लोकतंत्र की सुरक्षा में पत्रकारिता की अहम भूमिका
पत्रकारिता दिवस पर विशेष- पत्रकारिता कभी एक मुकद्दस किताब थी, पढ़ने लगे लोग उपन्यासों की तरह भारत में हिंदी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूरे दिलीप कुमार श्रीवास्तव पत्रकारिता एक ऐसी विधा है,जो जनसाधारण व सरकार के बीच बेहतर समंजस ही नही करती बल्कि लोकतंत्र की सुरक्षा के बचाव का सबसे बड़ा माध्यम भी है। जहां […]
