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स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक

February 27, 2026

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक

Posted on 27.02.2026 Friday Time 08.53 PM, Allahabad High court, Sami

प्रयागराज, 27 फरवरी 2026, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पॉक्सो मामले में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक लगा दी है। मामले की सुनवाई 12 मार्च को होगी, तब तक उन्हें गिरफ्तार नहीं किया जाएगा।

एक सदस्यीय पीठ के जस्टिस जितेंद्र कुमार सिन्हा ने अंतरिम आदेश जारी कर अगली सुनवाई की तिथि 12 मार्च तय की है। तब तक स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की गिरफ्तारी नहीं होगी। लेकिन पुलिस जांच जारी रहेगी। इसमें स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को सहयोग करने को कहा गया है।

दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं को सुनने के बाद दिए निर्णय में जस्टिस सिन्हा ने आदेश में कहा की ऑर्डर रिजर्व किया जाता है। अगली तारीख पर दोनों पक्षों के अधिवक्ता लिखित वक्तव्य प्रस्तुत करें और नया शपथ पत्र दें।

The Allahabad High Court has granted an interim stay on the arrest of Swami Avimukteshwaranand in a POCSO case. The case will be heard on March 12, until then he will not be arrested.

अविमुक्तेश्वरानंद प्रकरण में high court में तीखी बहस, अग्रिम जमानत पर सुनवाई

Posted on 27.02.2026 Friday Time 08.26 PM, Allahabad High court, Avimukteshveranand

 

प्रयागराज। इलाहाबाद हाईकोर्ट में नाबालिगों के साथ यौन शोषण के मामले में दर्ज एफआईआर से जुड़ी अग्रिम जमानत अर्जी पर सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस देखने को मिली। सरकार की ओर से अपर महाधिवक्ता मनीष गोयल ने याचिका की पोषणीयता पर सवाल उठाते हुए कहा कि अग्रिम जमानत के लिए सीधे हाईकोर्ट आना सामान्य प्रक्रिया नहीं है और इसके लिए असाधारण परिस्थितियों का होना जरूरी है। उन्होंने इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट के कई फैसलों का हवाला भी दिया।
वहीं शंकराचार्य की ओर से पेश अधिवक्ता ने दलील दी कि पीड़ित की ओर से मुकदमा एक संरक्षक के जरिए दर्ज कराया गया है, जबकि उसके माता-पिता या वास्तविक अभिभावकों का कोई स्पष्ट पता नहीं है। इस पर कोर्ट ने टिप्पणी करते हुए कहा कि यह कोई अनिवार्य बाधा नहीं है कि अग्रिम जमानत के लिए सीधे हाईकोर्ट न आया जाए।
शंकराचार्य के वकील ने यह भी कहा कि पहले 18 जनवरी को अमावस्या के दिन मारपीट से जुड़ी एक अर्जी दी गई थी, जिस पर केस दर्ज नहीं हुआ। इसके बाद पॉक्सो एक्ट के तहत अर्जी दाखिल की गई, जिससे पूरे मामले में भ्रम की स्थिति पैदा हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह मुकदमा साजिश के तहत और किसी दबाव में दर्ज कराया गया है।
अधिवक्ता ने यह आरोप भी लगाया कि शंकराचार्य के खिलाफ केस दर्ज कराने वाला व्यक्ति खुद हिस्ट्रीशीटर है, जिस पर गौहत्या, दुष्कर्म और हत्या जैसे गंभीर मामले दर्ज हैं और वह 25 हजार रुपये का इनामी है। साथ ही सवाल उठाया गया कि नाबालिगों को अब तक बाल कल्याण समिति के समक्ष क्यों नहीं प्रस्तुत किया गया और उनके माता-पिता कहां हैं। इस पर कोर्ट ने सरकार के अधिवक्ता से स्पष्ट पूछा कि बच्चे इस समय कहां हैं।
शंकराचार्य की ओर से विवेचना पर भी गंभीर सवाल खड़े किए गए। कहा गया कि जिन बच्चों को पेश किया गया है, उनकी मार्कशीट हरदोई की है और वे वहां के संस्थागत छात्र हैं। यह भी दलील दी गई कि पूरा विवाद मौनी अमावस्या से शुरू हुआ और यह सब सरकार की ओर से प्रायोजित प्रतीत होता है। बच्चों का मेडिकल परीक्षण भी कथित तौर पर करीब एक माह बाद कराया गया।
सरकार की ओर से जवाब दिया गया कि बच्चों को बाल कल्याण समिति के माध्यम से उनके माता-पिता को सौंप दिया गया है।
इससे पहले शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने सुनवाई को लेकर बयान देते हुए कहा कि कोर्ट में झूठ की कलई खुल जाएगी। उन्होंने न्यायपालिका पर भरोसा जताते हुए कहा कि झूठी कहानियां बनाकर कब तक लोगों को बरगलाया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश पुलिस भी उन्हें संरक्षण दे रही है और बच्चों के साथ कुकर्म से जुड़ी मेडिकल रिपोर्ट तथा दोषियों को साबित करना सरकार की जिम्मेदारी है।

होली से पहले विरासत गलियारे से हर हाल में हटे मलबा : मंडलायुक्त*

Santosh Kumar Singh
Gorakhpur
27/02/2026

10 करोड़ से अधिक लागत की निर्माण परियोजनाओं की समीक्षा, कार्यों में तेजी लाने के निर्देश*

गोरखपुर। मंडलायुक्त अनिल ढींगरा ने आयुक्त सभागार में 10 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली विभिन्न निर्माण परियोजनाओं की समीक्षा बैठक आयोजित कर संबंधित विभागों के अधिकारियों को कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
बैठक के दौरान लोक निर्माण विभाग द्वारा कराए जा रहे विरासत गलियारा निर्माण कार्य की समीक्षा करते हुए मंडलायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिया कि आगामी होली पर्व के दौरान निकलने वाली शोभायात्रा को देखते हुए गलियारे में पड़े समस्त मलबे को हर हाल में आज शाम तक हटाया जाए। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य में आ रही सभी समस्याओं का तत्काल समाधान कर कार्य की प्रगति सुनिश्चित की जाए, ताकि आमजन को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
मंडलायुक्त ने नौसड़–पैडलेगंज 6 लेन मार्ग, जिला जेल बाईपास, एच.एन. सिंह चौराहे से गोरखनाथ मंदिर तक प्रस्तावित 2/4 लेन सड़क निर्माण सहित अन्य महत्वपूर्ण परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए कार्यों को निर्धारित समय सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़कों के निर्माण पूर्ण होने से शहरवासियों को बेहतर और सुगम आवागमन की सुविधा प्राप्त होगी।
सेतु निगम के अधिकारियों से निर्माणाधीन पुलों की प्रगति की जानकारी लेते हुए मंडलायुक्त ने अवशेष कार्यों को शीघ्र पूरा कराने पर जोर दिया। इसके साथ ही एसएसएफ मार्ग, रामजानकी मार्ग, भटहट–बांसस्थान फोरलेन, गोरखपुर–पिपराईच फोरलेन सहित विभिन्न सड़क परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को कार्यों में गति लाने के निर्देश दिए।
बैठक में जिलाधिकारी दीपक मीणा, नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल, प्रभागीय वनाधिकारी विकास यादव, अपर जिलाधिकारी (वित्त) विनीत सिंह, मुख्य राजस्व अधिकारी हिमांशु वर्मा, उपजिलाधिकारी सदर दीपक गुप्ता सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

पत्रकार अग्निवेश सिंह की मौत पर जिला अस्पताल में उमड़ा पत्रकारों का जनसैलाब*

Santosh Kumar Singh
Gorakhpur
27/02/2026

*दोषियों व लापरवाह अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग, मेडिकल टीम गठित कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया शव*

गोरखपुर। बांसगांव क्षेत्र में नाली विवाद के दौरान गंभीर रूप से घायल हुए गोरखपुर जर्नलिस्ट प्रेस क्लब के आजीवन सदस्य अग्निवेश सिंह की मौत के बाद जिला अस्पताल परिसर में शोक और आक्रोश का माहौल देखने को मिला। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में पत्रकार जिला अस्पताल पहुंच गए और पूरे मामले की विधिक प्रक्रिया को स्वयं निगरानी में पूरा कराया।
गोरखपुर जर्नलिस्ट प्रेस क्लब के अध्यक्ष ओंकार धर द्विवेदी, उपाध्यक्ष धनेश, मंत्री पंकज श्रीवास्तव, संयुक्त मंत्री महेंद्र गौड़, कोषाध्यक्ष दुर्गेश यादव, सदस्य डॉ. मनोज मिश्रा, रजनीश त्रिपाठी , संतोष कुमार सिंह सहित मान्यता प्राप्त पत्रकार समिति के अध्यक्ष अरविंद राय, पूर्व अध्यक्ष रितेश मिश्रा, वरिष्ठ पत्रकार टी.पी. शाही, रामचंद्र शाही, राजू सैनी, राजेश कुमार, शिवहर्ष द्विवेदी प्रिंस पांडेय वेद पाठक निखलेश प्रताप समेत तमाम पत्रकार जिला अस्पताल पहुंचे।
पत्रकारों की मौजूदगी में मृतक अग्निवेश सिंह के शव का पंचनामा कराया गया तथा आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर शव को पोस्टमार्टम हेतु बीआरडी मेडिकल कॉलेज भेजा गया। पत्रकार प्रतिनिधिमंडल ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) से वार्ता कर मेडिकल टीम गठित कराए जाने की मांग की, जिस पर तत्काल संज्ञान लेते हुए मेडिकल टीम का गठन किया गया और शव को पोस्टमार्टम हाउस रवाना किया गया।
इस दौरान जिला अस्पताल परिसर में पत्रकारों का भारी हुजूम मौजूद रहा। सभी ने एक स्वर में घटना की निष्पक्ष जांच, आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी तथा पूर्व में दिए गए प्रार्थना पत्रों पर कार्रवाई न करने वाले जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध भी कठोर कार्रवाई की मांग उठाई।
पत्रकारों ने कहा कि यदि समय रहते प्रशासन द्वारा शिकायतों पर प्रभावी कार्रवाई की गई होती तो आज एक सक्रिय पत्रकार को अपनी जान नहीं गंवानी पड़ती। उन्होंने चेतावनी दी कि दोषियों एवं लापरवाह अधिकारियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो पत्रकार समाज आंदोलन के लिए बाध्य होगा इस दुखद घटना से पत्रकार जगत में शोक व्याप्त है।

Gorakhpur. A pall of gloom descended on the district hospital premises following the death of Agnivesh Singh, a life member of the Gorakhpur Journalists Press Club, who was critically injured during a drain dispute in the Bansgaon area. As soon as the news of the incident was received, a large number of journalists reached the district hospital and completed the legal process of the entire case under their own supervision. Gorakhpur Journalists Press Club President Onkar Dhar Dwivedi, Vice President Dhanesh, Minister Pankaj Srivastava, Joint Minister Mahendra Gaur, Treasurer Durgesh Yadav, Members Dr. Manoj Mishra, Rajneesh Tripathi, Santosh Kumar Singh, President of Recognized Journalists Committee Arvind Rai, Former President Ritesh Mishra, Senior Journalist T. P. Shahi, Ramchandra Shahi, Raju Saini, Rajesh Kumar, Shivharsh Dwivedi Pandey Prince Ved Pathak Nikhlesh Pratap and many journalists reached the district hospital.

गीडा क्षेत्र में अवैध रूप से खड़े टैंकरों पर दर्ज होगा मुकदमा : मंडलायुक्त

Santosh Kumar Singh
Gorakhpur
27/02/2026

*उद्योग बंधुओं की समस्याओं के समाधान को लेकर मंडलायुक्त अनिल ढींगरा की अध्यक्षता में बैठक*


गोरखपुर। मंडलायुक्त सभागार में मंडलायुक्त अनिल ढींगरा की अध्यक्षता में उद्योग बंधुओं के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें गीडा (गोरखपुर औद्योगिक विकास प्राधिकरण) क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक के दौरान उद्योग बंधुओं द्वारा गीडा क्षेत्र में अवैध रूप से टैंकर खड़े किए जाने की समस्या उठाई गई। इस पर मंडलायुक्त ने कड़ा रुख अपनाते हुए निर्देश दिया कि सड़क किनारे या औद्योगिक क्षेत्र में अवैध तरीके से टैंकर खड़ा करने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाए। उन्होंने कहा कि टैंकरों के खड़े रहने से उद्योगों की बड़ी मालवाहक गाड़ियों के आवागमन में गंभीर दिक्कतें उत्पन्न होती हैं, जिससे औद्योगिक गतिविधियां प्रभावित होती हैं।
मंडलायुक्त ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि उद्योग बंधुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए नियमित निगरानी एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही औद्योगिक क्षेत्र की अन्य समस्याओं एवं व्यवस्थाओं पर भी चर्चा करते हुए उनके शीघ्र समाधान के निर्देश दिए गए।
बैठक में गीडा के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) अनुज मलिक सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं उद्योग बंधु उपस्थित रहे।

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