठन अपनी मांगों को प्रमुखता से केंद्र सरकार के समक्ष रखेगा। अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत की ओर से प्रधानमंत्री, केंद्रीय वित्त मंत्री और अन्य संबंधित केंद्रीय मंत्रियों को एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा जाएगा, जिसमें मांग की जाएगी कि
देशभर में एमआरपी निर्धारण में एकरूपता लाई जाए। उपभोक्ता अधिकारों का संरक्षण सुनिश्चित करने के लिए सख्त नीतियां बनाई जाएं। मूल्य निर्धारण की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाया जाए।
पंचायत ने आम उपभोक्ताओं से इस अभियान के समर्थन में आगे आने का आह्वान किया है ताकि उपभोक्ता हितों के लिए प्रभावी कानून बन सके।
बिजनौर 27 मई 2026 । जाट आरक्षण संघर्ष समिति एवं अंतरराष्ट्रीय जाट संसद के पदाधिकारीयो ने संयुक्त रूप से समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता राजकुमार भाटी द्वारा जाट समाज एवं अन्य समाज की महिलाओं के प्रति अशोभनीय टिप्पणी करने पर जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन भेजा।
ज्ञापन में कहा गया है कि विगत दिनों समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता राजकुमार भाटी द्वारा जाट समाज के प्रति अशोभनीय टिप्पणी की गई थी। जिससे जाट समाज में भारी आक्रोश है। जाट समाज भाटी के कथित शब्दों की कड़ी निंदा करते हुए उनसे समाज के सामने माफी मांगने की प्रबल मांग करता है। तथा कहा कि ऐसी ओछी मानसिकता वाले व्यक्ति को किसी भी सामाजिक/ राजनीतिक पद पर बने रहने का कोई अधिकार नहीं होना चाहिए। भाटी द्वारा जाट समाज ही नहीं, ब्राह्मण एवं गुर्जर जाति की महिलाओं के प्रति भी अनर्गल बयान देकर वैदिक सनातन धर्म का अपमान किया गया है। इससे लगता है कि राजकुमार भाटी मानसिक रूप से दिवालिया हो चुके हैं। इसलिए इन्हें सार्वजनिक रूप से माफी मांगते हुए अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए।
महोदया, आपके सर्वोच्च पद से भी ऐसे नेताओं के विरुद्ध कानूनी दंडात्मक कार्रवाई किए जाने की अपेक्षा की जाती है।
ज्ञापन देने वालों में जाट आरक्षण संघर्ष समिति के जिला अध्यक्ष चौधरी अमन सिंह, महिला प्रकोष्ठ की जिला अध्यक्ष डॉ मधु सिंह, जाट आरक्षण संघर्ष समिति के राष्ट्रीय सचिव नितिन मौर्य, अंतरराष्ट्रीय जाट संसद के प्रदेश सचिव डॉ विकुल मलिक सहित सैकड़ो लोग शामिल रहे।