नई दिल्ली, 06 जनवरी 2026, उत्तराखंड के अंकिता भंडारी मामले में नाम घसीटे जाने पर भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव दुष्यंत गौतम Bharatiya Janata Party National General Secretary Dushyant Gautam ने अदालत का रुख किया है। उन्होंने दिल्ली उच्च न्यायालय में कांग्रेस, आप और अन्य विपक्षी नेताओं समेत एक महिला नेता उर्मिला सनावर Urmila Sanavar के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया है। श्री गौतम ने आरोप लगाया है कि उनका नाम इस मामले में जानबूझकर घसीटा गया है। इस मामले से उनका कोई लेना देना नहीं है। न तो एसआईटी जांच में और न ही चार्चशीट में उनका नाम है, और न ही वे घटना के समय उस स्थान पर मौजूद थे। इस मामले में उनका नाम लिये जाने से उनकी मानहानि हुई है। उन्होंने दो करोड़ रूपये की मानहानि का मुकदमा किया है। साथ ही मांग की है कि सोशल मीडिया से वे सभी पोस्ट हटाए जाएं जिनमें उनका नाम लिया गया है।
ज्ञातव्य है कि यह मामला वर्ष 2022 का है। उस समय 18 सितम्बर 2022 को उत्तराखंड के ऋषिकेश में वनंतरा रिजोर्ट में रिशेप्सिनिस्ट अंकिता भंडारी (19) की हत्या हो गई थी। इस मामले में हुई जांच में रिजोर्ट के मालिक पुलकित आर्य और उसके दो सहयोगियों सौरभ भाष्कर और अंकित गुप्ता को गिरफ्तार किया गया था। इन्हें निचली अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
लेकिन गत 24 दिसम्बर को भाजपा के पूर्व विधायक सुरेश राठौर की स्वयं को पत्नी बताने वाली महिला एक्ट्रेस उर्मिला सनावर ने एक वीडियो वायरल किया। इसमें उन्होंने आरोप लगाया कि पूरे मामले से एक वीआईपी का सम्बन्ध है। इस वीआईपी को स्पेशल सर्विस देने से इनकार करने के कारण ही अंकिता भंडारी की हत्या कर दी गई थी। बाद में उर्मिला सनावर ने एक और वीडिया जारी कर वीआईपी के रूप में भाजपा नेता का नाम घसीट दिया। इससे पूरे उत्तराखंड की राजनीति में भूचाल आ गया।
मामले को कांग्रेस ने राजनीतिक मुद्दा बना दिया। भावनात्मक मुद्दा होने के कारण कांग्रेस को इस मुद्दे पर समर्थन मिलता दिखायी दिया तो उसने इसे पूरे देश में चर्चा लाने का फैसला कर दिया। इसी के मद्देनजर सोमवार को लखनऊ में कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने भी मामले में कार्रवाई की मांग और सीबीआई जांच की मांग कर दी।
उत्तराखंड कांग्रेस ने रविवार को उत्तराखंड की राजधानी में परेड ग्राउण्ड से मुख्यमंत्री आवास तक मार्च करने का फैसला किया। इस मार्च में भारी जनसमूह उमड़ा, पहाड़ के अन्य जिलों से भी भारी संख्या में लोग पहुंचे। अब कांग्रेस ने 11 जनवरी को देहरादून बंद का आह्वान किया है।



