
बार एसोसिएशन ने प्रशासनिक न्यायमूर्ति को भेजा प्रस्ताव
जिला पुलिस जवाबदेही आयोग (PAC) की स्थापना-संचालन का प्रस्ताव
Post on 3.5.26
Sunday Moradabad
Rajesh Bhatia
मुरादाबाद।(उप्र समाचार सेवा)
मुरादाबाद में मानवाधिकार न्यायालय का गठन होगा। दि बार एसोसिएशन एंड लाइब्रेरी ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के प्रशासनिक न्यायमूर्ति नीरज तिवारी को इस बाबत गठन का प्रस्ताव भेजा है। एसोसिएशन पदाधिकारियों ने न्यायिक सुधार व मानवाधिकार के संरक्षण का प्रस्ताव रखा।
एसोसिएशन के अध्यक्ष आनंद मोहन गुप्ता ने बताया कि हाल ही में कार्यकारिणी की बैठक में अधिवक्ता अंकित टंडन की ओर से रखे प्रस्ताव पर विचार विमर्श किया गया। अध्यक्ष के अनुसार
मानवाधिकार के संरक्षण और न्यायिक सुधार को दो प्रमुख प्रस्ताव पर सहमति बनी। इनमें मुरादाबाद में मानवाधिकार न्यायालय का गठन व जिला पुलिस जवाबदेही के संचालन के लिए प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
बार एसोसिएशन एंड लाइब्रेरी का कहना हैकि मानवाधिकार संरक्षण अधिनियम 1933 की धारा 30 के तहत जिला स्तर पर इसके लिए एक समर्पित सत्र न्यायालय को मानवाधिकार न्यायालय के रूप में अधिसूचित करने की मांग की गई। इस पर माननीय न्यायमूर्ति नीरज तिवारी द्वारा जिला जज सैय्यद माऊज़ बिन आसीम को आदेश कर दिया था।इस आदेश के बारे में जिला जज ने जानकारी दी कि जिले में मानवाधिकारों के उल्लंघन से उत्पन्न अपराधों के विचारण के लिए मानवाधिकार न्यायालय की जनपद मुरादाबाद में स्थापना की गई है।एडीजे -प्रथम- मानवाधिकार न्यायालय के रूप में कार्य करेंगे।
