Web News

www.upwebnews.com

सबसे पहले नहीं, सबसे सही होना जरूरी : कमलेश

May 2, 2026

सबसे पहले नहीं, सबसे सही होना जरूरी : कमलेश

Santosh Kumar Singh Gorakhpur
02/05/2026

बाजार का दबाव है, पर पत्रकारिता के मूल्य नहीं टूटने चाहिए

सूचना संकुल में जुटे पत्रकार,लोकतंत्र में मीडिया की भूमिका पर बहस

फेक न्यूज, टीआरपी और गिरती विश्वसनीयता पर खुलकर चर्चा

30 मई को हिंदी पत्रकारिता दिवस पर होगा भव्य समापन

गोरखपुर।सबसे पहले नहीं, सबसे सही होना जरूरी है,इस संदेश के साथ हिंदी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूरे होने की श्रृंखला में विमर्श की शुरुआत हुई। नारद दिवस पर आयोजित संगोष्ठी में वक्ताओं ने साफ कहा कि आज मीडिया के सामने सबसे बड़ी चुनौती उसकी विश्वसनीयता है और इसे बचाए रखना ही पत्रकारिता की असली परीक्षा है।
मान्यता प्राप्त पत्रकार समिति, गोरखपुर की ओर से शनिवार को शास्त्री चौक स्थित सूचना संकुल भवन में ‘लोकतंत्र में मीडिया की भूमिका एवं चुनौतियां’ विषय पर संगोष्ठी आयोजित की गई। मुख्य अतिथि वरिष्ठ पत्रकार कमलेश त्रिपाठी ने कहा कि मीडिया पर बाजारवाद का असर दिख रहा है, लेकिन इसके सकारात्मक पहलू भी हैं। इससे संसाधन और तकनीक बढ़ी है, पत्रकारिता का दायरा विस्तृत हुआ है। हालांकि उन्होंने दो टूक कहा कि प्रतिस्पर्धा के इस दौर में निष्पक्षता और विश्वसनीयता से समझौता नहीं होना चाहिए। मुख्य वक्ता जगदीश लाल श्रीवास्तव ने कहा कि हिंदी पत्रकारिता की शुरुआत 30 मई 1826 को ‘उदन्त मार्तण्ड’ से हुई थी और आज यह 200 वर्षों की ऐतिहासिक यात्रा पूरी कर रही है। उन्होंने कहा कि पत्रकारिता बाजार से अलग नहीं रह सकती, लेकिन उसकी आत्मा उसके मूल्यों में ही बसती है। संपादकीय स्वतंत्रता को सबसे जरूरी बताते हुए उन्होंने कहा कि दबाव में लिए गए फैसले मीडिया की साख को कमजोर करते हैं। विशिष्ट अतिथि पूर्व संपादक सुजीत पांडेय ने कहा कि पत्रकारिता का स्वरूप तेजी से बदला है। पहले खबरें समाज के सरोकारों पर आधारित होती थीं, लेकिन अब कई बार खबरों के हिसाब से समाज को ढालने की प्रवृत्ति दिखाई देती है। उन्होंने सनसनीखेज खबरों की बढ़ती प्रवृत्ति पर चिंता जताई और पत्रकारों से जिम्मेदारी निभाने की अपील की। वरिष्ठ पत्रकार राजेश सिंह बशर ने कहा कि आज खबर प्रकाशित होने के बाद भी उस पर भरोसा नहीं बन पा रहा है। फेक न्यूज और अधूरी जानकारी ने मीडिया की साख को नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने साफ कहा कि सबसे पहले से ज्यादा सबसे सही होना पत्रकारिता की असली पहचान है।
कार्यक्रम में अतिथियों को अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया गया, जबकि जगदीश लाल श्रीवास्तव को ‘नारद सम्मान’ से सम्मानित किया गया।
मान्यता प्राप्त पत्रकार समिति के अध्यक्ष अरविंद राय ने बताया कि यह श्रृंखला हर शनिवार को जारी रहेगी। 9, 16 और 23 मई को संगोष्ठियां आयोजित होंगी, जबकि 30 मई 2026 को हिंदी पत्रकारिता दिवस पर भव्य समापन होगा। कार्यक्रम का संचालन मृत्युंजय शंकर सिन्हा ने किया। इस अवसर पर सहायक सूचना निदेशक प्रशांत श्रीवास्तव,मान्यता प्राप्त पत्रकार समिति के उपाध्यक्ष गजेंद्र त्रिपाठी,कोषाध्यक्ष धीरेंद्र गुप्ता,गोरखपुर जर्नलिस्ट प्रेस क्लब के अध्यक्ष ओंकार धर द्विवेदी,महामंत्री पंकज श्रीवास्तव,कोषाध्यक्ष दुर्गेश यादव, महेंद्र गौड़,वरिष्ठ पत्रकार टीपी शाही,पूर्व अध्यक्ष रीतेश मिश्रा,पूर्व उपाध्यक्ष भूपेंद्र द्विवेदी, संतोष सिंह,मुनव्वर रिजवी,अजय राय,सूर्यप्रकाश गुप्ता,वेद प्रकाश पाठक,रवि राय,दीपक त्रिपाठी,मनोज मिश्रा,रामचंद्र शाही सहित बड़ी संख्या में पत्रकार मौजूद रहे।

April 29, 2026

गंगा एक्सप्रेस वे यूपी की अर्थव्यवस्था की रीढ़ बनेगा: योगी आदित्यनाथ

हरदोई, 29 अप्रैल 26, गंगा एक्सप्रेस वे का उद्घाटन आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने प्रधानमंत्री जी का स्वागत एवं अभिनन्दन करते हुए कहा कि आज प्रधानमंत्री जी के कर-कमलों से उनकी विराट सोच के अनुरूप गंगा एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन हो रहा है। हरदोई भगवान नृसिंह, वामन अवतार तथा श्रीहरि विष्णु के परम भक्त प्रहलाद के अवतरण की पावन धरा है। यह भूमि माँ गंगा के आशीर्वाद से अभिसिंचित है। उन्होंने माँ गंगा स्तुति- ‘देवि सुरेश्वरि भगवति गंगे, त्रिभुवनतारिणि तरलतरंगे‘ करते हुए कहा कि माँ गंगा के समानान्तर उस विराट को छूने तथा उत्तर प्रदेश के आर्थिक विकास को नई उड़ान देने के लिये गंगा एक्सप्रेस-वे का शिलान्यास प्रधानमंत्री जी ने दिसम्बर, 2021 में किया था।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि प्रधानमंत्री जी ने उत्तर प्रदेश को वैश्विक महामारी कोरोना के दौरान गंगा एक्सप्रेस-वे परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण की कार्यवाही को आगे बढ़ाने तथा तय समयसीमा में पूरा करने का विजन दिया था। गंगा एक्सप्रेस-वे उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ बनने जा रही है। प्रधानमंत्री जी के मार्गदर्शन में उनके विजन को स्पष्ट नीति और साफ नीयत के साथ प्रभावी ढंग से धरातल पर उतारने का कार्य किया गया। आज देश में हम नये भारत का दर्शन कर रहे हैं। नये भारत के नये उत्तर प्रदेश में यह आधुनिक इन्फ्रास्ट्रक्चर हमारे आवागमन को सरल व सुगम बनाएगा तथा अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाई प्रदान करेगा।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि आज एक्सप्रेस-वे प्रदेश की समृद्धि का आधार बन रहे हैं। उत्तर प्रदेश में गंगा एक्सप्रेस-वे डिफेन्स मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर को सशक्त, अन्नदाता किसानों की उन्नति तथा युवाओं के रोजगार का मार्ग प्रशस्त करेगा। यह आस्था और संस्कृति का एक्सप्रेस-वे है। इस एक्सप्रेस-वे से आच्छादित जनपदों में इन्टीग्रेटेड इण्डस्ट्रियल क्लस्टर एण्ड लॉजिस्टिक हब डेवलप करने की कार्यवाही तेजी के साथ आगे बढ़ी है। 594 किलोमीटर के लम्बे इस एक्सप्रेस-वे के लिए अन्नदाता किसानों से 18 हजार एकड़ भूमि ली गयी है। इस पर बनने वाले इण्डस्ट्रियल क्लस्टर और लॉजिस्टिक हब के लिये अलग-अलग स्थानों पर लगभग 07 हजार एकड़ भूमि लेकर नये निवेश के माध्यम से युवाओं के लिये नये रोजगार की सम्भावनाओं को आगे बढ़ाया गया।
मुख्यमंत्री जी ने मेरठ से प्रयागराज तक 12 जनपदों में विस्तारित इस एक्सप्रेस-वे के लिये एक लाख से अधिक किसानों को भूमि उपलब्ध कराने में अपना योगदान देने के लिये आभार व्यक्त किया। उन्हांने कहा कि अन्नदाता किसानों ने प्रधानमंत्री जी के विजन के अनुरूप विकसित भारत की संकल्पना को साकार करने एवं विकसित उत्तर प्रदेश के निर्माण के लिये अपना योगदान दिया। इसके परिणामस्वरूप गंगा एक्सप्रेस-वे बन कर तैयार हो गया है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि वर्ष 2017 से पूर्व उत्तर प्रदेश में परिवारवाद, जातिवाद, दंगा, अराजकता, कर्फ्यू, माफिया के अराजकता पूर्ण माहौल के कारण विकास, रोजगार एवं नये निवेश की कल्पना नहीं की जा सकती थी, लेकिन विगत 09 वर्षों में डबल इंजन सरकार के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में एक्सप्रेस-वे, हाई-वे, डिस्ट्रिक्ट-वे और ग्रामीण सड़कों का 04 लाख किलोमीटर का बेहतरीन नेटवर्क देखने को मिल रहा है। इन्टर स्टेट कनेक्टिविटी के लिये फोर-लेन मार्ग विकसित किए जा रहे हैं। साथ ही, प्रत्येक जिला मुख्यालय को फोर लेन तथा प्रत्येक ब्लॉक एवं तहसील मुख्यालयां को फोर-लेन व टू-लेन सड़कों के साथ जोड़ा जा रहा है। प्रदेश के 07 शहरों में मेट्रो का संचालन किया जा रहा है। विगत दिनों प्रधानमंत्री जी ने दिल्ली से मेरठ तक देश की पहली रैपिड रेल का शुभारम्भ कर दूरियों को समेटने के साथ ही, उत्तर प्रदेश की अनलिमिटेड पोटेंशियल को आगे बढ़ाने का कार्य किया। आज डबल इंजन सरकार की ताकत प्रदेश में एक्सप्रेस-वे, रैपिड रेल, इनलैण्ड वॉटर-वे, मेट्रो तथा डेडीकेटेड रेल फ्रेट-कॉरिडोर के रूप में दिखाई दे रही है।
इसके पूर्व, मुख्यमंत्री जी ने गंगा एक्सप्रेस-वे का स्थलीय निरीक्षण किया।
इस अवसर पर केन्द्रीय वित्त राज्य मंत्री श्री पंकज चौधरी, केन्द्रीय वाणिज्य एवं उद्योग राज्य मंत्री श्री जितिन प्रसाद, प्रदेश के उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य एवं श्री ब्रजेश पाठक, वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री श्री सुरेश कुमार खन्ना, औद्योगिक विकास मंत्री श्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’, समाज कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री असीम अरुण, आबकारी एवं मद्य निषेध राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री नितिन अग्रवाल, उच्च शिक्षा राज्यमंत्री श्रीमती रजनी तिवारी सहित अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
——————-

श्री राम चन्द्र मिशन आश्रम में उमड़ा आस्था का सैलाब

महात्मा रामचन्द्र जी महाराज की 127 वीं जयंती समारोह में गूंजी आध्यात्मिक चेतना
हजारों अभ्यासियों ने ध्यान साधना कर की विश्व कल्याण की कामना
( संजीव गुप्त द्वारा )
शाहजहांपुर। श्री राम चन्द्र मिशन के अध्यक्ष एवं हार्टफुलनेस मेडीटेशन के वैश्विक मार्गदर्शक कमलेश डी. पटेल ‘दाजी’ के मार्गदर्शन में राम चन्द्र मिशन आश्रम में महात्मा रामचन्द्र जी महाराज बाबूजी की 127 वीं जयंती समारोह का शुभारंभ ध्यान-साधना से हुआ।
हजारों अभ्यासियों ने एकात्म भाव से सामूहिक ध्यान कर मानव कल्याण एवं विश्व शांति के लिए मंगल की कामना कीं। संपूर्ण आश्रम परिसर शांति, श्रद्धा और साधना की दिव्य तरंगों से आलोकित हो उठा।
इस अवसर पर पूज्य दाजी ने वर्चुअल माध्यम से दिये अपने संदेश में कहा कि
हर वह स्वप्न जो बिना प्रयास किए ही मर जाता हैै, वह स्वप्न देेखनेे वालेे को उस
स्वप्न की तुुलना मेंं कहींं अधिक निरंंतरता सेे सताता हैै जिसेे पूूरा करनेे की कोोशिश
की गई और वह नाकाम रहीी। यही वह ज्ञान हैै, जिसेे परंंपरााएँँ सदा सेे सिखाती आई
हैंं – अपूूर्णता केे संंस्कार, असफलता केे संंस्कारोंं सेे अधिक गहरेे घाव देेतेे हैंं। एक
पूूर्ण किया गया कार्य, चाहेे उसका अंंत दुु:खद ही क्योंं न हो, उसमेंं ऐसी सच्चाई
होती हैै जो शांंति प्रदान करती हैै जबकि छोड़ेे गए स्वप्न मेंं ऐसी कोई सच्चाई नहींं
होती। वह चेेतनाा मेंं जीवित रहता हैै, अनसुुलझा जोो निरंंतर वही प्रश्न पूूछता रहता
हैै, जिसका उत्तर देेनेे सेे भय हमेंं रोकता हैै। सहज मार्ग साधना पद्धति और हार्टफुुलनेेस केे अभ्यास मेंं जब हम शाम की सफ़ाई करतेे हैंं तब हम बैैठकर दिन भर केे संंस्कारोंं को पीछेे सेे बाहर निकल जानेे देेतेे हैंं। हमनेे जो किया, जो कहा, जो अनुुभव किया, उसेे हम अपनेे तंंत्र सेे निकाल देेतेे हैंं। लेेकिन उन संंस्कारोंं का क्या जो न किए गए कर्मोंं सेे
बनतेे हैंं? वह संंवाद, जिसेे हमनेे टाल दिया, वह सत्य जिसेे हमनेे कहा नहींं, वह
कदम जिसेे हमनेे उठाया नहींं, वह प्रेेम जिसेे हमनेे व्यक्त नहींं किया येे सभी
अकर्म भीअपनेे पीछेे छापेंं छोड़तेे हैंं। उन्होंने बताया कि दिव्य प्राणाहुति की जीवंत धारा अल्प समय में ही निष्ठापूर्ण दैनिक अभ्यास द्वारा साधक को समाधि की अवस्थाओं तक पहुँचा देती है। यह अमूल्य विद्या कालांतर में लुप्तप्राय हो गई थी, जिसे मिशन के आदि गुरु लाला जी महाराज ने पुनः खोजकर मानवता को प्रदान किया। इस पावन परंपरा को पूज्य बाबूजी महाराज ने जन–जन तक पहुँचाकर हृदय से हृदय तक आध्यात्मिक चेतना का वास्तविक संप्रेषण किया।
पूज्य दाजी ने अभ्यासियों का आवाहन किया कि वे अपने भीतर की जड़ताओं को त्यागकर प्रेम, करुणा और शांति के पथ पर अग्रसर हों तथा अपने जीवन को साधना का सजीव माध्यम बनाएं।


सायंकालीन ध्यान सत्र में भी साधकों ने ध्यान साधना कर वातावरण और अधिक आध्यात्मिक ऊर्जा से परिपूर्ण कर दिया। आयोजन में उत्तर प्रदेश प्रभारी अनुपम अग्रवाल, केंद्र प्रभारी सर्वेश चंद्रा, ए के गर्ग, आश्रम प्रबंधक प्रमोद कुमार सिंह, राजगोपाल अग्रवाल,श्री गोपाल अग्रवाल, ममता सिंह, सुयश सिन्हा, कृष्णा भारद्वाज, हर्षवर्धन अग्रवाल, सुनील अग्रवाल, राजीव श्रीवास्तव, सुरेंद्र मोहन सिन्हा, माया सिंह, अभिषेक आदि का विशेष सहयोग रहा।

April 28, 2026

डीएम चंद्र प्रकाश सिंह ने राया मंडी के गेहूं क्रय केंद्रों का किया औचक निरीक्षण

किसानों से संवाद कर जानी समस्याएं, पारदर्शी व समयबद्ध खरीद के दिए निर्देश
मथुरा। जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह ने सोमवार को राया मंडी में संचालित गेहूं क्रय केंद्रों का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने किसानों को मिल रही सुविधाओं की जानकारी ली और केंद्र प्रभारियों को निर्देश दिए कि खरीद प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और समयबद्ध ढंग से संचालित की जाए, ताकि किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने तौल व्यवस्था, भुगतान प्रक्रिया और साफ-सफाई की स्थिति का गहन अवलोकन किया। उन्होंने मौके पर मौजूद किसानों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं भी सुनीं और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने बताया कि शासन की मंशा के अनुरूप जनपद में 28 गेहूं क्रय केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहां समर्थन मूल्य पर खरीद की जा रही है। सरकार द्वारा गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2585 रुपये प्रति कुंतल निर्धारित किया गया है, जबकि मंडी में 2300 से 2400 रुपये प्रति कुंतल की दर से खरीद हो रही है। उन्होंने किसानों से अपील की कि वे अधिक से अधिक क्रय केंद्रों पर ही अपना गेहूं बेचें, जिससे उन्हें बेहतर मूल्य मिल सके।
उन्होंने यह भी बताया कि क्रय केंद्र पर गेहूं बेचने के 24 घंटे के भीतर भुगतान सीधे किसानों के बैंक खाते में कर दिया जाता है। सरकार का उद्देश्य है कि किसानों की उपज समय पर और उचित मूल्य पर खरीदी जाए तथा उन्हें किसी भी प्रकार की असुविधा न होने दी जाए।

नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर मंत्री संदीप सिंह की प्रेस वार्ता, विपक्ष पर साधा निशाना

महिलाओं की भागीदारी उनका अधिकार, विरोध करने वालों को चुनाव में मिलेगा जवाब
मथुरा, 26 अप्रैल 2026।  प्रभारी मंत्री एवं राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) बेसिक शिक्षा विभाग  संदीप सिंह ने वृंदावन स्थित गीता शोध संस्थान (यमुना एक्सप्रेस-वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के क्षेत्रीय कार्यालय) में नारी शक्ति वंदन अधिनियम-2023 और महिला जन-आक्रोश के संबंध में प्रेस वार्ता की।
उन्होंने कहा कि 16 और 17 अप्रैल 2026 को संसद में महत्वपूर्ण विधेयकों का विरोध कर विपक्षी दलों ने देश की आधी आबादी के साथ विश्वासघात किया है और अपनी महिला-विरोधी मानसिकता को उजागर किया है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वक्तव्य का उल्लेख करते हुए कहा कि नीति-निर्माण में महिलाओं की भागीदारी उनका स्वाभाविक अधिकार है, कोई उपकार नहीं।
मंत्री संदीप सिंह ने कहा कि जो दल इस ऐतिहासिक अवसर में बाधा बने हैं, उन्हें आने वाले चुनावों में महिलाओं के आक्रोश का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने केंद्रीय गृहमंत्री श्री अमित शाह के बयान का हवाला देते हुए कहा कि परिसीमन से किसी भी राज्य को नुकसान नहीं होगा, बल्कि संतुलित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित होगा।
उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दल कोटा के भीतर धर्म आधारित आरक्षण की मांग उठाकर प्रक्रिया को टालने की कोशिश कर रहे हैं, जो तुष्टिकरण की राजनीति का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि केंद्र एवं प्रदेश सरकार महिला सशक्तिकरण और लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
प्रेस वार्ता में राज्यसभा सांसद तेजवीर सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष किशन चौधरी, विधायक गोवर्धन मेघश्याम सिंह, एमएलसी ठाकुर ओम प्रकाश सिंह और महानगर अध्यक्ष हरिशंकर राजू यादव सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
« Newer PostsOlder Posts »