बिजली कटौती ने बचाई चार मासूमों की जान, बड़ा हादसा होने से टला,
मथुरा।चौमुहां ब्लॉक के गांव भोगांव में रविवार सुबह तड़के गैस सिलेंडर फटने से एक बड़ा हादसा हो गया। धमाका इतना जोरदार था कि पूरे मकान में दरारें पड़ गई। गनीमत यह रही कि बिजली कटौती के कारण बच्चे दूसरे कमरे की छत पर सो रहे थे, जिससे उनकी जान बाल-बाल बच गई।
जानकारी के अनुसार, गांव भोगांव निवासी रामवती (35 वर्ष) पत्नी स्वर्गीय डिगंबर मजदूरी कर अपने चार बच्चों का पालन-पोषण करती हैं। रविवार सुबह करीब 5 बजे रामवती रसोई में चाय बनाने के बाद बाहर पशुओं को चारा डालने गई थीं। इसी दौरान अचानक रसोई में रखे गैस सिलेंडर में भीषण विस्फोट हो गया। धमाका इतना तेज था कि आसपास के घरों की दीवारें हिल गईं और रामवती का दो कमरों का मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया।
इस हादसे में एक चमत्कारिक पहलू यह रहा कि सुबह करीब 4 बजे गांव की बिजली कट गई थी। गर्मी और उमस के कारण रामवती के चारों बच्चे कमरे से निकलकर दूसरे पक्के कमरे की छत पर सोने चले गए थे। यदि बिजली न जाती और बच्चे कमरे के अंदर सो रहे होते, तो बड़ा जानी नुकसान हो सकता था।
धमाके की आवाज सुनकर ग्रामीण दहशत में आ गए और मौके की ओर दौड़ पड़े। चारों ओर धूल का गुबार और मलबे का ढेर नजर आ रहा था। पीड़ित रामवती ने बताया कि वह बेहद गरीब है और मेहनत-मजदूरी कर अपना गुजारा करती है। इस हादसे में उसकी पूरी गृहस्थी, खाने-पीने का सामान और कपड़े मलबे में दबकर नष्ट हो गए है।
सिलेंडर फटने के सटीक कारणों का अभी पता नहीं चल सका है। ग्रामीणों के अनुसार, धमाका इतना शक्तिशाली था कि मकान की छत और दीवारें पूरी तरह गिर गईं। घटना की सूचना स्थानीय प्रशासन को दी गई है। पीड़ित परिवार ने शासन-प्रशासन से आर्थिक सहायता की गुहार लगाई है।

