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टीएमयू संग  रिश्तों को और प्रगाढ़ कर गए सुखविंदर सिंह

January 24, 2026

टीएमयू संग  रिश्तों को और प्रगाढ़ कर गए सुखविंदर सिंह

SINGAR SUKHVINDAR SINGH IN TMU MORADABAD

टीएमयू आगमन पर गायक सुखबिन्दर सिंह का स्वागत करते हुए कुलाधिपति सुरेश जैन

मुरादाबाद, 24 जनवरी 2026, जाने-माने पंजाबी सिंगर सुखविंदर सिंह तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी परिवार के संग अपने प्रगाढ़ रिश्तों को और मजबूत कर गए। उदीषा चौपाल साहित्योत्सव-2026 में शिरकत करने मुरादाबाद आए सुखविंदर तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी आना नहीं भूले। चल छैया-छैया….. और जय हो… सरीखे मशहूर गानों के पार्श्व गाय सुखविंदर का कुलाधिपति जैन और जीवीसी मनीष जैन ने अपने आवास- संवृद्धि में मंगल आगमन पर बुके देकर गर्मजोशी से स्वागत किया। इस मौके पर फर्स्ट लेडी श्रीमती वीना जैन, श्रीमती ऋचा जैन, एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर अक्षित जैन, सुश्री नंदिनी जैन आदि की उल्लेखनीय मौजूदगी रही।

उल्लेखनीय है, सुखविंदर का यूनिवर्सिटी के संग बरसों से दिली लगाव है। कोविड काल के दौरान 2020 में एक अविस्मरणीय वीडियो जारी करके टीएमयू से अपने अंतरंग रिश्तों को सार्वजनिक कर चुके हैं। टीएमयू हॉस्पिटल को तीर्थ की संज्ञा देते हैं। कह चुके हैं, टीएमयू हॉस्पिटल जैन परिवार के लिए धन कमाने की अपेक्षा जनसेवा का जरिया है। उल्लेखनीय है, हॉस्पिटल के सेवा, संकल्प और समर्पण के बूते यूपी सरकार कोविड काल में प्राइवेट हॉस्पिटल्स में उम्दा इलाज के लिए ए श्रेणी का दर्जा दे चुकी है।

भारत के विकास का इंजन बनने जा रहा है उत्तर प्रदेशः अमित शाह

केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने लखनऊ में ‘उत्तर प्रदेश दिवस’ समारोह को संबोधित किया

Amit Shah in UP Diwas

यूपी दिवस समारोह में गृहमंत्री अमित शाह को स्मृति चिन्ह देते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

लखनऊ, प्रविष्टि तिथि: 24 JAN 2026 by PIB Delhi, केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने ‘उत्तर प्रदेश दिवस’ समारोह को संबोधित किया। केन्द्रीय गृह मंत्री ने ‘एक जनपद – एक व्यंजन’ (One District One Cuisine) योजना की शुरुआत और सरदार पटेल औद्योगिक क्षेत्र योजना का भी शुभारंभ किया। श्री त शाह ने CM YUVAसीएम युवा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले जनपदों को पुरस्कार प्रदान किए और उत्तर प्रदेश गौरव सम्मान Uttar Pradesg Gaurav Samman 2025-26 वितरित किए। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

UP Gaurav Samman

उत्तर प्रदेश गौरव सम्मान प्रदान करते हुए गृहमंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

श्री  शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने 2047 तक विकसित भारत के निर्माण का संकल्प लिया है औऱ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने भी विकसित उत्तर प्रदेश बनाने का संकल्प लिया है। उन्होंने कहा कि जब 15 अगस्त, 2047 को देश की आज़ादी की शताब्दी होगी तब उत्तर प्रदेश पूर्ण विकसित राज्य बनकर विकसित भारत का एक अहम राज्य बनेगा। श्री शाह ने कहा कि उत्तर प्रदेश भारत की धड़कन और आत्मा है और अब यह प्रदेश भारत के विकास का इंजन भी बनने जा रहा है।

AMIT SHAH IN UP DIWAS LUCKNOW

उत्तर प्रदेश दिवस समारोह में विचार व्यक्त करते हुए केन्द्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह

उन्होंने कहा कि प्रभु श्रीराम, श्रीकृष्ण, बाबा विश्वनाथ, भगवान महावीर और भगवान बुद्ध ने इस भूमि को पावन किया है। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में लखनऊ का प्रेरणा स्थल राष्ट्र की जागृति स्थल बनने वाला है। उन्होंने कहा कि श्यामा प्रसाद मुखर्जी, दीनदयाल उपाध्याय और भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की स्मृति में बना यह प्रेरणा स्थल, दशकों तक देश को दिशा देगा। श्री शाह ने कहा कि पहले इस 65 एकड़ के क्षेत्र में कूड़े का पहाड़ था, लेकिन हमारी सरकार ने कूड़े को कंचन में बदलने की व्यवस्था की है। आज यह स्थान पूरे उत्तर प्रदेश को प्रेरणा देने वाला स्थल बन गया है।

CM YOGI ADITYANATH

उत्तर प्रदेश दिवस पर विचार व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

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January 23, 2026

नाराजगी: सीजेएम के तबादला का विरोध, मुख्य न्यायमूर्ति के नाम ज्ञापन भेजा

Bar Association, Advocate Moradabad

जिला जज को ज्ञापन देने जाते हुए मुरादाबाद के वकील

मुरादाबाद, 23 जनवरी 2026, (उप्र समाचार सेवा) संभल के सीजेएम विभांशु सुधीर के तबादले का मुद्दा गरमाया हुआ है। एएसपी अनुज चौधरी व पुलिस कर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज का आदेश देने वाले सीजेएम के अचानक तबादले से बार संगठन बेहद नाराज है। गुरुवार को जनरल हाउस की मीटिंग में देश के मुख्य न्यायाधीश और इलाहाबाद के न्यायमूर्ति को इस प्रकरण से अवगत कराने का निर्णय लिया गया।
संभल मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के आकस्मिक स्थानांतरण के विरोध में शुक्रवार को दि बार एसोसिएशन एंड लाइब्रेरी के प्रतिनिधि मंडल ने जिला
जज के माध्यम से ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन की एक प्रति मुख्य न्यायाधीश महोदय, सर्वोच्च न्यायालय, नई दिल्ली को स्पीड पोस्ट के माध्यम से भेजी गई।
ज्ञापन में कहा कि न्यायिक आदेश पारित करने के उपरांत मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट का स्थानांतरण अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है I इससे न्याय पालिका की स्वतंत्रता, निष्पक्षता एवं आम जनता के न्याय व्यवस्था पर विश्वास को गहरा आघात पहुँचा है I दि बार एसोसिएशन एंड लाइब्रेरी मुरादाबाद के समस्त अधिवक्तागण तथा आम जनता ने इसका घोर विरोध कियाI
प्रतिनिधि मंडल में गंभीर चिंता व्यक्त की गई कि जनपद संभल में तत्कालीन मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारा कानून के अंतर्गत पारित एक न्यायिक आदेश के उपरांत उनका स्थानांतरण कर दिया गया । यह घटनाक्रम न केवल न्यायिक स्वतंत्रता बल्कि न्यायपालिका की निष्पक्षता, गरिमा व संस्थागत आत्मसम्मान के लिए भी बेहद चिंताजनक है।
एसोसिएशन का मत है कि यदि किसी न्यायिक अधिकारी द्वारा अपने न्यायिक विवेक से पारित वैधानिक आदेशों के बाद इस प्रकार के प्रशासनिक निर्णय लिए जाते हैं तो इससे न्यायपालिका की निर्भीकता प्रभावित होती है। आम लोगों के मन में यह धारणा बनती है कि न्यायिक स्वतंत्रता पर दबाव डाला जा रहा है। यह लोकतंत्र के लिए शुभ संकेत नहीं है। न्यायपालिका लोकतंत्र का अंतिम और सबसे मजबूत स्तम्भ है, जिसकी स्वतंत्रता पर किसी भी प्रकार का आघात स्वीकार्य नहीं है।
ज्ञापन के माध्यम से यह भी प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया कि संभल के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के न्यायिक आदेश की अवहेलना वाले बयान देने वाले अधिकारी के विरुद्ध माननीय उच्च न्यायालय स्वत: अवमानना की कार्यवाही कारित करें I
मांग की कि मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के आदेश के अनुपालन में तुरंत रिपोर्ट दर्ज कराने का आदेश पारित करने की कृपा करें I
इस दौरान अध्यक्ष आनंद मोहन गुप्ता , शाकिर अली, राकेश जोहरी, आदेश श्रीवास्तव, प्रभात गोयल, जुनैद एजाज, कमाल अख्तर, महेश चन्द्र त्यागी, परमाल सिंह, विनोद कुमार विकल, आबिद हुसैन, महावीर प्रसाद मौर्य, त्रिलोक चन्द्र दिवाकर, मुस्तर अली, प्रेमवीर सिंह, रफ़ीक अहमद, गोपाल कृष्ण दिवेदी, विनय खन्ना, फिरोजुद्दीन, मो. आरिफ, अमज़द अली, शरद सिन्हा, रघुवीर सिंह, पुनीत चौहान, जोगेंद्र सिंह चौहान, कमर रईस, मुज़म्मिल खान, शराफत हुसैन, चन्द्र वीर सिंह, अनिल कुमार सिंह, छत्रपाल सिंह, वीर सिंह सैनी, नदीम हुसैन, निखिल रंजन अग्रवाल, मनीष प्रताप सिंह, पंकज शर्मा, अजय बंसल, सारिफ मालिक, अरशद परवेज़, नसरुद्दीन, आसिफ हुसैन, मोहम्मद जकी खान, फ़िरोज़ हसन आदि अधिवक्ता रहे I

नेताजी सुभाष चन्द्र बोस ने आजादी की लड़ाई को नई गति प्रदान की

मुख्यमंत्री ने नेताजी सुभाष चन्द्र बोस की जयन्ती ‘पराक्रम दिवस’ पर आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित किया
Neta Ji Subhash Chandra Bose

नेताजी की जयंती पराक्रम दिवस पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य मंत्री योगी आदित्यनाथ

लखनऊ : 23 जनवरी, 2026, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि भारत की आजादी के महानायक नेताजी सुभाष चन्द्र बोस की आज पावन जयन्ती है। नेताजी सुभाष चन्द्र बोस भारत की आजादी का एक ऐसा नाम है, जिसके माध्यम से प्रत्येक भारतीय को उनके विराट व्यक्तित्व और कृतित्व का बोध होता है। उनके व्यक्तित्व से राष्ट्र के प्रति निष्ठा का भाव, असीम साहस, वीरता और निःस्वार्थ सेवा की प्रेरणा प्राप्त होती है।
मुख्यमंत्री जी आज यहां नेताजी सुभाष चन्द्र बोस की जयन्ती ‘पराक्रम दिवस’ के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित कर रहे थे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री जी ने प्रदेश सरकार व प्रदेशवासियों की ओर से नेताजी सुभाष चन्द्र बोस की प्रतिमा के सम्मुख स्थित उनके चित्र पर पुष्प अर्पित उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि देश की स्वतंत्रता के अभियान में दिये गये योगदान के कारण प्रत्येक भारतवासी नेताजी के प्रति अत्यन्त श्रद्धा व सम्मान का भाव रखता है। हमें उनके व्यक्तित्व में ओज, तेज और किसी विपरीत परिस्थिति में भी देशद्रोही और देश विरोधी तत्वों के सामने न झुकने का दृढ़ संकल्प दिखाई देता है। नेताजी सुभाष चन्द्र बोस का जन्म सन् 1897 में कटक में एक प्रतिष्ठित अधिवक्ता परिवार में हुआ था। उन्होंने अपनी उच्च शिक्षा ब्रिटेन से प्राप्त की। नेताजी ने उस समय की सबसे प्रतिष्ठित सिविल सेवा परीक्षा में सर्वोच्च स्थान प्राप्त होने के बावजूद, ब्रिटिश हुकूमत के अधीन कार्य करने से मना कर दिया और भारत के स्वाधीनता आन्दोलन में कूद पड़े।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि जब पूरा देश गांधी जी के नेतृत्व में स्वाधीनता आन्दोलन को एक नई दिशा देने की ओर अग्रसर था। उन परिस्थितियों में नेताजी सुभाष चन्द्र बोस ने भारत के क्रान्तिकारियों के सिरमौर के रूप में आजादी की लड़ाई को नई गति प्रदान की थी। उन्होंने देश की आजादी के लिये भारत के अंदर तथा बाहर अभूतपूर्व योगदान दिया। देश की आजादी की लड़ाई के दौरान उनके द्वारा किया गया आह्वान कि ‘तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा’ भारत के नागरिकों के लिये मंत्र बन गया था। इस नारे ने युवाओं को देश की आजादी की लड़ाई में भाग लेने के लिये अत्यन्त प्रोत्साहित किया।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि नेताजी सुभाष चन्द्र बोस का उद्घोष ‘दिल्ली चलो’ प्रत्येक भारतीय को आज भी प्रेरित करता है। आज भी ‘कदम कदम बढ़ाए जा, खुशी के गीत गाए जा’ भारतीय सेना के रिक्रूट व कमीशन प्राप्त अधिकारी अपने दीक्षांत समारोह में बड़ी शान के साथ गाते हैं। यह भी नेताजी सुभाष चन्द्र बोस की देन है।
इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, लखनऊ की महापौर श्रीमती सुषमा खर्कवाल, विधायक नीरज बोरा व अमरेश कुमार, विधान परिषद सदस्य अवनीश कुमार सिंह, डॉ0 महेन्द्र कुमार सिंह, पवन कुमार सिंह तथा सलाहकार मुख्यमंत्री अवनीश कुमार अवस्थी सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

बैंकों में भी 5 कार्य दिवस की एक मात्र मांग

Bank Officer's Association, NBEA

पत्रकारों से वार्ता करते हुए बैंक एसोसिएशन के पदाधिकारी

लखनऊ 23 जनवरी 2026, यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस द्वारा 5 दिवसीय बैंकिंग लागू न करने के विरोध में आज स्टेट बैंक, प्रधान कार्यालय में प्रेस वार्ता करते हुए दिनेश कुमार सिंह, महामंत्री (एनसीबीई) ने बताया कि बैंक शाखाओं में कर्मचारियों व अधिकारियों पर बढ़ते तनाव एवं दबाव को देखते हुए यूनाइटेड फोरम ने पांच दिवसीय बैंकिंग लागू करने की मांग की थी।

सिंह ने कहा कि अन्य वित्तीय संस्थानों जैसे रिजर्व बैंक, जीवन बीमा, सेबी, नाबार्ड, जीआईसी तथा विभिन्न सरकारी विभागों में यह व्यवस्था पहले से ही लागू है, किंतु सरकार बैंककर्मियों की इस एक मात्र मांग की उपेक्षा कर रही है।

उन्होंने आगे बताया कि बैंकों में पहले से ही दूसरे और चौथे शनिवार को अवकाश हो रहा है तथा आईबीए और यूएफबीयू की सहमति के अनुसार शेष बचे 2/3 शनिवारों को भी अवकाश घोषित करने के बदले बैंककर्मी सोमवार से शुक्रवार प्रत्येक दिन 40 मिनट अतिरिक्त कार्य किया करेंगे।

विदित हो कि कल मुख्य श्रमायुक्त से हुई समझौता वार्ता में भी सरकार की हठधर्मिता के कारण कोई हल नहीं निकल पाया। अतः बाध्य होकर बैंककर्मी आगामी 27 जनवरी को राष्ट्रव्यापी हड़ताल करने जा रहे हैं। इस हड़ताल के कारण जन समुदाय को होने वाली असुविधा के लिए सरकार पूरी तरह से जिम्मेदार है।

फोरम के जिला संयोजक अनिल श्रीवास्तव ने बताया बैंक कर्मियों ने अनेक प्रदर्शन, धरना, ट्विटर अभियान, रैली आदि करके सरकार से इस मांग को पूरा करने का आग्रह किया, पर सरकार अभी भी अपनी जिद पर है।

प्रेस वार्ता को फोरम के वरिष्ठ पदाधिकारियों सर्वश्री लक्ष्मण सिंह, आर.एन शुक्ला, शकील अहमद, वी के माथुर, संदीप सिंह, विभाकर कुशवाहा, प्रभाकर अवस्थी, बी डी पाण्डेय आदि ने संबोधित किया।

अनिल तिवारी, मीडिया प्रभारी ने बताया कि 27 जनवरी को होने वाली देशव्यापी बैंक हड़ताल के दिन सार्वजनिक क्षेत्र के बैंककर्मियों द्वारा इंडियन बैंक, हजरतगंज में 11:30 बजे से सभा एवं विशाल प्रदर्शन किया जाएगा।

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