Web News

www.upwebnews.com

राष्ट्रनीति से बड़ी न हो राजनीति : कुमार विश्वास

January 28, 2026

राष्ट्रनीति से बड़ी न हो राजनीति : कुमार विश्वास

Udeesha

कुमार विश्वास

Posted on : 28.01.2026, Wednesday Time: 10:48AM,  Source:  Rajesh Bhatia
  • उदीसा महोत्सव में शामिल हुए कुमार विश्वास
  • राम कथा से समझाया राम राज्य का महत्व।

मुरादाबाद, 27 जनवरी (उप्र समाचार सेवा)। उदीसा महोत्सव का समापन यादगार बन गया। महोत्सव में भारतीय हिन्दी कवि और वक्ता कुमार विश्वास ने रामराज की अवधारणा को साकार करने के लिए आपसी भाईचारे व एक दूसरे की संस्कृति का सम्मान करने के महत्व पर जोर दिया। कहा कि राम से सीखना चाहिए, रामराज का मतलब।
मंगलवार को मुरादाबाद में बुद्धि विहार में आयोजित उदीसा महोत्सव में शामिल हुए कवि कुमार विश्वास ने रामकथा के जरिए जहां लोगों में आध्यात्मिक चेतना को जागृत किया। वहीं आज की राजनीति पर भी प्रहार किया। उन्होंने कहा कि वन को जाते समय राम
ने भरत को संदेश भिजवाया कि राजा का पद पाकर नीति न छोड़ें। पर समस्या यह कि अब नीति ही राजा का पद पाने की हो गई है। राजा जो कहें वहीं नीति। कुमार विश्वास ने दोहे के जरिए समझाया कि जनता भी राजा से मिल सकें और बिना भय के अपनी बात कह सकें। पर लोकतंत्र में यह समस्या खड़ी हो गई है कि राजनीति राष्ट्रनीति से बड़ी हो गई है। जबकि राष्ट्र में राजनीति होनी चाहिए। उन्होंने रामराज्य की अवधारणा का जिक्र करते हुए बताया कि हम लोग गणतंत्र या लोक तंत्र का प्रयोग करते हैं पर सालों में व्यवस्था यह हो गई है कि इसमें तंत्र पहले आ गया और लोक पीछे छूट गया। मौजूदा राजनीति से जोड़ते हुए कहा कि आज किसी नेता विधायक से मिलने के लिए श्रम करना पड़ता है। कहा कि राम लोक के नेता है और राम का राज्य लोक का राज्य है।
महोत्सव के सत्र ‘अपने-अपने राम’ में रामकथा के जरिए भरत को राजा का पद पाकर नीति न छोड़ने, महाराज दुष्यंत प्रसंग के जरिए मौजूदा स्थिति पर स्पष्ट संदेश दिया। कहा कि तब आम लोग अपने राजा कभी भी मिल सकतें।
ढाई घंटे तक चले कार्यक्रम में कुमार विश्वास ने बताया कि भगवान राम हर युग में प्रासांगिक हैं। रामराज्य की व्यवस्था का जिक्र कर राम की मर्यादा, वचन और त्याग के मर्म को बारीकी से समझाया।
देर रात तक चले कार्यक्रम में कमिश्नर आंजनेय कुमार सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष शैफाली सिंह, शहर विधायक रितेश गुप्ता, कुंदरकी विधायक रामवीर सिंह,एमएलसी डा जयपाल सिंह व्यस्त समेत बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम में लगातार तालियां बजती रही।

January 27, 2026

जिला निर्वाचन अधिकारी जसजीत कौर द्वारा ईवीएम स्ट्रांग रूम एवं वीवीपेट वेयरहाउस का किया गया निरीक्षण

जिला निर्वाचन अधिकारी जसमीत कौर

बिजनौर 27 जनवरी, 2026:- जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी जसजीत कौर द्वारा आज दोपहर 12:00 बजे कलेक्ट्रेट परिसर स्थित ईवीएम संरक्षित एवं झंडापुर स्थित वीवीपेट वेयरहाउस का मासिक निरीक्षण किया गया। सर्वप्रथम जिलाधिकारी द्वारा कलेक्ट्रेट स्थित ईवीएम स्ट्रांग रूम के बाहर लगे तालों की सील्ड्स का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने ईवीएम सुरक्षा, अग्नि सुरक्षा, विद्युत व्यवस्था एवं अन्य सभी प्रकार की व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित पाई गईं। स्ट्रांग रूम स्थित गार्ड रूम के निरीक्षण के दौरान उन्होंने सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी को सफाई व्यवस्था एवं रंगाई-पुताई कराने के निर्देश दिए।
तदोपरांत जिलाधिकारी श्रीमती कौर ने झंडापुर स्थित वीवीपेट वेयरहाउस का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने यहां भी भूतल स्थित विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों के वीवीपेट कक्षों में लगे तालों की सील्ड्स आदि का मुआयना किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने सिक्योरिटी, विद्युत व्यवस्था, साफ सफाई सहित अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया, जो मानक के अनुरूप संचालित पाई गईं। निरीक्षण के दौरान ईवीएम के रख रखाव व सुरक्षा के दृष्टिगत सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने अपनी सहमति जताई और सुरक्षा के इंतजाम देख कर संतोष व्यक्त किया।
निरीक्षण के दौरान सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी प्रमोद कुमार, राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि कांग्रेस से अनिल कुमार एवं क़ाज़ी आतिफ़, बसपा से मुहम्मद सिद्दीक तथा सपा से अख़लाक़ पप्पू सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद थे।

परिवहन मंत्री ने 21 करोड़ की परियोजना का किया भूमिपूजन

बलिया यूपी, 27/01/2026,  नगर पालिका परिषद के कटहल नाले की आज भूमि पूजन और शिलान्यास का कार्यक्रम किया गया। जहां कार्यक्रम के दौरान यूपी सरकार के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह,बीजेपी जिलाध्यकाश संजय मिश्रा और जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह मौजूद रहे।वही यूपी सरकार के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने बताया कि कटहल नाला एक एतिहासिक नाला है जो राजा सूरथ थे उन्होंने प्राचीन काल में सुरहाताल का निर्माण कराया था पुरानी में बताया जाता है कि कुष्ठ रोग से पीड़ित लोग आते थे और ताल में स्नान करते थे तो उनको मुक्ति मिल जाती थी और यह ताल एशिया का सबसे बड़ा ताल है यह 36 किलो मीटर और 3400 हेक्टेयर मीटर में है गंगा नदी और सुरहा ताल कटहल नाले से जुड़ा हुआ है 21 किलो मीटर कटहल नाला गंगा नदी से सूरहाताल को जोड़ता है जब बाढ़ आती है तो बाढ़ को रोकने में सुरहा ताल में जाकर पानी स्टोर हो जाता है।यह दोनो तरफ बहाने वाला एक मात्र नाला है देश का पहला यह नाला है जो दिनों तरफ से बहता है बाढ़ की भी सुरक्षा करता है और 28 गांवों में पानी हो जाता है तो पानी निकालने का काम करता है।शहर के बीचों बीच पांच किलो मीटर यह नाला होकर गुजरता है बलिया में किसी चीज से अगर गंदगी होती है तो वह है कटहल नाला।मैंने चुनाव के समय कहा था कि जो सबसे बड़ी गंदगी है वही से हम लोग शूरुवात करेंगे और इसको हम लोग जूहू चौपाटी जैसा बनाएंगे।मैं मुख्य मंत्री को धन्यवाद देता हूं कि इसकी सुंदरीकरण के लिए 19 करोड़ रुपए और सिंचाई विभाग इसकी सफाई के लिए निर्गत करके हम बलिया वासियों को सम्मान दिया है आज उसका शिलान्यास हुआ है। वही यूजीसी को लेकर यूपी सरकार के परिवहन मंत्री दया शंकर सिंह से सवाल किया गया तो उन्होंने टाल मटोल करने लगे।

एटा में सवर्ण समाज ने यूजीसी कानून के विरोध में सड़क पर पैदल मार्च कर उपजिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा

एटा 27 जनवरी उप्रससे। जनपद में सवर्ण समाज के सैकड़ों लोगों ने यूजीसी कानून के विरोध में प्रदर्शन करते हुए शहीद पार्क से कलेक्ट्रेट तक पैदल मार्च निकाला और उपजिलाधिकारी सतीश कुमार को राष्ट्रपति तथा प्रधानमंत्री के नाम एक लिखित ज्ञापन सौंपा। प्रदर्शनकारियों ने कानून वापस लेने की मांग की।

यूजीसी विरोध में रैली

यूजीसी के विरोध में दिया ज्ञापन

यह प्रदर्शन अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के जिलाध्यक्ष गजेंद्र सिंह चौहान, मनोज पचौरी और करणी सेना के पदाधिकारियों के संयुक्त नेतृत्व में किया गया। सैकड़ों की संख्या में सवर्ण समाज के लोग शहीद पार्क से कलेक्ट्रेट तक पहुंचे, जहां उन्होंने सरकार विरोधी नारे लगाए। युवाओं ने हाथों में ‘यूजीसी एक्ट बायकॉट’ के पोस्टर थाम रखे थे। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि कानून वापस नहीं लिया गया तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।

अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के जिलाध्यक्ष गजेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि सरकार ने यह कानून बनाकर सवर्ण समाज के बच्चों को ‘स्वघोषित अपराधी’ बना दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार सवर्ण समाज को कुचलने का काम कर रही है। चौहान ने मांग की कि इस कानून को वापस लिया जाए या इसमें संशोधन किया जाए। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि कानून संशोधन समिति में सवर्ण समाज के लोगों को शामिल किया जाए और सवर्ण अभ्यर्थियों के लिए अलग शैक्षणिक संस्थान बनाए जाएं।

उत्तर प्रदेश बार काउंसिल में सदस्य के लिए मतदान शुरू

(more…)

« Newer PostsOlder Posts »