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श्रमिक के उग्र व्यवहार पर एजेंसी पर होगी कार्रवाई: डीएम मेघा रूपम

April 15, 2026

श्रमिक के उग्र व्यवहार पर एजेंसी पर होगी कार्रवाई: डीएम मेघा रूपम

डीएम गौतमबुद्धनगर की अध्यक्षता में विभिन्न औद्योगिक इकाइयों की आउटसोर्सिंग एजेंसी/संविदाकारों की बैठक

कार्मिक या श्रमिक के उपद्रवी व्यवहार पर संबंधित एजेंसी होगी ब्लैक लिस्ट, की जाएगी लाइसेंस निरस्तीकरण की कार्रवाई

समस्त संविदाकार शासन की गाइडलाइंस के अनुसार निर्धारित वेतन देना करें सुनिश्चित

राज्य सरकार श्रमिकों एवं नियोजकों दोनों के हितों की रक्षा के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध

गौतमबुद्धनगर, 15 अप्रैल। जनपद में शासन की गाइडलाइंस का शत प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित कराने एवं औद्योगिक शांति बनाए रखने के उद्देश्य से जिलाधिकारी की अध्यक्षता में विभिन्न औद्योगिक इकाइयों की आउटसोर्सिंग एजेंसी/संविदाकारों के साथ बैठक सम्पन्न हुई।

बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि आउटसोर्सिंग एजेंसी/संविदाकार उद्योग को चलाने तथा लोगों को रोजगार उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में सभी आउटसोर्सिंग एजेंसी/संविदाकारों की जिम्मेदारी है कि वे अपने कार्मिकों व श्रमिकों समेत शांति व्यवस्था बनाए रखें।

डीएम ने निर्देश दिया कि सभी संविदाकार शासन की गाइडलाइंस का शत प्रतिशत पालन सुनिश्चित करें। अगर किसी भी एजेंसी द्वारा या एजेंसी के कार्मिक/श्रमिक द्वारा उपद्रवी व्यवहार किया जाएगा तो उसकी जिम्मेदारी एजेंसी की भी होगी। ऐसे में उस एजेंसी को ब्लैक लिस्ट करते हुए एजेंसी का लाइसेंस निरस्तीकरण की कार्रवाई की जा सकती है ।

जिलाधिकारी ने राज्य सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम वेतन का उल्लेख करते हुए बताया कि अकुशल श्रमिक के लिए 13,690, अर्धकुशल श्रमिक के लिए 15,059 तथा कुशल श्रमिक के लिए 16,868 रुपए प्रतिमाह वेतन निर्धारित किया गया है। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी संविदाकार इन वेतन मानकों का पूर्ण रूप से अनुपालन सुनिश्चित करें एवं श्रमिक के बैंक खातों में पूर्ण वेतन हस्तांतरित करें। किसी भी प्रकार के नियमों का उलंघन व श्रमिकों का शोषण करने पर सख्त कार्रवाई होगी।

जिलाधिकारी ने कहा कि उद्योग, श्रमिक एवं नियोजक तीनों एक-दूसरे के पूरक हैं। उद्योगों का सुचारु संचालन रोजगार के अवसरों को सुरक्षित रखता है, वहीं नियोजकों की स्थिरता से श्रमिकों का भविष्य भी सुनिश्चित होता है। यदि औद्योगिक गतिविधियां प्रभावित होती हैं, तो इसका प्रतिकूल प्रभाव सभी पक्षों के साथ-साथ प्रदेश के समग्र विकास पर पड़ता है।

डीएम ने सभी से अपील की कि किसी भी प्रकार की अफवाह या भ्रामक सूचना पर ध्यान न दें और औद्योगिक शांति बनाए रखते हुए आपसी सहयोग एवं विश्वास के साथ कार्य करें। जिलाधिकारी ने यह भी आश्वस्त किया कि राज्य सरकार श्रमिकों एवं नियोजकों दोनों के हितों की रक्षा के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है और किसी भी समस्या के समाधान हेतु प्रशासन तत्परता से कार्य करेगा।

बैठक में अपर जिलाधिकारी वित्त राजस्व अतुल कुमार, डीडी फैक्ट्री बृजेश, संबंधित विभागों के अधिकारीगण एवं विभिन्न औद्योगिक इकाइयों के संविदाकार उपस्थित रहे।

रालोद व्यापार प्रकोष्ठ की मेरठ बैठक संपन्न


अभि सिंघल जिला अध्यक्ष, दीपक अग्रवाल प्रदेश सचिव एवं संदीप गुप्ता महानगर अध्यक्ष मनोनीत
मेरठ, 15 अप्रैल 2026: राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) व्यापार प्रकोष्ठ की एक महत्वपूर्ण संगठनात्मक कार्यकर्ता बैठक बुधवार को चैंबर ऑफ कॉमर्स, हनुमान चौक, आबूलेन, मेरठ में सफलतापूर्वक संपन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष श्री अनिकेत भारद्वाज ने की।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) श्री त्रिलोक त्यागी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि व्यापार प्रकोष्ठ उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष श्री रोहित अग्रवाल विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए।
बैठक का मुख्य फोकस व्यापारियों की वर्तमान चुनौतियों—विशेषकर जीएसटी की जटिलताएं, ऑनलाइन व्यापार से स्थानीय बाजार पर पड़ रहे प्रभाव—तथा संगठन के विस्तार पर केंद्रित रहा। इस अवसर पर श्री त्रिलोक त्यागी ने व्यापारियों के हितों को लेकर विस्तार से अपने विचार रखे।
राष्ट्रीय सचिव श्री प्रभुद्ध कुमार, हरियाणा एवं जम्मू-कश्मीर प्रभारी श्री विनय प्रधान, राज्य मंत्री श्री नरेंद्र खजूरी तथा श्री मतलूब गौर ने भी व्यापारियों के मुद्दों पर अपने विचार व्यक्त किए। प्रदेश अध्यक्ष श्री रोहित अग्रवाल ने संगठन को मजबूत करने और व्यापारियों की आवाज को प्रभावी ढंग से उठाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान महत्वपूर्ण संगठनात्मक नियुक्तियों की घोषणा की गई। प्रदेश अध्यक्ष श्री रोहित अग्रवाल ने अभि सिंघल को मेरठ जिला अध्यक्ष (व्यापार प्रकोष्ठ), दीपक अग्रवाल को प्रदेश सचिव (व्यापार प्रकोष्ठ) एवं संदीप गुप्ता को महानगर अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी।
नवनियुक्त पदाधिकारियों को राज्य मंत्री श्री नरेंद्र खजूरी एवं प्रभारी श्री विनय प्रधान सहित सभी वरिष्ठ नेताओं ने शुभकामनाएं देते हुए संगठन को नई ऊंचाइयों तक ले जाने की अपेक्षा जताई।

लखनऊ के मशहूर रेस्टोरेंट में आग से हड़कंप

लखनऊ, 15 अप्रैल 26, राजधानी के मशहूर रेस्टोरेंट में सुबह आग लगने से इलाके में हड़कंप मच गया। सूचना पर पहुंची फायरब्रिगेड ने आग पर काबू पाया।

आशियाना के पावर हाउस चौराहे के पास विवेक प्लाजा के तीसरे तल पर संचालित मोती महल डीलक्स रेस्टोरेंट में बुधवार सुबह भीषण आग लग गई और काले धुएं के गुब्बार फ्लोर से फैलने आग। इस दौरान एसी का कंप्रेशर भी फटा,तेज धमाके से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।

मिठाई स्वामी के घर में आग लगने से हड़कंप, फायर ब्रिगेड ने काबू पाया

शहर में कोठीवाल नगर क्षेत्र में हुईं घटना,लाल बिल्डिंग के पास स्वीट्स संचालक के घर की घटना
Post on 15.4.26
Wednesday Moradabad
Rajesh Bhatia

मुरादाबाद।(उप्र समाचार सेवा)।
मंगलवार रात शहर में स्वीट्स संचालक के घर में आग लग गई। घर की पहली मंजिल में आग से वहां रखा सामान जल गया। गनीमत रही कि रात के समय घर में परिवार के सदस्य नहीं थे। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड ने बेकाबू होती आग पर काबू पा लिया।
आग लगने की घटना कोतवाली क्षेत्र में कोठीवाल नगर में लाल बिल्डिंग के पास मिठाई स्वामी के घर हुईं। स्वीट्स संचालक राजा कश्यप के घर की पहली मंजिल में आग लग गई।आग की घटना देर रात की है। आग लगने से बिल्डिंग में हड़कंप मच गया। आग की ऊंची लपटें देखकर पास पड़ोस के लोग भी घबरा गए। और भारी भीड़ जमा हो गई।
आग लगने की सूचना मिलते ही कोतवाली थाना प्रभारी राजेश कुमार सिंह,सीओ सुनीता दहिया समेत भारी पुलिस फोर्स भी मौके पर पहुंच गया। इस दौरान फायर ब्रिगेड विभाग को सूचना दी गई। फायर ब्रिगेड कर्मियों ने मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। इस दौरान फायर ब्रिगेड कर्मियों ने घर में रखे एलपीजी के दो खाली गैस सिलेंडर सुरक्षित तरीके से बाहर निकाल लिए। इससे भी बड़े हादसे की आशंका पर गई। आग से घर में रखा समेत सामान जलकर राख हो गया। शुरुआती तौर पर आग लगने का कारण फ्रिज में शार्ट सर्किट माना जा रहा है।
हालांकि इस घटना में गनीमत यह रहीं कि हादसे से कोई जनहानि नहीं हुई। आग से नुकसान का आंकलन किया जा रहा है। अग्निकांड से मिठाई स्वामी की हालत भी बदहवास हो गया।

कंगना रनौत केस में कल आगरा की कोर्ट ले सकती है फैसला

Posted on 15.04.2026 Wednesday Time 06.01 PM, Agra

Agra. Trouble seems to be mounting for BJP MP and film actress Kangana Ranaut from the Mandi Lok Sabha constituency in Himachal Pradesh. A major verdict in the case related to insult of farmers and sedition is expected tomorrow in the Special Court (MP-MLA) in Agra. The court is likely to decide tomorrow whether to summon Kangana Ranaut or not.

तलब आदेश हुआ तो पेश होना पड़ेगा

आगरा। हिमाचल प्रदेश के मंडी लोकसभा क्षेत्र से भाजपा सांसद और फिल्म अभिनेत्री कंगना रनौत की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। किसानों के अपमान और राजद्रोह से जुड़े मामले में कल आगरा के स्पेशल कोर्ट (एमपी-एमएलए) में अहम फैसला आने की संभावना है। अदालत कल ही यह तय कर सकती है कि कंगना रनौत को तलब किया जाए या नहीं।

मामले की सुनवाई स्पेशल कोर्ट एमपी-एमएलए के न्यायाधीश अनुज कुमार सिंह की अदालत में चल रही है। जानकारी के अनुसार, इस केस में दोनों पक्षों के बीच 3 अप्रैल 2026 को विस्तृत बहस पूरी हो चुकी है। सुनवाई के दौरान अभियोजन और बचाव पक्ष ने अपनी-अपनी लिखित दलीलें कोर्ट में पेश की थीं, साथ ही मौखिक बहस भी की गई थी।

दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद अदालत ने मामले को आदेश के लिए सुरक्षित रखते हुए 16 अप्रैल की तारीख तय की थी। ऐसे में कल यह स्पष्ट हो सकता है कि अदालत इस मामले में संज्ञान लेते हुए कंगना रनौत को समन जारी करती है या नहीं।

कंगना रनौत के खिलाफ आरोप है कि उन्होंने किसानों को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी, जिससे आक्रोश फैल गया था। इसी के आधार पर राजीव गांधी बार एसोसिएशन के अध्य़क्ष एवं वरिष्ठ अधिवक्ता रमाशंकर शर्मा द्वारा उनके खिलाफ राजद्रोह समेत अन्य धाराओं में मामला दर्ज कराया गया था। अब अदालत को यह तय करना है कि प्रस्तुत साक्ष्य और दलीलों के आधार पर मामला आगे बढ़ाने लायक है या नहीं।

अगर अदालत संज्ञान लेते हुए तलब आदेश जारी करती है, तो कंगना रनौत को व्यक्तिगत रूप से कोर्ट में पेश होना पड़ सकता है। इससे न केवल कानूनी लड़ाई तेज होगी, बल्कि राजनीतिक और फिल्मी हलकों में भी इसका बड़ा असर देखने को मिल सकता है।

चूंकि कंगना रनौत वर्तमान में भाजपा की सांसद भी हैं, ऐसे में इस मामले का राजनीतिक असर भी व्यापक हो सकता है। विपक्ष पहले ही इस मुद्दे को लेकर हमलावर रहा है, जबकि समर्थक इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का मामला बता रहे हैं।

कुल मिलाकर कोर्ट का कल का फैसला इस पूरे विवाद की दिशा तय करेगा कि मामला आगे बढ़ेगा या यहीं थम जाएगा, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।

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