भोपाल, 08 अगस्त 2026, भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता में आज मध्य प्रदेश के भोपाल में 11वीं ब्रिक्स संस्कृति मंत्रियों की बैठक हुई। बैठक में ‘भोपाल घोषणापत्र’ को अपनाया गया। इसका उद्देश्य ब्रिक्स सदस्य और सहयोगी देशों के बीच सांस्कृतिक सहयोग को मज़बूत करना है। बैठक में 10 ब्रिक्स सदस्य और चार सहयोगी देशों सहित कुल 14 देशों के प्रतिनिधि शामिल हुए।
प्रतिनिधियों ने सांस्कृतिक और रचनात्मक उद्योगों को बढ़ावा देने के तरीकों पर चर्चा की। उन्होंने कलाकारों के लिए और ज़्यादा मौके बनाने पर भी ध्यान दिया। बैठक में कलाकारों को बड़े बाज़ारों तक पहुँचने में मदद करने के लिए डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म के इस्तेमाल पर चर्चा हुई। सांस्कृतिक विरासत की सुरक्षा और उसे बहाल करना भी एक अहम मुद्दा था।
भारत ने ब्रिक्स देशों के कलाकारों के बीच सांस्कृतिक आदान-प्रदान और पेशेवर नेटवर्क को बढ़ावा देने के लिए एक पायलट योजना ‘स्वैच्छिक कलाकार रजिस्ट्री’ शुरू करने की घोषणा की। बैठक में कलाकारों के अधिकारों और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के दौर में कॉपीराइट वाले कामों के सही इस्तेमाल पर भी चर्चा हुई।
केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि भोपाल ने सांस्कृतिक सहयोग के लिए एक व्यावहारिक और भविष्य की सोच वाला ढांचा तैयार किया है। उन्होंने आने वाली पीढ़ियों के लिए पारंपरिक ज्ञान, भाषाओं, लोक संगीत और सांस्कृतिक परंपराओं को सुरक्षित रखने की ज़रूरत पर बल दिया। श्री शेखावत ने कहा कि मध्य प्रदेश की संस्कृति और विरासत पर विशेष ध्यान दिया गया। उन्होंने कहा कि इन सांस्कृतिक परंपराओं को बचाने के लिए सभी देशों को मिलकर काम करना चाहिए।
नई दिल्ली, 08 अगस्त 2026, केंद्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शहरी सहकारी बैंकों के लिए मजबूत साइबर सुरक्षा और डिजिटल सुरक्षा उपायों की आवश्यकता पर बल दिया है। आज मुंबई में आयोजित ‘सहकार नव-क्रांति’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि डिजिटल लेनदेन में धोखाधड़ी बढ़ रही है और बैंकिंग सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मजबूत फोरेंसिक सहायता की आवश्यकता है। उन्होंने साइबर और वित्तीय अपराधों से निपटने में राष्ट्रीय फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय के साथ सहयोग के महत्व पर प्रकाश डाला।
गृह मंत्री ने एक सुरक्षा संचालन केंद्र का भी शुभारंभ किया, जो शहरी सहकारी बैंकों को चौबीसों घंटे साइबर निगरानी और सुरक्षा सहायता प्रदान करेगा। श्री अमित शाह ने मुंबई के फोर्ट क्षेत्र में राष्ट्रीय शहरी सहकारी वित्त एवं विकास निगम के नए कार्यालय भवन का भी उद्घाटन किया। इन पहलों का उद्देश्य साइबर सुरक्षा को मजबूत करना और भारत के शहरी सहकारी बैंकिंग क्षेत्र के आधुनिकीकरण में तेजी लाना है।
गृह और सहकारिता मंत्री ने देश के सभी सहकारी बैंकों से राष्ट्रीय शहरी सहकारी वित्त एवं विकास निगम में शामिल होने का आग्रह किया है। यह निगम देश के सहकारी बैंकों का एक छत्र संगठन है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह संगठन अपनी सेवाओं को अधिक आधुनिक, पारदर्शी और विश्वसनीय बनाकर शहरी बैंकिंग क्षेत्र में परिवर्तन लाएगा।
श्री अमित शाह ने कहा कि समृद्धि प्राप्त करने के लिए केवल पूंजी बाजार ही पर्याप्त नहीं होगा। स्वरोजगार की एक समानांतर प्रणाली भी विकसित की जानी चाहिए, और इस संबंध में शहरी सहकारी बैंकों की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि सहकारी बैंकों का उद्देश्य केवल लाभ कमाना नहीं है, बल्कि लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करना है। श्री अमित शाह ने कहा कि संगठन का मुख्यालय जल्द ही दिल्ली से महाराष्ट्र स्थानांतरित किया जाएगा, क्योंकि महाराष्ट्र, गुजरात, गोवा और कर्नाटक मिलकर भारत के 70 प्रतिशत शहरी सहकारी बैंकों का प्रतिनिधित्व करते हैं।
श्री अमित शाह की उपस्थिति में राष्ट्रीय शहरी सहकारी वित्त एवं विकास निगम और राष्ट्रीय फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय ने एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। उन्होंने ‘बैंक इन ए बॉक्स’ पहल, सुरक्षा संचालन केंद्र और कई संबंधित सेवाओं का शुभारंभ किया। श्री अमित शाह ने एक कॉफी टेबल बुक का विमोचन किया और कार्यक्रम में छह सहकारी बैंकों के प्रतिनिधियों को सम्मानित किया।
नई दिल्ली, 08 अगस्त 2026, स्वतंत्रता दिवस समारोह के अंतर्गत प्रधानमंत्री संग्रहालय और पुस्तकालय आज से 12 अगस्त तक ‘वंदे मातरम्: ए टाइमलेस ट्रिब्यूट टू द मदरलैंड’ कार्यक्रम आयोजित करेगा। आज वंदे मातरम् पर विशेष प्रदर्शनी शुरू होगी, जिसमें दुर्लभ दस्तावेज और तस्वीरें प्रदर्शित की जाएंगी। कल बहुभाषी सुलेख प्रदर्शन और 11 अगस्त को दिल्ली-एनसीआर के करीब 20 विद्यालयों के बीच समूह गायन प्रतियोगिता होगी। कार्यक्रम का समापन 12 अगस्त को विजेता स्कूल, संग्रहालय के अधिकारियों और सीआईएसएफ बैंड द्वारा सामूहिक गायन के साथ होगा। यह आयोजन वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूरे होने और स्वतंत्रता संग्राम में इसके योगदान को समर्पित है।
मुंबई, 08 अगस्त 2026, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मुंबई के सिद्धिविनायक मंदिर में दान के गबन के आरोपों की व्यापक जांच के आदेश दिए हैं। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री ने मंदिर के पिछले पांच वर्षों के रिकॉर्ड की जांच करने का निर्देश दिया है। मंदिर के न्यासी बोर्ड ने गुरुवार को श्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात की और 2023 से 2026 के बीच प्राप्त दान का विस्तृत रिकॉर्ड प्रस्तुत किया। बैठक के बाद, मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को पिछले वर्षों के रिकॉर्ड की भी जांच करने का निर्देश दिया।
महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के प्रमुख राज ठाकरे ने सिद्धिविनायक मंदिर में 18 करोड़ रुपये के दान के गबन का आरोप लगाया था। इस मामले में पहले नौ कर्मचारियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
