#शाहजहांपुर।
#प्रेम, आशीर्वाद और अध्यात्म के संगम के बीच परिणय सूत्र बंधन का साक्षी बना राम चन्द्र मिशन आश्रम, जहाँ बसंत उत्सव में तीन विवाह पवित्र रीति से संपन्न हुए। श्री राम चन्द्र मिशन के अध्यक्ष एवं हार्टफुलनेस मेडिटेशन के वैश्विक मार्गदर्शक कमलेश डी. पटेल (दाजी) के सान्निध्य और आशीर्वाद के साथ इन विवाह संस्कारों ने आध्यात्मिक गरिमा का अनुपम रूप धारण किया।
#प्रथम विवाह में रायबरेली के संदीप और अर्चना ने एक-दूसरे को वरमाला अर्पित कर प्रेम और विश्वास के सूत्र में बंधने की प्रतिज्ञा ली। दूल्हे द्वारा मंगलसूत्र धारण कराए जाने और मांग सिंदूर से अलंकृत होने के क्षण साक्षी बने उस पवित्र संकल्प के, जिसमें दो आत्माएँ एक पथ पर अग्रसर होने को तत्पर हुई नवदम्पति ने पूज्य दाजी से आशीर्वाद प्राप्त कर अपने वैवाहिक जीवन की शुभ शुरुआत की।
#दूसरा विवाह में हल्द्वानी की ब्रजनीलता और रुद्रपुर के गणेश ने वैदिक परंपराओं के साथ सात्विक भाव से परिणय सूत्र में बंधकर दाजी का आशीर्वाद प्राप्त किया। तीसरा विवाह कानपुर के शिवम और नागपुर की रितु के साथ हुआ। तीनों नवदम्पतियों को पूज्य दाजी ने प्रसाद प्रदान कर मंगल कामनाएँ दीं और उनके दांपत्य जीवन को प्रेम, संयम तथा सेवा के पथ पर अग्रसर होने का संदेश दिया।
#इस प्रकार बसंत उत्सव का यह दिन केवल उत्सव का नहीं, बल्कि संस्कारों, संवेदनाओं और साधना से अनुप्राणित वैवाहिक जीवन की प्रेरक मिसाल बन गया—जहाँ विवाह मात्र सामाजिक बंधन नहीं, बल्कि आत्मिक उन्नयन का शुभ आरंभ प्रतीत हुआ।

