Santosh Kumar Singh Gorakhpur
23/02/2026
*सुबह 10 बजे कार्यालय पहुंचकर फरियादियों की समस्याएं सुनीं, त्वरित निस्तारण के दिए निर्देश; शासन कर रहा ऑनलाइन निगरानी*
गोरखपुर। शासन के निर्देशानुसार जिलाधिकारी दीपक मीणा ने सोमवार सुबह ठीक 10 बजे कलेक्ट्रेट स्थित अपने कार्यालय पहुंचकर जनसुनवाई की। निर्धारित समय पर शुरू हुई जनसुनवाई में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए फरियादियों ने अपनी समस्याएं जिलाधिकारी के समक्ष रखीं। डीएम ने एक-एक प्रार्थना पत्र को गंभीरता से सुना और संबंधित विभागों के अधिकारियों को मौके पर ही त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि आमजन की समस्याओं का समाधान प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त शिकायतों का निस्तारण समयबद्ध, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण ढंग से सुनिश्चित किया जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारी की जवाबदेही तय की जाएगी।
जनसुनवाई के दौरान राजस्व, पुलिस, विकास, समाज कल्याण, नगर निगम, बिजली, आपूर्ति और शिक्षा विभाग से संबंधित शिकायतें प्रमुख रूप से सामने आईं। डीएम ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे शिकायतकर्ता से सीधे संपर्क कर वस्तुस्थिति की जांच करें और निर्धारित समय सीमा के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
इस दौरान फर्टिलाइजर सैनिक स्कूल परिसर के अंदर दुकान लगाने वाले दुकानदारों का एक प्रतिनिधिमंडल भी जिलाधिकारी से मिला। दुकानदारों ने स्कूल परिसर में लगाए गए स्टॉल एवं दुकानों की व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने की मांग उठाई। उन्होंने बताया कि उचित स्थान निर्धारण, सुरक्षा व्यवस्था और आधारभूत सुविधाओं के अभाव में उन्हें कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
जिलाधिकारी ने उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक जांच कर समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यदि कहीं अव्यवस्था है तो उसे तत्काल दुरुस्त किया जाए, ताकि किसी प्रकार की असुविधा या सुरक्षा संबंधी समस्या उत्पन्न न हो।
डीएम ने अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया कि विद्यालय परिसर जैसे संवेदनशील स्थलों पर विशेष सतर्कता बरती जाए और नियमों के अनुरूप ही दुकान या स्टॉल संचालित हों। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप व्यवस्था, अनुशासन और पारदर्शिता सर्वोपरि है।
जिलाधिकारी ने बताया कि शासन स्तर से जनसुनवाई और शिकायत निस्तारण की ऑनलाइन निगरानी की जा रही है। पोर्टल के माध्यम से यह देखा जा रहा है कि फरियादियों की शिकायतों पर प्रशासन किस प्रकार कार्रवाई कर रहा है और उनका समाधान कितनी प्रभावशीलता से किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि पोर्टल पर दर्ज शिकायतों का समयबद्ध और संतोषजनक निस्तारण हो।
उन्होंने अधिकारियों को चेताया कि लंबित शिकायतों को गंभीरता से लें और अनावश्यक रूप से प्रकरणों को लंबित न रखें। शिकायतकर्ता को समाधान की जानकारी समय से उपलब्ध कराई जाए, ताकि उन्हें बार-बार कार्यालय का चक्कर न लगाना पड़े।
जनसुनवाई के दौरान जिलाधिकारी ने कई मामलों में संबंधित अधिकारियों को मौके पर ही फोन कर आवश्यक निर्देश दिए। कुछ मामलों में तत्काल कार्रवाई के आदेश भी जारी किए गए। डीएम ने कहा कि प्रशासन की कार्यप्रणाली जनहित आधारित होनी चाहिए और आमजन को त्वरित न्याय व राहत मिलनी चाहिए।
जनसुनवाई में अपर जिलाधिकारी, संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। प्रशासन द्वारा यह संदेश दिया गया कि आमजन की समस्याओं का समाधान सर्वोच्च प्राथमिकता है और शासन की मंशा के अनुरूप पारदर्शी व जवाबदेह व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।


