Web News

www.upwebnews.com

एटा में भूसे से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटने से अधेड़ की मौत, चार घायल

March 17, 2026

एटा में भूसे से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटने से अधेड़ की मौत, चार घायल

एटा 17 मार्च उप्रससे। जिले के मलावन थाना क्षेत्र के हरचंदपुर के पास भूसे से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटने से एक व्यक्ति की मौत हो गई। और चार अन्य लोग घायल हुए हैं।

राहगीरों ने तत्काल एंबुलेंस और पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घायलों को एटा वीरांगना अवंतीबाई मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया। जहां डॉक्टरों ने एक व्यक्ति को मृत घोषित कर दिया।

मृतक राकेश पुत्र गयाप्रसाद 55 नगला बाबन थाना एका फिरोजाबाद का निवासी है। घायलों में नगला भी, फिरोजाबाद निवासी 52 वर्षीय देवदत्त पुत्र सियाराम, 30 वर्षीय राजा पुत्र अंगद, 50 वर्षीय नंदकिशोर पुत्र गया प्रसाद और 60 वर्षीय रामबकील पुत्र कन्हीलाल शामिल हैं। सभी घायलों का उपचार जारी है।
पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मृतक के शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भर पोस्टमार्टम कराया है।

मृतक के भतीजे संदीप ने बताया कि राकेश छछैना की ओर से ट्रैक्टर पर सवार होकर एटा आ रहे थे, तभी ट्रैक्टर-ट्रॉली दुर्घटनाग्रस्त हो गई। इस हादसे में उनके ताऊ राकेश की मौत हो गई और गांव के चार अन्य लोग भी घायल हुए हैं।

मलावन थाना प्रभारी आरके सिंह ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया। घायलों को एंबुलेंस की मदद से मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया, जहां एक व्यक्ति को मृत घोषित कर दिया गया। चार अन्य घायलों का उपचार चल रहा है। मृतक के शव का पोस्टमार्टम कराया है साथ ही हादसे के कारणों का पता लगाया जा रहा है।

तानाशाही के नाम पर: युद्ध नियंत्रण की आवश्यकता : डाॅ०राकेश सक्सेना

Rakesh Saxena

Posted on 17.03.2026, Tuesday

एटा 17 मार्च उप्रससे। युद्ध आक्रामक कृत्य है जो किसी भी राष्ट्र की अस्मिता के विनाश से जोड़ता है। इस विचार को दृष्टिगत रखते हुए मानव सभ्यता के इतिहास में युद्ध एक जटिल पक्ष रहा है। समय बदलाव के साथ युद्ध की प्रवृत्ति, साधन, उद्देश्य व परिणाम में व्यापक परिवर्तन हुए। प्राचीन युद्धों में तलवार, भाला, धनुष-बाण, गदा आदि अस्त्र-शस्त्रों का प्रयोग होता था किन्तु आधुनिक युद्धों में टैंक, मिसाइलें, लड़ाकू विमान, परमाणु बम, ड्रोन और साइबर तकनीक जैसे अत्याधुनिक साधनों का प्रयोग होता है। प्राचीन काल में युद्ध के कुछ नैतिक नियम और मर्यादाएँ थीं। दिन में युद्ध और रात्रि में विश्राम, निहत्थे व शरणागत पर आक्रमण न करना, स्त्रियों, बच्चों व निर्दोष नागरिकों की रक्षा करना आदि नियमों का पूर्णरूपेण पालन किया जाता था किन्तु आधुनिक युद्धों में ये मर्यादाएँ तार-तार हो चुकीं हैं। युद्ध किसी भी समस्या के समाधान नहीं होते। आज के युग में युद्ध अत्यधिक विनाशकारी हो गए हैं, इसकी विभीषिका, इसका दुष्प्रभाव समूचे समाज, संस्कृति और मानव जीवन पर पड़ता है, हजारों-लाखों लोग अपने प्राण ग॔वा बैठते हैं, परिवार उजड़ जाते हैं, माताएँ अपने पुत्रों को खो देतीं हैं, बच्चे अनाथ हो जाते हैं, उद्योग धंधे नष्ट हो जाते हैं, जनता अभाव का जीवन जीने को विवश हो जाती है, भय, असुरक्षा और अशान्ति का वातावरण समाज में फैल जाता है, हिंसा व घृणा का वातावरण पनपता है।
आज भारत-पाकिस्तान, अफगान-पाकिस्तान, यूक्रेन-रूस, इजरायल-फिलिस्तीन, अमेरिका-ईरान, इजरायल-ईरान आदि देशों के युद्धों से दृष्टिगोचर हो रहा है कि दुनिया तीसरे विश्वयुद्ध के मुहाने पर खड़ी है। वैश्विक राजनीति में ऊर्जा संसाधनों विशेषकर तेल का महत्वपूर्ण स्थान है। औद्योगिक विकास, सैन्य शक्ति और वैश्विक अर्थव्यवस्था का बहुत बड़ा भाग तेल पर निर्भर करता है, इसी कारण तेल -समृद्ध क्षेत्रों पर नियंत्रण को लेकर विश्व की महाशक्तियों के बीच प्रतिस्पर्धा रही है। अमेरिका की विदेश नीति में तेल राजनीति की बड़ी भूमिका रही है, जिसके कारण आज वह अपनी तानाशाही दिखा रहा है। ट्रम्प नाम का पक्षी जो अमेरिका में पाया जाता है, वह सारी दुनिया पर अपनी चोंच मारना चाहता है, इसलिए उसने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को रातों-रात उठा लिया, ईरान के सर्वोच्च नेता खामनेई को मार दिया और इसी की प्रजाति वाले ने कुछ वर्षों पूर्व ईराक के सद्दाम हुसैन को मार दिया था, फिर भी दुनिया चुप है। सन् 2025 में आयोजित ब्रिक्स बैठक में अमेरिका- इजरायल के ईरान पर हमलों को लेकर निंदा की गई थी लेकिन आज संयुक्त राष्ट्र संघ से लेकर अन्य अंतरराष्ट्रीय मंचों व संगठनों की ओर से इस तानाशाही का विरोध नहीं हो रहा है, जो चिंता का विषय है।
मध्य पूर्व विश्व का सबसे बड़ा तेल भंडार क्षेत्र है। इस क्षेत्र के सऊदी अरब, ईराक, ईरान, कुवैत, संयुक्त अरब अमीरात के पास विशाल तेल संसाधन हैं, इसलिए तानाशाह अमेरिका इन क्षेत्रों पर अपना प्रभाव जमाए हुए है। परस्पर इन देशों में एकजुटता का अभाव है, महाशक्तियाँ पीड़ित देशों के सहयोग हेतु आगे नहीं आ रहीं हैं, नाटो, ब्रिक्स, एससीओ पीस मिशन, शंघाई संगठन मौन साधे दूरी बनाए हुए हैं। डालर में अमेरिका के प्राण बसते हैं, उसके रक्षार्थ वह कुछ भी करता रहे, इस अहंकार को तोड़ना आवश्यक है। अमेरिका ने ईरान पर हमला करके विश्व अर्थव्यवस्था के समक्ष संकट बढ़ा दिया है और यदि युद्ध लम्बा खिचता है तो वह स्वयं भी इस संकट के घेरे में आ जाएगा। वैश्विक तेल कारोबार पर आधिपत्य जमाना किसी भी दृष्टि से न्यायोचित नहीं है। वेनेजुएला की भाँति ईरान भी अपना तेल डालर में नहीं बेच रहे थे। डालर का वर्चस्व अमेरिका कायम न रख पाए इसलिए उस पर अंकुश लगाने के लिए दुनिया के देशों को आगे आना ही होगा।

मंडलायुक्त अनिल ढींगरा की अध्यक्षता में विकास कार्यों की समीक्षा बैठक

Santosh Kumar Singh
Gorakhpur
17/03/2026

डीएम, सीडीओ समेत कई अधिकारी रहे मौजूद, योजनाओं की प्रगति पर हुई चर्चा

गोरखपुर। मंडलायुक्त सभागार में मंडलायुक्त अनिल ढींगरा की अध्यक्षता में विकास कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों की योजनाओं की प्रगति, क्रियान्वयन की स्थिति और लंबित कार्यों पर विस्तार से चर्चा की गई।
मंडलायुक्त ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी विकास कार्यों को समयबद्ध और गुणवत्ता के साथ पूर्ण कराया जाए। उन्होंने विशेष रूप से जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर दिया और लापरवाही बरतने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी।
बैठक में जिलाधिकारी दीपक मीणा, मुख्य विकास अधिकारी शाश्वत त्रिपुरारी, डीएफओ विकास यादव, मुख्य राजस्व अधिकारी हिमांशु वर्मा, एसडीएम सदर दीपक गुप्ता, पीडब्ल्यूडी नोडल अधिकारी ए.के. सिंह सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की, जिस पर मंडलायुक्त ने आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

पूर्व पार्षद राजकुमार चौहान की दिनदहाड़े हत्या, इलाके में सनसनी

Santosh Kumar Singh Gorakhpur
17/03/2026

गोरखपुर। चिलुआताल थाना क्षेत्र के बरगदवा में मंगलवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब मार्निंग वॉक पर निकले पूर्व पार्षद राजकुमार चौहान की बदमाशों ने बेरहमी से हत्या कर दी।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, करीब चार हमलावरों ने उन्हें घेर लिया। पहले उनके सिर में गोली मारी गई, इसके बाद सीने में चाकू से कई वार किए गए। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद राजकुमार चौहान करीब 100 मीटर तक जान बचाने के लिए भागे, लेकिन बदमाशों ने पीछा कर दोबारा हमला कर दिया।
बताया जा रहा है कि हमलावर कुछ देर तक मौके पर ही बैठे रहे और उनकी मौत की पुष्टि होने के बाद फरार हो गए। यह भी जानकारी सामने आई है कि बदमाश अपनी गाड़ी कुछ दूरी पर खड़ी कर पैदल ही वारदात को अंजाम देने पहुंचे थे।
घटना की सूचना मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे और उन्हें तत्काल बीआरडी मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने इलाके को घेर लिया है और गांव में एहतियातन पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। उच्च अधिकारी भी मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गए हैं। प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ की जा रही है और हमलावरों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कई टीमें गठित कर दी गई हैं।
पुलिस का कहना है कि आरोपियों को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

मुरादाबाद की पांच पैसेंजर रद्द, कई में फेरबदल

दिल्ली में यमुना (Yamuna Bridge) पुल-

16 ट्रेनों का बदला रूट, कुछ देरी से चलेंगी

Post on 17.3.26
Tuesday, Moradabad
Rajesh Bhatia

मुरादाबाद।(उप्र समाचार सेवा)।
दिल्ली मंडल में ही शाहदरा- दिल्ली रेलखंड वर्तमान ब्रिज संख्या 249 की जगह नए ब्रिज के निर्माण के लिए 17-18 व 28-29 मार्च को मेगा ब्लॉक को मंजूरी मिली है। इसके चलते मुरादाबाद दिल्ली रूट पर रेल यातायात प्रभावित रहेगा। मंडल की मुरादाबाद दिल्ली पैसेंजर समेत पांच ट्रेनें रद्द रहेंगी। जबकि साबरमती सुल्तानपुर समेत 16 ट्रेन बदले मार्ग से संचालित होगी। अन्य ट्रेनों को देरी से चलाया जाएगा।

सीनियर डीसीएम आदित्य गुप्ता के अनुसार दिल्ली -मुरादाबाद (54308)18, बरेली- दिल्ली 54075-76 ट्रेन 28 व 29 मार्च को रद्द रहेगी। इसी तरह तिलक ब्रिज -बुलंदशहर-64568 ट्रेन 28 व 64567 बुलंदशहर -तिलक ब्रिज ट्रेन 29 मार्च को रद्द की गई है।

*ट्रेनों का बदला रूट* (Diversion of Trains )

साबरमती -सुल्तानपुर- 20939, दिल्ली पैसेंजर 54076 ट्रेन दौराई- टनकपुर -15091, उदयपुर सिटी- योगनगरी ऋषिकेष -09609,
भगत की कोठी -कामख्या- 15623, साबरमती-योगनगरी ऋषिकेश-19031,दिल्ली – टनकपुर-12036, दिल्ली काठगोदाम, अवध आसाम – 15910, समस्तीपुर -श्री गंगानगर-04732, मुरादाबाद -दिल्ली पैसेंजर 54307, योगनगरी ऋषिकेश-उदयपुर सिटी-19610, धनबाद चंडीगढ़ 03311, रानीखेत एक्सप्रेस- 15014, अयोध्या कैंट दिल्ली – 14205 और देहरादून-शकूर बस्ती 14342 ट्रेनों का दिल्ली, शाहदरा व विवेक विहार स्टेशनों पर ठहराव नहीं होगा।

*विलंब से संचालन–* (Rescheduling )

वाराणसी –साबरमती-20964 को वाराणसी से 150 मिनट, पद्मावत एक्सप्रेस 14207 ट्रेन प्रतापगढ़ से 150 मिनट की देरी से चलेगी।

« Newer PostsOlder Posts »