अयोध्या, 30 जनवरी 2026, श्रीराम जन्मभूमि मन्दिर में 400 वर्ष पुरानी रामायण रखी जाएगी। यह रामायण दिल्ली विश्वविद्यालय ने श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को भेंट की है। इसे लेकर ट्रस्ट के महामंत्री चंपतराय दिल्ली से अयोध्या लौट आये हैं।
श्रीरा मन्दिर निर्माण समिति की दो दिवसीय बैठक शुक्रवार को यहां शुरु हुई। बैठक में समिति क अध्यक्ष पूर्व आईएएस अधिकारी नृपेन्द्र मिश्र ने बताया कि केन्द्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय दिल्ली ने 400 वर्ष पुरानी रामायण भेंट की है। यह रामायण मूलतः बाल्मीकि रामायण पर टिप्पणी है जोकि संस्कृत में है। इस रामायण को पहले राष्ट्रपति भवन में रखवाया गया था। अब इसे राम जन्मभूमि ट्रस्ट को सौंपा गया है।
उन्होंने बताया कि दूसरे तल पर रामकथाओं का संग्रहालय बनाया जाना है। इसमें विभिन्न भाषाओं में बाल्मीकि रामायण को जो भी रूपांतरण है वह यहां रखा जाएगा। रामकथाओं के मन्दिर में श्रीराम यंत्र भी रखा जाएगा जिसे पहले ही कांची कामकोटि के शंकराचार्य ट्रस्ट को सौंप चुके हैं।

