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पिता पुत्र समेत चार को आजीवन कारावास

May 21, 2026

पिता पुत्र समेत चार को आजीवन कारावास

जीशान अपहरण कांड का फैसला
मुगलपुरा में 12 साल के बच्चे। के अपहरण व हत्या का केस
आठ साल पुराने केस में एडीजे कोर्ट का फैसला,प्रत्येरक पर 75 हजार जुर्माना
मुरादाबाद,उप्र समाचार सेवा
आठ साल पहले जामा मस्जिद से 12 साल के बच्चेे के अपहरण व हत्या में चार लोगों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। दोषी ठहराए गए लोगों में पिता पुत्र भी है।गुरुवार को एडीजे कोर्ट-7 चंचल ने साक्ष्य के आधार पर दोषी करार देते हुए 75-75 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
कटघर निवासी मोहम्म-द यामीन ने अपने भांजे अमरेाहा निवासी मौ. जीशान की गुमशुदगी का मुकदमा कायम कराया था। 16 अगस्त 2018 को दर्ज रिपोर्ट में कहा गया कि चक्केर की मिलक निवासी मो आमिर व मुसलीन उसके घर आए और दरगाह जाने का रास्तार पूछा। भांजा जीशान उन्हें दरगाह ले गया। लेकिन वह नहीं लौटा।दोनों पर अपहरण की आशंका जताते हुए थाने में अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई।
पुलिस की जांच के दौरान सामने आया कि आरोपियों ने सट्टे के नंबर के लालच में बच्चे का अपहरण किया था। वादी पक्ष के अनुसार 22 अगस्त 2018 को चार लोग मजार पर आए और उन्होंने घटना में शामिल होने की बात स्वीकार की। इनमें रशीद अहमद, उसका पुत्र सुहेल निवासीगण जामा मस्जिद बरबलान गली नंबर- 3 चामुण्डा गली वाली मस्जिर के सामने मुगलपुरा थाना मुरादाबाद, फराज खां निवासी हाथी वाला मंदिर वारसी नगर गली नंबर- 3 थाना मुगलपुरा जिला मुरादाबाद और फैजान निवासी जामा मस्जिद मुगलपुरा थाना मुगलपुरा जिला मुरादाबाद शामिल थे।अभियोजन पक्ष के मुताबिक आरोपियों ने बताया कि वे मूल रूप से किसी अन्य व्यक्ति के बेटे का अपहरण करना चाहते थे, लेकिन उसके न मिलने पर उन्होंने जीशान को उठा लिया।जीशान को सुहेल के मकान पर ले जाया गया, जहां वह रोने और घर जाने की जिद करने लगा।चूंकि जीशान आरोपी फराज, फैजान और सुहेल को पहचानता था, इसलिए आरोपियों को अपनी पहचान खुलने का डर सताने लगा। आरोपियों ने हाथ-पैर बांधे और रात नौ बजे उसकी हत्या कर दी गई। आरोप था कि पहचान छिपाने के लिए शव के टुकड़े कर अलग-अलग स्थानों पर फेंके गए। वादी पक्ष के अनुसार बातचीत के दौरान आरोपियों ने यह भी बताया कि जीशान की गर्दन रशीद अहमद ने गोश्त काटने वाली छुरी से काटी थी, जबकि अन्य तीन आरोपियों ने बच्चे को पकड़े रखा था। यह सुनकर जब वादी पक्ष ने शोर मचाया तो आरोपी मोटरसाइकिल पर बैठकर मौके से फरार हो गए।

सीसीटीवी फुटेज से दिखे आरोपी—

पुलिस वादी पक्ष को लेकर सुप्रीम मेटल कारखाने के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज दिखाने पहुंची। फुटेज में घटना वाले दिन एक सफेद मोटरसाइकिल पर जीशान को दो युवकों के बीच बैठाकर ले जाते हुए देखा गया। पुलिस जांच में मोटरसाइकिल चलाने वाला सुहेल और पीछे बैठा युवक फराज खां बताया गया।सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों को पुलिस ने केस डायरी में शामिल किया। जांच के दौरान पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ पर्याप्त सबूत जुटाकर अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया।
केस की सुनवाई एडीजे कोर्ट-7 की अदालत में हुई। एडीजीसी नीलम वर्मा ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज, साक्ष्यों को कोर्ट में पेश किया गया। केस में कुल 18 गवाह पेश हुए। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने निर्मम हत्या के लिए आरोपियों की फांसी की सजा मांगी जबकि बचाव पक्ष में सजा में कम की अपील की। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद एडीजे कोर्ट ने साक्ष्यं के आधार पर रशीद अहमद,पुत्र सुहेल और फराज खां व फैजान को उम्रकैद की सजा सुनाई। साथ ही दोषी पर 75 75 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
एडीजीसी ने बताया कि अदालत‍ ने 20 मई को ही चारों को दोषी ठहराया था। सजा पर फैसले के लिए गुरुवार का दिन निर्धारित किया।