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जनगणना कार्य में लापरवाही बरतने वाले 06 शिक्षक  निलम्बित

May 26, 2026

जनगणना कार्य में लापरवाही बरतने वाले 06 शिक्षक  निलम्बित

डीएम ने 41 शिक्षकों का वेतन रोका
मैनपुरी।  जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी के निर्देश पर जनगणना-2027 के कार्य में लापरवाही बरतने वाले शिक्षकों एवं शिक्षामित्रों के विरुद्ध बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा बड़ी प्रशासनिक कार्यवाही की गई है, जनगणना जैसे राष्ट्रीय महत्व के कार्य में उदासीनता एवं अनुशासनहीनता पाए जाने पर 41 शिक्षकों, शिक्षामित्रों का वेतन अग्रिम आदेशों तक रोक दिया गया है जबकि 06 शिक्षकों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। उन्होने बताया कि भारत सरकार द्वारा संचालित जनगणना-2027 का प्रथम चरण 22 मई 2026 से प्रारंभ हो चुका है, जिसके अंतर्गत मकानों का सूचीकरण कार्य कराया जा रहा है, शासन के निर्देशानुसार बेसिक शिक्षा विभाग के शिक्षकों, शिक्षामित्रों को प्रगणक के रूप में तैनात किया गया है, जनगणना कार्य की गत् दिवस देर रात्रि में समीक्षा करने पर पाया कि कई प्रगणकों द्वारा अब तक ड्यूटी प्राप्त नहीं की गई, कई प्रगणकों द्वारा सौंपे गए दायित्वों के निर्वहन में गंभीर लापरवाही बरती गई, जिस पर उन्होने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को राष्ट्रीय महत्व के कार्यक्रम में लापरवाही बरतने वाले शिक्षकों, शिक्षामित्रों के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही करने के निर्देश दिये, जिस पर उन्होने कार्य में लापरवाही बरतने वाले शिक्षकों, शिक्षामित्रों के विरूद्ध निलम्बन, वेतन रोकने के आदेश जारी करते हुए संबंधित सभी कार्मिकों को 03 दिन के भीतर अपना स्पष्टीकरण संबंधित खंड शिक्षाधिकारी कार्यालय में प्रस्तुत करने के निर्देश दिये।
        श्री त्रिपाठी ने बताया कि जनगणना कार्य में लापरवाही बरतने, किट प्राप्त न करने वाले प्राथमिक विद्यालय त्रिलोकपुर में तैनात प्र.अ. मंजू तनेजा, प्राथमिक विद्यालय झिंझाई में तैनात स.अ. गीता चौहान, प्राथमिक विद्यालय रूपपुर भरतपुर में तैनात स.अ. प्रतिभा मिश्रा, प्राथमिक विद्यालय रूपपुर बांक में तैनात प्र.अ. स्नेहलता यादव, प्राथमिक विद्यालय नगला सराय में तैनात प्र.अ. अनुराधा दुबे, प्राथमिक विद्यालय नगला शिवलाल  में तैनात स.अ. सुनीता रानी को तत्काल प्रभाव से निलम्बित कर दिया गया है। उन्होने आगे बताया कि शिक्षक, शिक्षामित्र आभा वर्मा, अदिति सिंह, अनामिका, अंजू देवी, मुकेश कुमार, अर्चना यादव, भारती सिंह, चित्रलेखा, इन्द्रा कुमारी, जितेन्द्र सिंह, जूही यादव, कुलदीप दुबे, मधु वर्मा, मधुबाला, मेघा, मोहिनी माथुर, मुकेश कुमार, नीति यादव, पंकज कुमार शुक्ला, पिंकी शर्मा, पूजा सिंह, प्रीति कुशवाह, प्रीति राठौर, प्रीति शाक्य, प्रेमलता यादव, प्रीति यादव, प्रीति कश्यप, राघवेन्द्र सिंह, राजावेटी, रीना मौर्य, रेखा रानी पाण्डेय, साक्षी यादव, संगीता, संगीता यादव, सर्वेश कुमार, साक्षी बाला, शिल्पी, शिवानी यादव, सुषमा यादव, उपेन्द्र सिंह, वैशाली शर्मा का तत्काल प्रभाव से अग्रिम आदेशों तक वेतन रोक दिया गया है ।जिला बेसिक शिक्षाधिकारी ने बताया कि संबंधित शिक्षकों द्वारा जनगणना कार्य के लिए ड्यूटी प्राप्त नहीं की गई तथा प्रशासनिक निर्देशों की अवहेलना की, जिस कारण यह कार्यवाही की गई है, निलम्बित शिक्षकों को निलंबन अवधि में ब्लॉक संसाधन केंद्र से सबद्ध किया गया है तथा वित्तीय नियमावली के अनुसार जीवन निर्वाह भत्ता अनुमन्य होगा।

आंधी तूफान ने रोकी लखनऊ रुट पर दस ट्रेनों की रफ्तार

Rail

-बंथरा-लखनऊ रेलखंड पर पेड़- मलबा गिरने से ओएचई बाधित
-लखनऊ मेल,काशी, नौचंदी समेत प्रमुख ट्रेनें प्रभावित
-पौन घंटे से सवा तीन घंटे तक लेट हुईं तमाम गाडियां

Post on 26.5.26
Tuesday Moradabad
Rajesh Bhatia,Time 5.05
Pm

मुरादाबाद, उप्र समाचार सेवा।
सोमवार रात में आंधी तूफान से रेलगाड़ियों की चाल बिगड़ गई।
तेज आंधी से रोजा-लखनऊ रेल खंड पर ज्यादा असर पड़ा।आंधी से कई स्थानों पर पेड़ गिरने व मलबा आने से रेलमार्ग बुरी तरह प्रभावित रहा।बाधित रेल संचालन बहाल करने के लिए रेल प्रशासन रात में ही जुट गया।
मुरादाबाद मंडल में बदले मौसम से राहत तो मिली लेकिन रेल यातायात प्रभावित कर गई।कई
स्थानों पर पेड़ों के गिरने, मलबा गिरने के कारण मंडल के रेल खंडों में ओएचई (OHE)सिस्टम
बाधित हो गया।
रेलवे के अनुसार खराब मौसम से ओएचई उपकरणों को क्षति पहुंची।ट्रिपिंग की घटनाओं ने ट्रेनों की रफ्तार रोक दीं।
रात में आंधी तूफान से प्रभावित बाधित रेल संचालन की बहाली के लिए डीआरएम विनीता श्रीवास्तव के निर्देश पर सीनियर डीईई (कर्षण वितरण) सचिन कुमार, टीआरडी की टीमें सक्रिए हो गई।बिलपुर–मीरनपुर कटरा यार्ड, रोज,पीआरपीएम,रोजा–बंथरा रेलखंड व कौड़ा–बेहटागोकुल यार्ड में संचालन बाधित हुआ।इन जगहों पर पर पेड़ों के गिरने, टीनशेड गिरने से ओएचई सिस्टम गड़बड़ा गया।ओएचई व रेल संचालन को करीब सवा तीन घंटे में दुरुस्त किया जा सका।
इस दौरान लखनऊ रूट पर गाड़ियों के पहिए थमे रहें।
पद्मावत 14207, लखनऊ मेल 12229,काशी 15127,नौचंदी 14241,लखनऊ-चंडीगढ़ इंटरसिटी 12231,एसी एक्सप्रेस 12429, मुजफ्फरपुर सप्तक्रांति 12557, सुहेल देव 22419 के अलावा 15043, 15011व 12371 ट्रेनें प्रभावित रहीं। ट्रेनें चार घंटे से ज्यादा लेट हो गई।
सीनियर डीसीएम महेश यादव ने बताया कि आंधी तूफान से मंडल में रेल संचालन प्रभावित हुआ। बाधित संचालन बहाल कर लिया गया।

Gorakhpur:राप्ती नदी में नहाने गए तीन किशोरों की डूबकर मौत, एनडीआरएफ ने बरामद किए शव

Posted on 26/05/2026
Time 19:34 P.M
Gorakhpur
Santosh Kumar Singh

गोरखपुर। 26 मई 2026 ( उप्र समाचार सेवा) राजघाट स्थित राप्ती नदी में मंगलवार को एक भीषण हादसा हो गया, जिसमें नहाने गए तीन किशोरों की डूबने से मौत हो गई। इस हृदय विदारक घटना से तुर्कमानपुर क्षेत्र में मातम छा गया है। एनडीआरएफ और स्थानीय गोताखोरों द्वारा चलाए गए घंटों के सर्च ऑपरेशन के बाद देर शाम तीनों किशोरों के शव बरामद कर लिए गए।

​मृतकों की पहचान तुर्कमानपुर निवासी 15 वर्षीय निक्कू पुत्र सुनील, 15 वर्षीय सत्ती पुत्र मोहन और इरफान पुत्र फखरुद्दीन के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ये तीनों किशोर दोपहर में राप्ती नदी के राजघाट पर नहाने के लिए गए थे। इसी दौरान वे गहरे पानी के भंवर में फंस गए और देखते ही देखते नदी की तेज धारा में ओझल हो गए।

​घटना की सूचना मिलते ही अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस और प्रशासन को सूचित किया। मौके पर पहुंचे एसडीएम सदर दीपक गुप्ता की देखरेख में एनडीआरएफ की टीम और स्थानीय गोताखोरों ने तत्काल सर्च ऑपरेशन शुरू किया। कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने सबसे पहले निक्कू और सत्ती के शव बरामद किए।
​इरफान की तलाश के लिए टीम ने अपना अभियान जारी रखा और देर शाम उसका शव भी नदी से निकाल लिया गया।

​तीनों किशोरों के शवों के बरामद होने के बाद परिजनों की चीख-पुकार से पूरा इलाका दहल उठा। इस घटना से पूरे तुर्कमानपुर में शोक की लहर है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से नदी किनारे बैरिकेडिंग और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने की मांग की है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।

​प्रशासन ने लोगों से सतर्कता बरतने की अपील की है। विशेष रूप से अभिभावकों से कहा गया है कि वे अपने बच्चों पर नजर रखें और उन्हें नदी या किसी भी असुरक्षित जलाशय के पास अकेले न जाने दें। ​पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और नियमानुसार विधिक कार्रवाई की जा रही है।

क्षय रोगियों को किया गया पोषण पोटली का वितरण

उप्रससे अजय बरया पत्रकार
ललितपुर- राष्ट्रीय क्षयरोग उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत दिनांक 26 मई,2026 को जिला क्षयरोग नियंत्रण केन्द्र पर क्षयरोगियों को पोषण पोटली का वितरण किया गया। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ0 इम्तियाज अहमद ने कहा कि इसका उद्देश्य मरीजों के पोषण स्तर को बेहतर बनाकर रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाना है। क्षयरोगियों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिये मरीजों को गोद लेने की योजना संचालित की गयी है, इसमें आमजन, अधिकारी व समाजसेवी संगठन मरीजों को गोद ले सकते हैं। इसके बाद मरीजों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिये पोषण किट वितरण की जाती है। पब्लिक हेल्थ स्पेशलिस्ट डाॅ0 सौरभ सक्सेना ने बताया है कि टीबी एक पूर्णतः इलाज योग्य बीमारी है बशर्ते मरीज नियमित रूप से दवा लें और उचित पोषण प्राप्त करें। पोषण पोटली जैसी पहल मरीजों के इलाज को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। हमारा लक्ष्य है कि हर मरीज को न केवल दवा बल्कि पर्याप्त पोषण भी मिले, ताकि वह जल्दी से जल्दी स्वस्थ्य होकर सामान्य जीवन में लौट सके। उन्होंने आगे बताया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा टीबी उन्मूलन के लिये लगातार प्रयास किये जा रहे हैं और समुदायिक की सहभागिता इस अभियान की सफलता के लिये अत्यंत आवश्यक है। टीबी की बीमारी से ग्रसित मरीजों को गोद लेने के लिये आमजन को प्रेरित किया जा रहा है। निःक्षय मित्र बनकर क्षयरोगियों के पोषण में सुधार करके आम जन उनसे सच्ची मित्रता निभा सकते हैं। क्षयरोग से ग्रसित मरीजों को समय से इलाज उपलब्ध कराना हमारी प्राथमिकता है। इस दौरान जिला क्षयरोग अधिकारी डाॅ0 रामनरेश सोनी, परामर्शी चिकित्सक डाॅ0 जे0एस0 बक्शी, जिला क्षयरोग नियंत्रण केन्द्र के पीपीएम आदेश श्रीवास्तव, डीपीसी शिवराम सिंह, डीपीटीसी मनोज गुप्ता, टीबीएचवी विकास कुमार श्रीवास्तव आदि कर्मचारी उपस्थित रहे।

नगर निगम सदन में अधिकारियों की लेटलतीफी पर पार्षदों का हंगामा, कार्यवाही स्थगित

Posted on 26/05/2026
Time 17:40 P.M
Gorakhpur
Santosh Kumar Singh

​गोरखपुर। 26 मई 2026 ( उप्र समाचार सेवा) नगर निगम की बैठक मंगलवार को अधिकारियों की कार्यशैली और समय प्रबंधन को लेकर भारी हंगामे की भेंट चढ़ गई। निर्धारित समय से आधा घंटा देरी से सदन में पहुंचे अधिकारियों के खिलाफ पार्षदों ने मोर्चा खोल दिया। इस दौरान पार्षदों ने इसे जनप्रतिनिधियों का अपमान और प्रशासनिक लापरवाही करार दिया।

सदन की बैठक सुबह 11 बजे निर्धारित थी, लेकिन नगर आयुक्त और महापौर के साढ़े 11 बजे पहुंचने पर पार्षदों का धैर्य जवाब दे गया। पार्षद रवींद्र सिंह ने कड़े शब्दों में विरोध जताते हुए कहा कि “अपमान के बल पर सदन नहीं चलेगा।” पार्षदों का आरोप था कि जब वे समय पर उपस्थित हो सकते हैं, तो अधिकारियों की ओर से देरी क्यों की गई।

पार्षदों ने सवाल उठाया कि जब सदन की बैठक बुलाई गई थी, तो उसी समय नीचे सभागार में ‘सम्भव’ कार्यक्रम क्यों रखा गया? इसे अधिकारियों ने प्रशासनिक चूक माना।
​पूर्व पार्षद रोजा खातून के निधन के बाद मिनट्स जारी न होने और पूर्व नगर आयुक्त के विदाई समारोह की सूचना न मिलने पर भी पार्षदों ने तीखा आक्रोश जताया।

बढ़ते हंगामे को देखते हुए अपर नगर आयुक्त प्रमोद कुमार ने सामने आकर प्रशासनिक चूक स्वीकार की और भविष्य में पुनरावृत्ति न करने का आश्वासन दिया। हालांकि, पार्षदों का गुस्सा शांत नहीं हुआ। अंततः पूर्व पार्षद के सम्मान में दो मिनट का मौन रखने के बाद सदन की कार्यवाही स्थगित कर दी गई। ​

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