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March 13, 2026

मुख्यमंत्री ने एलपीजी माँग और आपूर्ति की स्थिति की समीक्षा की
लखनऊ : 12 मार्च, 2026, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में रसोई गैस (एल0पी0जी0) की निर्बाध और सुचारु आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में एल0पी0जी0 की उपलब्धता को लेकर किसी भी प्रकार की घबराहट की स्थिति न बनने दी जाए तथा आमजन को समय-समय पर सही और तथ्यात्मक जानकारी उपलब्ध करायी जाए।

मुख्यमंत्री आज यहाँ अपने सरकारी आवास पर शासन के वरिष्ठ अधिकारियों और तेल कम्पनियों के उच्च अधिकारियों के साथ आहूत एक बैठक में प्रदेश में एल0पी0जी0 की वर्तमान माँग और आपूर्ति की स्थिति की विस्तृत समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने निर्देश दिए कि किसी भी स्तर पर एल0पी0जी0 की कृत्रिम कमी उत्पन्न न होने पाए। जिन उपभोक्ताओं ने एल0पी0जी0 की बुकिंग करायी है, उन्हें निर्धारित नियमों के अनुसार समयबद्ध ढंग से रसोई गैस सिलेण्डर की आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। साथ ही, उपभोक्ताओं को उनकी अगली रिफिल की सम्भावित तिथि के सम्बन्ध में भी समुचित जानकारी उपलब्ध करायी जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्थिति उतनी गम्भीर नहीं है, जितना कि अफवाहों के माध्यम से प्रचारित करने का प्रयास किया जा रहा है। तेल कम्पनियाँ प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित करते हुए एल0पी0जी0 की आपूर्ति और वितरण की वास्तविक स्थिति के बारे में आमजन को नियमित रूप से अवगत कराएं। केन्द्र सरकार भी आपूर्ति एवं वितरण व्यवस्था को सामान्य बनाए रखने के लिए आवश्यक प्रयास कर रही है।
मुख्यमंत्री ने सख्त निर्देश देते हुए कहा कि यदि कोई वितरक एजेंसी अथवा निजी व्यक्ति कालाबाजारी या जमाखोरी में लिप्त पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध तत्काल एफ0आई0आर0 दर्ज कर कठोरतम कार्रवाई की जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि आवश्यकता पड़ने पर एल0पी0जी0 वितरक केन्द्रों पर पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाए, ताकि कहीं भी अव्यवस्था की स्थिति न बने और वितरण कार्य सुचारु रूप से सम्पन्न हो सके।
अधिकारियों ने बैठक में अवगत कराया कि प्रदेश में पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है तथा इनके वितरण में किसी प्रकार की कोई कमी नहीं है। वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए विकल्प के रूप में प्रदेश को 80 लाख लीटर केरोसिन आवंटित किया गया है। मुख्यमंत्री जी ने निर्देश दिए कि इसे विकल्प के रूप में रखा जाए और आवश्यकता के अनुसार इसका यथोचित वितरण सुनिश्चित किया जाए।
मुख्यमंत्री ने छात्रावासों, धर्मशालाओं, अस्पतालों, होटलों तथा विभिन्न व्यापारिक प्रतिष्ठानों से संवाद स्थापित कर उन्हें वैकल्पिक ईंधन के उपयोग के लिए भी प्रेरित करने के निर्देश दिए। खाद्य एवं रसद विभाग में कण्ट्रोल रूम स्थापित करने के निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि प्रत्येक जनपद की स्थिति की सतत् निगरानी की जाए। जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक, जिला पूर्ति अधिकारी तथा तेल कम्पनियों के स्थानीय प्रतिनिधि आपसी समन्वय से एल0पी0जी0 की समुचित आपूर्ति और वितरण सुनिश्चित कराएं।

उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा को लेकर प्रशासन अलर्ट, कलैक्ट्रेट में हुई गोष्ठी

मथुरा। आगामी उत्तर प्रदेश पुलिस उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा-2025 को सकुशल एवं पारदर्शी ढंग से सम्पन्न कराने के उद्देश्य से गुरुवार को कलैक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण गोष्ठी आयोजित की गई।
बैठक में परीक्षा के सफल संचालन के लिए सुरक्षा व्यवस्था, प्रश्नपत्रों के सुरक्षित वितरण, परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की सुविधा, यातायात व्यवस्था तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।
जिलाधिकारी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि परीक्षा को पूरी निष्पक्षता, पारदर्शिता एवं शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न कराया जाए। साथ ही परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती, निगरानी व्यवस्था एवं अन्य आवश्यक प्रबंध सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए गए।
इस अवसर पर विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं परीक्षा से जुड़े संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

मथुरा की होली वाली गली से निकली मां कैला देवी की भव्य पदयात्रा, सैकड़ों श्रद्धालु हुए शामिल

मथुरा, 12 मार्च 16, शहर के छत्ता बाजार स्थित होली वाली गली से श्री कैला देवी पदयात्रा ट्रस्ट द्वारा 26वीं भव्य पदयात्रा का आयोजन किया गया। जिसमें ढोल-नगाड़ों और बैंड-बाजों के साथ मां कैला देवी की भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में महिला, पुरुष और बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
शोभायात्रा होली गली से प्रारंभ होकर तिलक द्वार, कोतवाली रोड, भरतपुर गेट, घीया मंडी, चौक बाजार, स्वामी घाट और विश्राम बाजार होते हुए पुनः होली गली पहुंचकर विश्राम करेगी। पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं ने जयकारों के साथ मां कैला देवी का स्वागत किया।
श्री कैला देवी पदयात्रा ट्रस्ट के मीडिया प्रभारी दीपक चतुर्वेदी (बैंकर) एवं मीडिया प्रभारी तुलसी राम ने बताया कि यह पदयात्रा 12 मार्च गुरुवार को सुबह पथवारी मंदिर भैंस बहोरा से राजस्थान के करौली स्थित मां कैला देवी धाम के लिए रवाना होगी।
यात्रा कार्यक्रम के अनुसार 17 मार्च को पदयात्रा अटैवा स्कूल कैला देवी रोड पहुंचेगी। 18 मार्च को दिल्ली वाली धर्मशाला में अखंड ज्योति अर्पण किया जाएगा तथा 19 मार्च को मां कैला देवी के दरबार में सामूहिक भेंट-पूजा और कन्या-लंगूर भंडारे का आयोजन होगा।
इसके बाद 24 मार्च को मां नरी सेमरी को ज्योत अर्पित की जाएगी, 25 मार्च को मथुरा से मां चंद्राबली देवी गोकुल तक पदयात्रा निकाली जाएगी और 29 मार्च को श्रद्धालु मां सलेमपुर में ज्योत अर्पण करने जाएंगे। कार्यक्रम का समापन 2 अप्रैल को विशाल 56 भोग और भंडारे के साथ किया जाएगा।
श्री कैला देवी पदयात्रा ट्रस्ट की कार्यकारिणी में संस्थापक सदस्य एवं पूर्व नगर पालिका सभासद उमेश चंद्र राजपूत, डॉ. प्रकाश शर्मा, राकेश सोनी, भीम यादव, अशोक अग्रवाल और संजय गोयल सहित अन्य पदाधिकारी सक्रिय रूप से सहयोग कर रहे हैं।

युद्ध के बीच गैस को लेकर मची हलचल, गोरखपुर में प्रशासन अलर्ट

Santosh Kumar Singh
Gorakhpur
12/03/2026

डीएम का सख्त आदेश – हर उपभोक्ता को मिलेगा सिलेंडर, 87 गैस एजेंसियों पर एसडीएम-सीओ की निगरानी*

गोरखपुर। ईरान और इजरायल के बीच चल रहे युद्ध के बीच देशभर में बन रहे हालात का असर अब स्थानीय स्तर पर भी दिखाई देने लगा है। गोरखपुर में घरेलू गैस सिलेंडर को लेकर उपभोक्ताओं के बीच असमंजस और घबराहट का माहौल देखने को मिल रहा है। बड़ी संख्या में लोग एहतियात के तौर पर गैस एजेंसियों और गोदामों पर पहुंचकर अतिरिक्त सिलेंडर लेने की कोशिश कर रहे हैं। स्थिति यह है कि जिन उपभोक्ताओं के घरों में पहले से गैस सिलेंडर मौजूद है, वे भी दूसरा और तीसरा सिलेंडर लेने के लिए गैस एजेंसियों पर पहुंच रहे हैं, जिसके चलते कई स्थानों पर लंबी कतारें लग गई।
गैस एजेंसियों पर बढ़ती भीड़ और संभावित अव्यवस्था को देखते हुए जिलाधिकारी दीपक मीणा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए गैस वितरण व्यवस्था को व्यवस्थित और पारदर्शी बनाए रखने के लिए कड़े निर्देश जारी किए हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जनपद में गैस की कोई कमी नहीं है, लेकिन अनावश्यक रूप से अतिरिक्त सिलेंडर लेने की प्रवृत्ति से वितरण व्यवस्था प्रभावित हो सकती है।
इसी क्रम में जिलाधिकारी दीपक मीणा ने गुरुवार सुबह शहर की दो गैस एजेंसियों पर औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने गोदामों में उपलब्ध गैस सिलेंडरों का स्टॉक, आपूर्ति और उपभोक्ताओं को किए जा रहे वितरण की पूरी जानकारी ली। डीएम ने एजेंसी संचालकों से स्पष्ट तौर पर पूछा कि गोदाम पर कितने सिलेंडर पहुंचे, कितने उपभोक्ताओं को वितरित किए गए और वर्तमान में कितना स्टॉक शेष है।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने एजेंसी संचालकों को सख्त हिदायत देते हुए कहा कि किसी भी उपभोक्ता को घरेलू गैस सिलेंडर के लिए परेशान नहीं किया जाना चाहिए। एजेंसी पर आने वाले हर उपभोक्ता को नियमानुसार गैस उपलब्ध कराई जाए और अधिक से अधिक होम डिलीवरी की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि गोदामों पर अनावश्यक भीड़ न लगे।
इस दौरान जिला पूर्ति अधिकारी रामेंद्र प्रताप सिंह भी जिलाधिकारी के साथ मौजूद रहे। उन्होंने गैस एजेंसियों की आपूर्ति व्यवस्था, स्टॉक की स्थिति तथा वितरण प्रणाली की जानकारी जिलाधिकारी को दी और एजेंसी संचालकों को आवश्यक निर्देश भी दिए। जिला पूर्ति अधिकारी ने बताया कि जनपद में गैस सिलेंडरों की पर्याप्त उपलब्धता है और सभी एजेंसियों को नियमित रूप से आपूर्ति सुनिश्चित कराई जा रही है।
दिन भर स्थिति की समीक्षा करने के बाद शाम को जिलाधिकारी दीपक मीणा ने जनपद के सभी उप जिलाधिकारियों (एसडीएम) और क्षेत्राधिकारियों (सीओ) के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कर विस्तृत समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि गैस एजेंसियों पर आने वाले हर उपभोक्ता को गैस उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी अब संबंधित एसडीएम और सीओ की होगी।
जिलाधिकारी ने कहा कि कई ऐसे उपभोक्ता भी एजेंसियों पर पहुंच रहे हैं जिनकी गैस बुकिंग नहीं है। ऐसे मामलों में अधिकारियों को यह सुनिश्चित करना होगा कि यदि किसी उपभोक्ता का सिलेंडर बुक नहीं है तो उसे तत्काल संबंधित एजेंसी से गैस बुक कराने की व्यवस्था कराई जाए और अगले दिन उस उपभोक्ता को गैस सिलेंडर उपलब्ध कराया जाए।
गैस वितरण व्यवस्था को संतुलित बनाए रखने के लिए जिलाधिकारी ने एक विशेष व्यवस्था लागू करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि जिन उपभोक्ताओं की गैस बुकिंग पहले से है उन्हें प्राथमिकता देते हुए लगभग 60 प्रतिशत सिलेंडर दिए जाएं, जबकि जिन उपभोक्ताओं की बुकिंग नहीं है उन्हें लगभग 40 प्रतिशत सिलेंडर उपलब्ध कराए जाएं। इससे गैस वितरण में संतुलन बना रहेगा और अधिक से अधिक उपभोक्ताओं को सुविधा मिल सकेगी।
डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि गैस एजेंसियों की गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखी जाए। एसडीएम और सीओ यह सुनिश्चित करें कि प्रत्येक एजेंसी पर कितने गैस सिलेंडर आ रहे हैं, किन-किन उपभोक्ताओं को कितने सिलेंडर वितरित किए जा रहे हैं और कितना स्टॉक शेष है। इस पूरी व्यवस्था का नियमित रिकॉर्ड रखा जाए ताकि किसी भी प्रकार की अनियमितता की गुंजाइश न रहे।
प्रशासन ने जनपद की सभी 87 गैस एजेंसियों पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश जारी किए हैं। जिलाधिकारी ने कहा कि सभी एसडीएम और सीओ अपने-अपने क्षेत्रों की गैस एजेंसियों पर नियमित रूप से नजर रखें और यदि कहीं भी अव्यवस्था, कालाबाजारी या उपभोक्ताओं को परेशान किए जाने की शिकायत मिले तो तत्काल कार्रवाई की जाए।
डीएम दीपक मीणा ने आम जनता से अपील करते हुए कहा कि जनपद में गैस की पर्याप्त उपलब्धता है और किसी भी उपभोक्ता को घबराने की आवश्यकता नहीं है। प्रशासन लगातार गैस कंपनियों और एजेंसियों के संपर्क में है और जरूरत के अनुसार सिलेंडरों की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है।
उन्होंने लोगों से यह भी कहा कि अफवाहों पर ध्यान न दें और अनावश्यक रूप से अतिरिक्त गैस सिलेंडर लेने का प्रयास न करें। यदि लोग जरूरत से ज्यादा सिलेंडर लेने लगेंगे तो इससे अन्य उपभोक्ताओं को असुविधा हो सकती है और वितरण व्यवस्था प्रभावित हो सकती है।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि जनपद के प्रत्येक उपभोक्ता को समय पर घरेलू गैस सिलेंडर उपलब्ध हो और किसी भी परिवार को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। प्रशासन पूरी सतर्कता के साथ स्थिति की निगरानी कर रहा है और जरूरत पड़ने पर और भी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार जनपद में गैस की आपूर्ति सामान्य है और सभी उपभोक्ताओं को पर्याप्त मात्रा में गैस उपलब्ध कराई जाएगी। इसलिए आम जनता से संयम बनाए रखने और केवल आवश्यकता के अनुसार ही गैस बुकिंग कराने की अपील की गई है।

बाल श्रम के खिलाफ कार्रवाई, दो नाबालिग बच्चों को किया गया रेस्क्यू

Santosh Kumar Singh
Gorakhpur
12/03/2026

पुलिस ने बच्चों को शिक्षा के प्रति किया जागरूक, चाइल्ड हेल्पलाइन को सौंपा

गोरखपुर। जनपद में बाल श्रम और बाल संरक्षण के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो नाबालिग बच्चों को रेस्क्यू किया है। पुलिस ने बच्चों को बाल श्रम के दुष्परिणामों के बारे में जानकारी देते हुए उन्हें शिक्षा के महत्व के प्रति जागरूक किया।
जानकारी के अनुसार चेकिंग के दौरान थाना एएचटी (एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग) की टीम को दो नाबालिग बालक संदिग्ध परिस्थितियों में कार्य करते हुए मिले। पूछताछ में दोनों बच्चों के नाबालिग होने की पुष्टि होने पर पुलिस टीम ने उन्हें तत्काल रेस्क्यू कर लिया।
रेस्क्यू के बाद पुलिस ने दोनों बच्चों को बाल श्रम से होने वाले नुकसान और पढ़ाई के महत्व के बारे में समझाया तथा उन्हें शिक्षा की ओर प्रेरित किया। इसके बाद नियमानुसार आवश्यक प्रक्रिया पूरी करते हुए दोनों बच्चों को आगे की कार्रवाई के लिए सिटी चाइल्ड हेल्पलाइन गोरखपुर के सुपुर्द कर दिया गया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जनपद में बाल श्रम और बाल तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार चलाया जा रहा है। ऐसे मामलों में संलिप्त पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, साथ ही बच्चों के अधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।

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