Web News

www.upwebnews.com

लखीमपुर-खीरी में बीज की कालाबाजारी पर एक्शन

October 28, 2026

लखीमपुर-खीरी में बीज की कालाबाजारी पर एक्शन

55 दुकानों पर छापेमारी, 31 सैंपल सीज; 2 कंपनियों को नोटिस

उ प्र समाचार सेवा
लखीमपुर-खीरी।
उत्तर प्रदेश शासन के निर्देश पर जिले में किसानों को सही कीमत पर अच्छी क्वालिटी के बीज दिलाने और कालाबाजारी रोकने के लिए मंगलवार (27 अक्टूबर) को कृषि विभाग ने बड़ी कार्रवाई की। जिलाधिकारी के निर्देश पर गठित संयुक्त टीमों ने जिले भर में राजकीय और प्राइवेट बीज दुकानों व गोदामों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की। इस अभियान के तहत कुल 55 बीज केंद्रों का निरीक्षण किया गया और जांच के लिए बीजों के 31 नमूने (सैंपल) लिए गए।
कृषि विभाग की इस अचानक हुई कार्रवाई से बीज विक्रेताओं में हड़कंप मच गया। जांच के दौरान कुछ दुकानों पर बेचे जा रहे बीजों के जरूरी कागजात और रिकॉर्ड नहीं मिले। इस लापरवाही पर जिला कृषि अधिकारी ने सख्त रुख अपनाते हुए 02 बीज कंपनियों/फर्मों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। अधिकारियों का कहना है कि इन मामलों की पूरी जांच की जाएगी और गड़बड़ी मिलने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई होगी।
गेहूं के बीज पर 50% की छूट, सरसों की मिनीकिट बिल्कुल मुफ्त
जिला कृषि अधिकारी ने किसानों के लिए एक जरूरी जानकारी भी साझा की है। उन्होंने बताया कि रबी सीजन (रबी की बुवाई) के लिए जिले के सभी सरकारी कृषि बीज गोदामों पर बढ़िया क्वालिटी के गेहूं के बीज और सरसों की मिनीकिट उपलब्ध हैं।
• गेहूं का बीज: किसानों को निर्धारित योजनाओं के तहत 50 प्रतिशत की भारी छूट (अनुदान) पर दिया जा रहा है।
• सरसों मिनीकिट: यह किसानों को बिल्कुल मुफ्त (निशुल्क) बांटी जा रही है।
पोर्टल पर ऐसे करें बुकिंग, प्राइवेट दुकान से लें पक्का बिल
जो किसान भाई सरकारी योजना का लाभ उठाना चाहते हैं और उन्होंने अभी तक बुकिंग नहीं की है, वे कृषि विभाग की आधिकारिक वेबसाइट agriculture.up.gov.in पर जाकर अपनी जरूरत के हिसाब से ऑनलाइन बुकिंग कर सकते हैं।
जिला कृषि अधिकारी ने किसानों को भरोसा दिलाया कि जिले में प्राइवेट सेक्टर में भी पर्याप्त मात्रा में बीज मौजूद हैं और कहीं भी बीजों की कोई कमी नहीं है। उन्होंने किसानों से अपील की है कि वे प्राइवेट दुकानों से हमेशा प्रमाणित और अच्छी क्वालिटी का बीज ही खरीदें। साथ ही, खरीदते समय दुकानदार से पक्का बिल/वाउचर जरूर लें। अगर बाद में बीज खराब निकलता है या कोई शिकायत होती है, तो यह बिल दुकानदार के खिलाफ कार्रवाई करने में सबसे बड़ा सबूत बनेगा।
अधिकारियों ने साफ चेतावनी दी है कि जिले में नकली बीज बेचने या कालाबाजारी करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा और यह छापेमारी अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।

लखनऊ के सरकारी अस्पतालों की खुली पोल: 4 साल के मासूम को नहीं मिल रहा ऑक्सीजन बेड, एम्बुलेंस में भटक रहे परिजन

लखनऊ/लखीमपुर खीरी: उत्तर प्रदेश की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था की एक बेहद दर्दनाक तस्वीर राजधानी लखनऊ से सामने आई है, जहाँ लखीमपुर खीरी से रेफर होकर आए एक 4 वर्षीय गंभीर बच्चे को लखनऊ मेडिकल कॉलेज में इलाज और ऑक्सीजन बेड नहीं मिल पा रहा है। सरकार भले ही जनता से स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर बड़े-बड़े वादे करती हो, लेकिन जमीनी हकीकत आज भी गरीबों के लिए बेहद जानलेवा और मुश्किलों से भरी साबित हो रही है।प्राप्त जानकारी के अनुसार, लखीमपुर खीरी जनपद के थाना नीमगांव क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम गुलौला (पोस्ट टीकौला) के रहने वाले बाबू सिंह का 4 वर्षीय पोता अत्यंत गंभीर स्थिति में है। बच्चे की बिगड़ती हालत को देखते हुए जिला अस्पताल लखीमपुर खीरी के डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए लखनऊ मेडिकल कॉलेज (KGMU) रेफर कर दिया था।
उम्मीद थी कि राजधानी के सबसे बड़े मेडिकल कॉलेज में मासूम को तुरंत इलाज मिलेगा, लेकिन यहाँ पहुँचने के बाद परिजनों को सिर्फ निराशा और दुत्कार हाथ लगी। अस्पताल में ऑक्सीजन बेड खाली न होने की बात कहकर बच्चे को भर्ती करने से मना कर दिया गया।

एम्बुलेंस में तड़प रहा मासूम, भटक रहे दादा

पीड़ित बाबू सिंह (मोबाइल नंबर: 8542803071) अपने मासूम पोते को एम्बुलेंस में लेकर लखनऊ के सरकारी अस्पतालों के चक्कर काट रहे हैं। बच्चे की हालत लगातार नाजुक बनी हुई है और उसे तुरंत ऑक्सीजन और आईसीयू सपोर्ट की जरूरत है। लेकिन लखनऊ के किसी भी बड़े सरकारी अस्पताल में इस गरीब परिवार की सुनने वाला कोई नहीं है। परिजन जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहे बच्चे को गोद में लिए बेबस खड़े हैं।

दावों और हकीकत में जमीन-आसमान का अंतर

यह घटना सरकार के उन तमाम दावों पर करारा तमाचा है, जिसमें प्रदेश के हर नागरिक को बेहतर और त्वरित इलाज देने की बात कही जाती है। हकीकत यह है कि आज भी किसी गरीब को आपातकालीन स्थिति में सही समय पर इलाज मिलना एक बड़ी चुनौती बना हुआ है। रेफरल सिस्टम के नाम पर मरीजों को एक जिले से दूसरे जिले तो भेज दिया जाता है, लेकिन वहाँ उनके लिए बेड सुरक्षित हैं या नहीं, इसकी सुध लेने वाला कोई तंत्र मौजूद नहीं है।क्या एक 4 साल के मासूम की जान की कीमत इन सरकारी कागजी वादों से कम है? पीड़ित परिवार अब सिर्फ किसी चमत्कार या प्रशासन की नींद टूटने का इंतजार कर रहा है, ताकि उनके बच्चे की सांसें बचाई जा सकें।

सपा नेताओं की ‘मानवता की दुहाई’ ढोंग, जनता नहीं भूली उनके काले कारनामे: जुगल किशोर

उ प्र समाचार सेवा
लखीमपुर खीरी।मितौली खीरी मानवता की बात करने वाले समाजवादी पार्टी के नेताओं द्वारा मितौली में स्नातक चुनाव के दौरान भाजपा नेताओं द्वारा समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक एवं उनके सहयोगियों के विरुद्ध कराई गई एफ आई आर के संबंध में एक प्रेस वार्ता में पूर्व राज्यसभा सदस्य सांसद भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश प्रवक्ता जुगल किशोर ने कहां सन 2012 में समाजवादी पार्टी की सरकार बनने के बाद जिला पंचायत अध्यक्ष मेरी धर्मपत्नी दमयंती किशोर के विरुद्ध अविश्वास प्रस्ताव लाया गया. समाजवादी पार्टी के नेताओं द्वारा मेरे तथा मेरे अति निकटतम कार्यकर्ता बेबी अवस्थी तथा पूर्व विधायक स्वर्गीय अरविंद गिरी के विरुद्ध एफ आई आर थाना पसगवा तथा कोतवाली गोला में कराई गई थी जिला प्रशासन से लेकर मुख्यमंत्री तक मेरे विरुद्ध षड्यंत्र रचे गए यहां तक कि जज पर भी दबाव डाला गया दबाव के चलते जज छुट्टी लेकर के चले गए थे. तब यह मानवता की दुहाई देने वाले समाजवादी पार्टी के नेता चुनाव लड़ने की हिम्मत भी नहीं जुटा पाए थे. जुगल किशोर ने पुरानी याद दिलाते हुए कहां कि समाजवादी पार्टी के लोग वर्ष 2017 में भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनने के बाद भाजपा द्वारा सपा प्रत्याशी के विरुद्ध अविश्वास लाये जाने के बाद भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी के विरुद्ध चुनाव लड़ने की हिम्मत भी नहीं जुटा पाए थे. समाजवादी पार्टी के नेता भाजपा के विरुद्ध अनर्गल प्रलाप करने से नहीं चूकते इनके द्वारा की गई गुंडागर्दी जमीन अधिग्रहण एवं भैंस चोरी लूट बलात्कार जैसी घटनाओं को जनता अब तक भूल नहीं पाई है कस्ता विधानसभा ग्रामीण क्षेत्रों में ग्रामीणों द्वारा लगाए गए वेश कीमती शीशम के पेड़ों को रातों-रात कटवा कर ले जाया गया जनता इनके द्वारा किए गए कारनामो को अभी तक भूल नहीं पाई है. आने वाले चुनाव में जनता इनका मुंहतोड़ जवाब देगी।

मानदेय भुगतान न होने पर रोजगार सेवक देंगे धरना

तीन दिन में भुगतान न होने पर विकास भवन के गेट पर प्रदर्शन की चेतावनी
उ प्र समाचार सेवा
मितौली खीरी।ग्राम रोजगार सेवकों के मानदेय का भुगतान नहीं होने से नाराज संगठन ने आंदोलन की चेतावनी दी है। इस संबंध में ग्राम रोजगार सेवक संघ ने खंड विकास अधिकारी के माध्यम से जिला विकास अधिकारी को ज्ञापन भेजकर बकाया मानदेय का भुगतान कराने की मांग की है।
ज्ञापन में बताया गया कि वित्तीय वर्ष 2026 में ग्राम रोजगार सेवकों के मानदेय का भुगतान ग्राम पंचायतों से विकास खंड स्तर पर किया जाना था। इसके लिए संबंधित अधिकारियों को पत्रावली भेजी गई थी, लेकिन अब तक कई रोजगार सेवकों का मानदेय नहीं मिल सका है। इससे उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
संघ ने कहा कि दीपावली का त्योहार नजदीक है, इसके बावजूद मानदेय का भुगतान नहीं किया गया है। संगठन ने चेतावनी दी कि यदि तीन दिन के अंदर बकाया मानदेय का भुगतान नहीं किया गया तो 30 अक्तूबर को विकास भवन के गेट पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। इसकी जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों की होगी।
ज्ञापन देने वालों में ग्राम रोजगार सेवक संघ के ब्लॉक अध्यक्ष अविनेश कुमार गुप्ता सहित अन्य पदाधिकारी रोजगार सेवक शामिल रहे।

October 27, 2026

युवक ने वीडियो बनाई, फिर फांसी लगाकर की आत्महत्या

उ प्र समाचार सेवा

मितौली खीरी। थाना क्षेत्र के ग्राम अधरौला निवासी युवक ने नई रस्सी खरीदी,गांव से काफी दूर कर्बला के पास जाकर वीडियो बनाया फिर आम के पेड़ में रस्सी बांधकर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। जवान बेटे का शव पेड़ से लटकता देख पिता बदहवास हो गया, वहीं मां भी होशो-हवास खोकर खुद की जान देने की बात पुलिस से कहती रही। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया है।
मितौली थाना क्षेत्र के गांव अंधरौला के रहने वाले महेंद्र सिंह के चार बेटों में तीसरे नंबर के सुधीर सिंह ने फांसी लगाकर जान दे दी। परिजनों के अनुसार मंगलवार सुबह 9 बजे के करीब सुधीर घर से बाइक लेकर निकला था। नीमगांव थाना क्षेत्र में नीबा शिवपुरी गांव के पास स्थित कर्बला में खड़े आम के पेड़ से झूलते सुधीर के शव को खेतों में घास काटने गए पिता महेंद्र सिंह ने देखा। बाग में काफी संख्या में ग्रामीण व परिजन घटना स्थल पर पहुंचे। पेड़ के पास सुधीर का मोबाइल पड़ा हुआ था। परिजनों को फोन में फांसी लगाने से पहले सुधीर का वीडियो मिला। वीडियो में सुधीर कह रहा है कि मेरे सपने बहुत थे जिन्हें मैं पूरा नहीं कर सकता। मैं अपनी जीवन लीला समाप्त कर रहा हूं। इसमें मेरे घरवालों की कोई ग़लती नही है। पुलिस से घरवालों को परेशान न करने की भी अपील की है। सूचना पर पहुंचे नीमगांव थानाध्यक्ष प्रवीर गौतम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया।वहीं नीमगांव एसआई जितेन्द्र सिंह ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया है।

Older Posts »