Learning disability is curabule by Homeopathy medicine<:title>
 
U.P. Web News
|
|
|
|
|
|
|
|
|
     
   News  
 

   

  लर्निंग डिस्एबिलिटी का उपचार है होम्योपैथी में- डा. वर्मा
Homeopathic Medicine is usefull for Brain & Memory Functions, Are you a student and preparing for any exam? 
Tags:  UP News , Lucknow live news, Homeopathy, Dr Anurudha Verma
Publised on : 19 April 2014  Time 20:24
 

Lucknow / लखनऊ । यदि आपका बच्चा पढ़ने-लिखने, गणित लगाने, बोलने, सुनने, पढ़ाई में मन लगाने, याद करने, होमवर्क करने में कमजोर है तो परेशान होने की जरुरत नही है क्योंकि होम्योपैथी में ऐसी अनेक दवाईयां हैं जो आप के बच्चे की पढ़ाई को दुरुस्त कर सकती हैं। यह जानकारी केन्द्रीय होम्योपैथिक परिषद के सदस्य एवं वरिष्ठ होम्योपैथिक चिकित्सक डा0 अनुरुद्ध वर्मा ने दी।

उन्होने कहा कि बच्चों की सीखने अक्षमता को लर्निंग डिस्एबिलिटी कहते हंै। इस समस्या से लगभग 2-10 प्रतिशत बच्चे ग्रसित रहते हैं। बच्चों मे सीखने कीइस प्रकार की अक्षमता उसके शैक्षणिक क्रियाशीलता पर अनेक प्रकार के कुप्रभाव डालती है। उन्होने बताया कि शैक्षणिक अक्षमताओं के कारण बहुत स्पष्ट नही है परन्तु संभावित कारणों में तंत्रिका तंत्र के क्षीण होने, अनुवांशिक, गर्भावस्था एवं प्रसव के दौरान अल्पविकसित मस्तिष्क होने, बीमारी, चोट, अंग्रेजी दवाइयों का उपयोग, शराब का सेवन, कम वजन के बच्चे का जन्म, कम आक्सीजन, समय से पूर्व बच्चों के जन्म होने तथा दुर्घटना के कारण सिर में चोट, कुपोषण, पर्यावरण प्रदूषण एवं विषैले पदार्थो का कुप्रभाव भी प्रमुख है। उन्होने बताया कि बच्चों में अनेक प्रकार की शैक्षिक अक्षमतायें उत्पन्न हो सकती है। पढ़ाई में अक्षमता, लिखने में अक्षमता, गणित लगाने में अक्षमता, डिस्लेक्सिया, बोलने एवं सुनने की विसंगतियां, याददास्त की कमी आदि प्रमुख अक्षमताएं है। उन्होने बताया कि बच्चों की पढ़ने की क्षमता उनकी उम्र, शिक्षा एवं बुद्धिमत्ता से कम होती है। लगभग 15प्रतिशत बच्चों का इस सम्बन्ध में स्कूल में हमेशा हिदायतें दी जाती हैं। इनमें बच्चों को शब्दों का चयन एवं पर्यायवाची ढूढ़ने एवं अक्षरों तथा चित्रों के नाम जानने में विलम्ब या हिचक होती है। बच्चों की शब्दों को समझने में कमजोरी, धीमी एवं सही पढ़ाई न होना, देखकर लिखने में स्पेलिंग गलत होना, बच्चा पढ़ने एवं लिखने से भागता है। उन्होने बताया कि बच्चा गणित लगाने, अंक जोडने, घटाने, गुणा करने, अंको को समझने, गणितिय सोच को समझने एवं सीखने, गििण्तय सूत्र को समझने एवं लिखी हुयी चीजों को परिर्वतित करने में परेशानी महसूस करता है।
उन्होने बताया कि शैक्षिक अक्षमता के कारण बच्चों पर मनोवैज्ञानिक प्रभाव पड़ता है जिससे उनमें निराशा, गुस्सा, स्कूल मे लगातार असफलता से हताशा, खराब हस्तलिपि एवं पढ़ने में कमजोरी के कारण शर्मिंदगी का एहसास, तनाव एवं अवसाद आदि उत्पन्न हो सकते है। उन्होने सलाह दी कि इस प्रकार के बच्चों का निन्दा एवं तिरस्कार नही करना चाहिए।
डा0 वर्मा ने बताया कि बच्चें के होम्योपैथिक उपचार के पूर्व बच्चों की चिकित्सीय, विकास, समाजिक स्थिति, स्कूल में प्रदर्शन का इतिहास जानना आवश्यक है। उन्होने कहा कि दृष्टि एवं सुनने की कठिनाई की जड़ को जानना एवं शारिरिक एवं तांत्रिक तंत्र का परीक्षण आवश्यक है। डा0 वर्मा ने बताया कि बच्चें के मानसिक, शारिरिक एवं भावात्मक स्तर को समझने के पश्चात सुविचारित होम्योपैथिक औषधी चयन के पश्चात होम्योपैथिक प्रबन्धन सम्भव है। इसका धैर्यपूर्वक उपचार करना आवश्यक है। निश्चित रुप से चुनी हुई होम्योपैथिक औषधि आप के बच्चे की सीखने अक्षमता को दुरुस्त करने में सहयोगी हो सकती है। सीखने की अक्षमता में प्रयोग होने वाली औषधियों में मेडोराइनम, लाइकोपोडियम, नैट्रम म्योर, कैलकेरिया फाॅस, नक्स वोमिका, कैलकेरिया आयोउ, थूजा, साइलिसिया, लैक कैनाइनम, एनकार्डियम आदि प्रमुख है।

आंवला में वोट न डालने से क्षुब्ध युवक ने आत्मदाह किया संवाद के अभाव में होते हैं हिन्दू मुस्लिम के बीच दंगे
रामनवमी जुलूस को लेकर कानपुर में बवाल, दुकानें फूंकी, Kalve Javvad की गिरफ्तारी पर कानपुर के मौलाना नाराज
भाजपा को झटका, अशोक प्रधान सपा में शामिल रंगरेलियों में खलल डालने पर महिला ने पति को पीटा
चुनाव बाद सपा सरकार  भरभराकर गिर जाएगीः वाजपेयी तीसरे मोर्चे को मिलेगा बहुमत: मुलायम

News source: UP Samachar Sewa

News & Article:  Comments on this upsamacharsewa@gmail.com  

 
 
 
                               
 
»
Home  
»
About Us  
»
Matermony  
»
Tour & Travels  
»
Contact Us  
 
»
News & Current Affairs  
»
Career  
»
Arts Gallery  
»
Books  
»
Feedback  
 
»
Sports  
»
Find Job  
»
Astrology  
»
Shopping  
»
News Letter  
up-webnews | Best viewed in 1024*768 pixel resolution with IE 6.0 or above. | Disclaimer | Powered by : omni-NET