एटा 24 अगस्त उप्रससे। जनपद में सावन के पावन महीने में आज सोमवार को आस्था, भक्ति और धार्मिक कल्पना का अनोखा संगम देखने को मिला। 251 मीटर लंबी हनुमान की पूंछ वाली विशाल कांवड़ लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी रही। इस अनूठी कांवड़ को लेकर रविवार को फिरोजाबाद जिले के गांव नाउआ से करीब 40 शिवभक्त सोरोंजी के लहरा गंगाघाट पहुंचे। यहां श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और कांवड़ में पवित्र गंगाजल भरा।
कांवड़ में शामिल बॉबी निंगुआ हनुमान के स्वरूप में नजर आए। उनके स्वरूप से जुड़ी करीब 251 मीटर लंबी पूंछ में गंगाजल भरा गया, जिसे करीब 40 शिवभक्त वानर का स्वरूप धारण कर उठाकर चल रहे थे। वहीं नथुनी प्रसाद भगवान शिव और उदय जामवंत के स्वरूप में यात्रा में शामिल हुए। धार्मिक पात्रों के इन अनोखे रूपों ने कांवड़ यात्रा को बेहद खास बना दिया। रास्ते से गुजरती इस विशाल कांवड़ को देखने के लिए जगह-जगह लोगों की भीड़ जुटती रही।
लहरा गंगा घाट से गंगाजल लेकर शिवभक्तों का जत्था सोरों जी, प्रहलादपुर, गोराहा, भिटौना और कासगंज होते हुए नदरई मिरहची सिरसा टिप्पू एटा से फिरोजाबाद की ओर रवाना हुआ। विशाल कांवड़ जैसे ही रास्तों से गुजरी, लोग इसे देखने के लिए सड़कों के किनारे खड़े नजर आए। यात्रा के दौरान शिवभक्तों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। बम भोले और हर-हर महादेव के जयकारों से पूरा यात्रा मार्ग गूंजता रहा। स्थानीय लोगों ने भी जगह-जगह कांवड़ियों का स्वागत किया।
हनुमान स्वरूप बॉबी निंगुआ ने बताया कि वे पहली बार सोरों जी के लहरा गंगाघाट से गंगाजल लेने पहुंचे हैं। उनका उद्देश्य था कि इस बार ऐसी कांवड़ तैयार की जाए, जो सबसे अलग और अनूठी हो। इसी विचार के साथ हनुमान जी की थीम पर 251 मीटर लंबी पूंछ वाली कांवड़ तैयार की गई।
शिवभक्तों के मुताबिक कांवड़ यात्रा सिर्फ धार्मिक आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि भगवान शिव और हनुमान के प्रति उनकी श्रद्धा को भी दर्शाती है। यही वजह रही कि इस अनोखी कांवड़ ने पूरे रास्ते लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा।
अनोखी थीम, विशाल आकार और धार्मिक पात्रों के रूप में शामिल शिवभक्तों ने इस कांवड़ यात्रा को यादगार बना दिया। रास्ते भर उमड़ी भीड़ और गूंजते भोले के जयकारों ने माहौल को पूरी तरह भक्तिमय बना दिया।
